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व्यापारी हत्याकांडः हत्या के सबूत जुटाने दादरी पहुंची पुलिस और परिजन

Sat, 12 Sep 2020 02:38 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Sat, 12 Sep 2020 02:38 AM IST
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Merchant murder: Police and family reached Dadri to collect evidence of murder
रुपेश अग्रवाल (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

अपहरण के बाद गोली मारकर की थी हत्या, परिवार वालों को कारोबारी रंजिश में हत्या की आशंका
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बेटा बोला- कोई खुद नहीं कराता अपनी हत्या, आरोपियों के पीछे है किसी अन्य व्यक्ति का दिमाग

बरेली। मेंथा व्यापारी के अपहरण में दो आरोपियों को जेल भेजने के बाद शुक्रवार कोतवाली पुलिस ने परिजन के साथ नोएडा के थाना दादरी पहुंचकर हत्या के सबूत जुटाए। व्यापारी रूपेश अग्रवाल के बेटे ने आरोपियों के कबूलनामे को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने हत्या के पीछे कारोबारी रंजिश की आशंका जताते हुए घटना के पीछे किसी अन्य व्यक्ति का दिमाग बताया है। वहीं तीसरा आरोपी अब तक पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा है।
अशरफ खां छावनी चौकी के सामने आशा विहार कालोनी में निवासी मेंथा कारोबारी 30 अगस्त की सुबह घर से निकलने के बाद लापता हो गए थे। तीन सितंबर को उनकी पत्नी स्वाती अग्रवाल ने कोतवाली में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। विवेचना के दौरान सामने आया कि आलोकनगर निवासी अवशेष गंगवार, डिफेंस कालोनी निवासी अखिल विश्वकर्मा और इंद्रनगर के राजू सिंह ने उनका अपहरण करने के बाद नोएडा के दादरी थाना क्षेत्र में गोली मारकर हत्या कर दी। वहीं, एक सितंबर को दादरी पुलिस को रूपेश का शव शाहपुर गांव के पास पड़ा मिला और शिनाख्त न होने पर अंतिम संस्कार करा दिया। मामला खुलने पर कोतवाली पुलिस ने अखिल और राजू को गिरफ्तार कर अपहरण के मामले में जेल भेज दिया। अवशेष की अब तक गिरफ्तारी नहीं हुई है। कोतवाली इंस्पेक्टर गीतेश कपिल ने बताया कि हत्या के सबूत जुटाने के लिए शुक्रवार को सब इंस्पेक्टर वेदपाल सिंह उनके परिजन के साथ थाना दादरी गए हैं। सबूत आने के बाद मुकदमे में हत्या की धारा बढ़ा दी जाएगी।
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खुलासे से असहमत परिवार

पुलिस के मुताबिक आरोपियों का कहना था कि रूपेश खुद मरना चाहते थे इसलिए मार दिया। मगर रूपेश अग्रवाल के परिवार वाले इससे सहमत नहीं हैं। उनके बेटे स्पर्श अग्रवाल का कहना है कि इस घटना के पीछे कारोबारी रंजिश है और किसी अन्य व्यक्ति के दिमाग से योजना बनाकर उनके पिता का अपहरण करके हत्या की गई है।
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प्रदेश अध्यक्ष कंछल के साथ पहुंचे व्यापारी नेता शहर के एक बड़े मेंथा व्यापारी पर जताया शक

रूपेश अग्रवाल उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल में महानगर उपाध्यक्ष थे। घटना की सूचना पर शुक्रवार को संगठन के प्रदेश अध्यक्ष बनवारी लाल कंछल ने स्थानीय पदाधिकारियों के साथ रूपेश के घर जाकर परिवार वालों को सांत्वना देकर घटना की जानकारी ली। इस दौरान संगठन के महानगर अध्यक्ष शोभित सक्सेना ने पुलिस की कहानी पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि शहर के बड़े मेंथा कारोबारी से रूपेश का करोड़ों का लेनदेन था। इस व्यापारी ने रूपेश के नाम पर फर्म खुलवाकर दूसरे प्रदेशों से कारोबार किया। दो साल में जब सेल्स टैक्स की जांच होती थी तो कारोबार बंद कर देते थे। इस वजह से एक करोड़ से ज्यादा की रिकवरी रूपेश के नाम पर चल रही थी, जिस पर उनका विवाद भी हुआ था। मगर पुलिस ने ड्राइवर और दो अन्य पर हत्या का खुलासा कर दिया। इस विवाद की दिशा में कोई काम नहीं किया गया। व्यापार मंडल इसको लेकर एसएसपी से मिलकर कार्रवाई की मांग करेेगा। इस दौरान नीरज चौरसिया, बंटू सिंह, राजकुमार राजपूत आदि मौजूद रहे।
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