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Barabanki News: स्मैक के साथ छह तस्कर गिरफ्तार
Thu, 12 Dec 2024 06:47 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Thu, 12 Dec 2024 06:47 PM IST
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रामसनेहीघट पुलिस द्वारा मादक पदार्थ की तस्करी में गिरफ्तार किए गए आरोपी। संवाद
बाराबंकी। व्हाटसएप पर मिली सूचना पर मंगलवार शाम क्राइम ब्रांच व रामसनेहीघाट पुलिस की संयुक्त टीम ने कोटवासड़क कस्बे में देर रात तक कार्रवाई की। छह तस्करों को दबोचते हुए 60 ग्राम स्मैक व 23.72 लाख की नकदी बरामद की। पूछताछ में कई जगहों पर मार्फीन व स्मैक की बिक्री होने का पता चला है। इस पूरे खेल में पुलिस की मिलीभगत उजागर हुई है। एसपी ने सीओ से रिपोर्ट तलब की है।
बुधवार शाम पुलिस लाइन सभागार में आयोजित प्रेस-कान्फ्रेंस में एसपी दिनेश कुमार सिंह ने पूरे मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि व्हाटसएप पर आई सूचना पर मंगलवार शाम क्राइम ब्रांच की स्वाट, सर्विलांस व थाना रामसनेहीघाट की संयुक्त पुलिस टीम ने शुभम पाठक के मकान पर छापा मारा।
वहां 600 ग्राम स्मैक, पांच मोबाइल फोन व एक बोरे में भरकर रखे गए 23.72 लाख रुपये नकद मिले। पुलिस ने शुभम के साथ कोटवासड़क के ही आशीष, धर्मराज व दुर्गेश रावत के अलावा बस्ती जिले के हरैया कस्बा निवासी विनोद व जीतबहादुर को दबोच लिया।
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शुभम पाठक अपने पिता सत्यप्रकाश पाठक के साथ तस्करी में लिप्त था। सत्यप्रकाश की सजा काटने के दौरान जेल में मौत हो चुकी है। शुभम अयोध्या, अंबेडकरनगर व वर्ष 2022 में थाना रामसनेहीघाट से तस्करी में जेल जा चुका है। वह अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर आस-पास के जनपदों में तस्करी का काम करता था। घर से नशेड़ियों को फुटकर बिक्री भी करता था। वह तस्करों से स्मैक उधार खरीदता था एवं उसको बेचने के बाद प्राप्त रुपये उन्हें देता था।
नशे के कारोबार से बनाई संपत्तियां होंगी जब्त
शुभम के पिता की मौत के बाद से उसकी मां व पत्नी इस घर में नहीं आती हैं। वह अवैध तरीके से अर्जित धन से ट्रांसपोर्ट का व्यवसाय करता है। जांच में लखनऊ के तकरोही में भी एक मकान बनाकर किराये पर देने के अलावा हाईवे पर स्थित दुकानों व अन्य संपत्तियों को पता लगा है जिसे पुलिस जब्त की करने की तैयारी में है।
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बुधवार शाम पुलिस लाइन सभागार में आयोजित प्रेस-कान्फ्रेंस में एसपी दिनेश कुमार सिंह ने पूरे मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि व्हाटसएप पर आई सूचना पर मंगलवार शाम क्राइम ब्रांच की स्वाट, सर्विलांस व थाना रामसनेहीघाट की संयुक्त पुलिस टीम ने शुभम पाठक के मकान पर छापा मारा।
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वहां 600 ग्राम स्मैक, पांच मोबाइल फोन व एक बोरे में भरकर रखे गए 23.72 लाख रुपये नकद मिले। पुलिस ने शुभम के साथ कोटवासड़क के ही आशीष, धर्मराज व दुर्गेश रावत के अलावा बस्ती जिले के हरैया कस्बा निवासी विनोद व जीतबहादुर को दबोच लिया।
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शुभम पाठक अपने पिता सत्यप्रकाश पाठक के साथ तस्करी में लिप्त था। सत्यप्रकाश की सजा काटने के दौरान जेल में मौत हो चुकी है। शुभम अयोध्या, अंबेडकरनगर व वर्ष 2022 में थाना रामसनेहीघाट से तस्करी में जेल जा चुका है। वह अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर आस-पास के जनपदों में तस्करी का काम करता था। घर से नशेड़ियों को फुटकर बिक्री भी करता था। वह तस्करों से स्मैक उधार खरीदता था एवं उसको बेचने के बाद प्राप्त रुपये उन्हें देता था।
नशे के कारोबार से बनाई संपत्तियां होंगी जब्त
शुभम के पिता की मौत के बाद से उसकी मां व पत्नी इस घर में नहीं आती हैं। वह अवैध तरीके से अर्जित धन से ट्रांसपोर्ट का व्यवसाय करता है। जांच में लखनऊ के तकरोही में भी एक मकान बनाकर किराये पर देने के अलावा हाईवे पर स्थित दुकानों व अन्य संपत्तियों को पता लगा है जिसे पुलिस जब्त की करने की तैयारी में है।