{"_id":"61fc2a6dd55d1b282435f15e","slug":"rain-barabanki-news-lko616281019","type":"story","status":"publish","title_hn":"बर्फीली हवा से कांपे लोग, बारिश ने बढ़ाई मुश्किलें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बर्फीली हवा से कांपे लोग, बारिश ने बढ़ाई मुश्किलें
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बाराबंकी। घने कोहरे ने जहां सड़क व रेल यातायात की रफ्तार थाम दी, वहीं बुधवार देर रात से शीतलहर का प्रकोप अचानक से बढ़ गया। बृहस्पतिवार को पूरा दिन तेजी से चल रही सर्द हवाओं के कारण घर से बाहर निकले लोग कांप उठे। ठंड के इस सीजन में ऐसा दूसरी बार है जब हवाएं इतनी तेज चली।
जिले में अधिकतम तापमान 20.5 डिग्री तो न्यूनतम तापमान 11.5 डिग्री रिकार्ड किया गया। दोपहर में धूप निकली मगर बहुत कमजोर रही। आसमान में बादलों की आवाजाही दिन भर चलती रही। शाम को करीब 7 बजे के आसपास हुई बारिश के चलते लोग अपने गंतव्य तक समय से नहीं पहुंच सके। शहर के कई लॉन, खुले गेस्ट हाउस में शादी विवाह कार्यक्रम आयोजन भी बारिश के चलते प्रभावित हुए।
इससे पहले बृहस्पतिवार की सुबह घना कोहरा छाया रहा। आसमान में धुंध छाई थी। तेज बर्फीली हवाएं चल रही थी। देर से निकली धूप भी कमजोर रही। घर के अंदर रहने वालों को तो राहत थी, मगर बाहर निकलने वालों को सर्द हवा के थपेड़े झेलने पड़े। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार देर शाम गरज चमक के साथ बारिश होने लगी, जिससे लोग घरों में दुबक गए।
विज्ञापन
जिले के हैदरगढ़ क्षेत्र में बारिश के साथ छिटपुट ओले भी गिरे। जिसके चलते किसानों की फसल को नुकसान होने की संभावना जताई जा रही है। शुक्रवार को भी बरसात होने की संभावना मौसम विभाग जता रहे हैं। मौसम में हो रहे बदलाव के कारण इसका बुरा असर फसलों पर देखने को मिल सकता है।
गत दिनों में हुई बरसात से सरसों की फसल खेतों में गिर गई थी। गेंहू की फसल को इस समय ठंड की जरूरत है। उपकृषि निदेशक डा. अनिल कुमार सागर ने बताया कि कड़ाके की ठंड में ही गेंहू की फसल अच्छी तरह से फलती फूलती है। न्यूनतम तापमान 11 डिग्री तक जा रहा है, जबकि गेंहू की फसल केे कड़ाके की ठंड वाला मौसम ही चाहिए।
विज्ञापन
जिले में अधिकतम तापमान 20.5 डिग्री तो न्यूनतम तापमान 11.5 डिग्री रिकार्ड किया गया। दोपहर में धूप निकली मगर बहुत कमजोर रही। आसमान में बादलों की आवाजाही दिन भर चलती रही। शाम को करीब 7 बजे के आसपास हुई बारिश के चलते लोग अपने गंतव्य तक समय से नहीं पहुंच सके। शहर के कई लॉन, खुले गेस्ट हाउस में शादी विवाह कार्यक्रम आयोजन भी बारिश के चलते प्रभावित हुए।
विज्ञापन
इससे पहले बृहस्पतिवार की सुबह घना कोहरा छाया रहा। आसमान में धुंध छाई थी। तेज बर्फीली हवाएं चल रही थी। देर से निकली धूप भी कमजोर रही। घर के अंदर रहने वालों को तो राहत थी, मगर बाहर निकलने वालों को सर्द हवा के थपेड़े झेलने पड़े। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार देर शाम गरज चमक के साथ बारिश होने लगी, जिससे लोग घरों में दुबक गए।
विज्ञापन
जिले के हैदरगढ़ क्षेत्र में बारिश के साथ छिटपुट ओले भी गिरे। जिसके चलते किसानों की फसल को नुकसान होने की संभावना जताई जा रही है। शुक्रवार को भी बरसात होने की संभावना मौसम विभाग जता रहे हैं। मौसम में हो रहे बदलाव के कारण इसका बुरा असर फसलों पर देखने को मिल सकता है।
गत दिनों में हुई बरसात से सरसों की फसल खेतों में गिर गई थी। गेंहू की फसल को इस समय ठंड की जरूरत है। उपकृषि निदेशक डा. अनिल कुमार सागर ने बताया कि कड़ाके की ठंड में ही गेंहू की फसल अच्छी तरह से फलती फूलती है। न्यूनतम तापमान 11 डिग्री तक जा रहा है, जबकि गेंहू की फसल केे कड़ाके की ठंड वाला मौसम ही चाहिए।