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Bareilly News: बीडीए ने फिर सील किया शोरूम, पुलिस करेगी निगरानी; व्यापारी बोले- कार्रवाई गलत

Wed, 04 Dec 2024 01:25 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
अमर उजाला ब्यूरो, बरेली Published by: मुकेश कुमार Updated Wed, 04 Dec 2024 01:25 PM IST
सार

बरेली के प्रभातनगर में जिस शोरूम की सील तोड़ी गई थी, उसे बीडीए ने फिर सील कर दिया है। इस कार्रवाई का व्यापारियों ने विरोध किया। उन्होंने सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा है।  

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BDA sealed the showroom again in Bareilly
बीडीए ने सील किया शोरूम - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बरेली में बीडीए की टीम ने मंगलवार सुबह एक बार फिर प्रभातनगर स्थित शोरूम को सील कर नोटिस चस्पा किया है। इस बार टीम ने अपना ताला लगाकर सील लगाई है। साथ ही, इसकी निगरानी की जिम्मेदारी प्रेमनगर थाना पुलिस को सौंपी है। विरोध में व्यापारियों ने सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा है।

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पिछली बार बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) की टीम ने रोहित शौरी के शोरूम पर सिर्फ प्लास्टिक की सील लगाई थी, जिसे शोरूम स्वामी ने तोड़ दिया था। इस बार भी सील तोड़कर शोरूम खोले जाने का अंदेशा होने की वजह से अफसर देर शाम तक पल-पल की खबर लेते रहे। 
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डीएम से मिले व्यापारी 
इसको देखते हुए व्यापारियों ने अपना इरादा बदल दिया। संयुक्त व्यापार मंडल के बैनर तले कलक्ट्रेट पहुंचकर डीएम से मुलाकात की। सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। नगर निगम पहुंचकर महापौर से भी शिकायत की। बीडीए की कार्रवाई को गलत ठहराया। अफसरों पर आरोप लगाए। 
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ज्ञापन देने वालों में संयुक्त व्यापार मंडल में शामिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल महानगर अध्यक्ष अनिल अग्रवाल, राष्ट्रीय जागरण उद्योग व्यापार मंडल विशाल मल्होत्रा, प्रांतीय औद्योगिक व्यापार मंडल सुदेश अग्रवाल, व्यापारी सुरक्षा फोरम के जितेंद्र रस्तोगी, उत्तर प्रदेश उद्योग प्रांतीय मंडल शोभित सक्सेना ,अमरजीत सिंह बक्शी आदि शामिल रहे। व्यापारियों के मुताबिक बातचीत में डीएम ने उन्हें भरोसा दिया है कि वह ज्ञापन को शासन को भेज देंगे।

मंडलायुक्त से मिला प्रतिनिधिमंडल 
आर्किटेक्ट सुशील शौरी के साथ व्यापारिक संगठनों के पदाधिकारी विशाल सक्सेना, शोभित सक्सेना, अनिल अग्रवाल, रोहित जिंदल ने मंगलवार को मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल से मुलाकात की। अपना पक्ष रखा। विशाल सक्सेना के मुताबिक मंडलायुक्त ने जल्द न्याय दिलाने का भरोसा दिया है।

प्रकरण में कब क्या हुआ
  • 29 जुलाई को मानचित्र स्वीकृत कराए बिना निर्माण कराने पर शोरूम को सील किया।
  • 25 नवंबर को सुनवाई के बाद निर्माण को अवैध ठहराते हुए ध्वस्तीकरण का आदेश जारी किया।
  • 27 नवंबर को सील तोड़कर दोबारा शोरूम संचालित करने की पुष्टि हुई। 
  • 27 नवंबर को बीडीए के जेई रमन कुमार ने प्रॉपर्टी की मालकिन कृष्णा सक्सेना और शोरूम संचालक रोहित शौरी के खिलाफ प्रेमनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
  • 30 नवंबर को कुछ व्यापारियों और बीडीए की टीम के बीच खींचतान हुई। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है।

शोरूम मालिक पहुंचे कोर्ट
सीलिंग पर संग्राम के बीच शोरूम मालिक रोहित शौरी ने कोर्ट की शरण ली है। उन्होंने अधिवक्ता के जरिये विशेष न्यायालय (भ्रष्टाचार निवारण) सीआरपीसी के तहत अर्जी देकर कार्रवाई की मांग की है। कोर्ट ने इस संबंध में प्रेमनगर थाने से रिपोर्ट तलब की है। रिपोर्ट आने के बाद अगली सुनवाई के दौरान कोर्ट यह निर्णय लेगा कि वाद दर्ज किया जाने योग्य है या नहीं।

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कोर्ट में दी गई अर्जी में शोरूम मालिक रोहित शौरी ने बीडीए अधिकारियों-कर्मचारियों समेत 20 से 25 अज्ञात लोगों पर भ्रष्टाचार व वसूली करने का आरोप लगाया है। कोर्ट में उनकी तरफ से दाखिल की गई अर्जी में बीडीए उपाध्यक्ष और सचिव के भी  नाम शामिल हैं। इसमें पांच से लाख रुपये वसूली की कोशिश करने, मना करने पर व्यवसाय नहीं करने देने की धमकी देने का आरोप लगाया है। 

अर्जी में बताया गया है शोरूम का व्यावसायिक मानचित्र स्वीकृत है। कब-कब बीडीए का कौन अधिकारी या कर्मचारी माैके पर पहुंचा और उसने कितने रुपयों की मांग की? इसका सिलसिलेवार ब्योरा दिया गया है। 

जिनके भवन के ध्वस्तीकरण का आदेश जारी किया जा चुका है, वही लोग आरोप लगा रहे हैं। मैं पहले ही कह चुका हूं कि कोई भी एजेंसी जांच कर ले। अगर किसी कर्मचारी-अधिकारी ने गलत किया है तो उस पर कार्रवाई होनी चाहिए। सिर्फ आरोप लगाकर दबाव बनाने का प्रयास न करें। हम नियमानुसार कार्रवाई कर रहे हैं। अगर किसी व्यक्ति को बीडीए के किसी फैसले पर आपत्ति है तो वह कमिश्नर और हाईकोर्ट तक अपील कर सकता है। - मनिकंडन ए, उपाध्यक्ष बीडीए 

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