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पबजी खेलते भिड़े विश्वविद्यालय के छात्र, रैगिंग की सूचना पर दौड़े वार्डन
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बरेली। पबजी खेलने के दौरान रुहेलखंड विश्वविद्यालय के मेंस और न्यू ब्वाएज हॉस्टल के छात्र आपस में भिड़ गए। इसको लेकर रैगिंग की अफवाह उड़ी तो वार्डन समेत अन्य लोग मौके पर पहुंचे। मगर तब तक छात्र आपस में ही मामला सुलझा चुके थे और वार्डन को बताया कि वे लोग मैच खेल रहे थे।
शनिवार को मेंस हॉस्टल के पास ही स्थित हैलीपैड पर मेंस हॉस्टल के सीनियर और न्यू ब्वाएज हॉस्टल के जूनियर छात्रों का क्रिकेट मैच चल रहा था। यहां मैच देखने के साथ ही कुछ सीनियर और जूनियर पबजी खेलने लगे। पबजी खेलने के दौरान ही सीनियर और जूनियर छात्रों में किसी बात को लेकर विवाद हो गया। हंगामा के बीच ही मारपीट की नौबत आ गई। इसको लेकर रैगिंग की अफवाह उड़ी तो मेंस हॉस्टल के वार्डन डॉ. विजय बहादुर यादव समेत अन्य लोग मौके पर पहुंच गए। मगर उससे पहले ही छात्र आपस में बातचीत कर मामला सुलझा चुके थे। बताया जाता है कि सीनियर छात्रों के दबाव में जूनियर्स ने विवाद होने से ही साफ इनकार कर दिया और साथ में मैच खेलने की बात कही। इस पर वार्डन ने उन्हें अनुशासन में रहने की हिदायत दी।
रैगिंग नहीं हुई है और न ही किसी ने ऐसी शिकायत की है। वैसे ही जूनियर छात्रों की रैगिंग का समय अब निकल चुका है और सब साथ में मिलकर मैच खेल रहे थे। - डॉ. विजय बहादुर यादव, वार्डन
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शनिवार को मेंस हॉस्टल के पास ही स्थित हैलीपैड पर मेंस हॉस्टल के सीनियर और न्यू ब्वाएज हॉस्टल के जूनियर छात्रों का क्रिकेट मैच चल रहा था। यहां मैच देखने के साथ ही कुछ सीनियर और जूनियर पबजी खेलने लगे। पबजी खेलने के दौरान ही सीनियर और जूनियर छात्रों में किसी बात को लेकर विवाद हो गया। हंगामा के बीच ही मारपीट की नौबत आ गई। इसको लेकर रैगिंग की अफवाह उड़ी तो मेंस हॉस्टल के वार्डन डॉ. विजय बहादुर यादव समेत अन्य लोग मौके पर पहुंच गए। मगर उससे पहले ही छात्र आपस में बातचीत कर मामला सुलझा चुके थे। बताया जाता है कि सीनियर छात्रों के दबाव में जूनियर्स ने विवाद होने से ही साफ इनकार कर दिया और साथ में मैच खेलने की बात कही। इस पर वार्डन ने उन्हें अनुशासन में रहने की हिदायत दी।
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रैगिंग नहीं हुई है और न ही किसी ने ऐसी शिकायत की है। वैसे ही जूनियर छात्रों की रैगिंग का समय अब निकल चुका है और सब साथ में मिलकर मैच खेल रहे थे। - डॉ. विजय बहादुर यादव, वार्डन
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