फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Barabanki News ›   manrega

मनरेगा के पक्के कार्य में मिली धांधली, जिले भर में रोका गया भुगतान

Thu, 18 Nov 2021 12:51 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Thu, 18 Nov 2021 12:51 AM IST
विज्ञापन
manrega
बाराबंकी। जिले के पांच ब्लॉकों में मनरेगा योजना के तहत गांवों में कराए जाने वाले पक्के कार्यों मेें धांधली मिली है। ऐसे में डीसी मनरेगा ने पूरे जिले में इसके भुगतान पर रोक लगा दी है। मामले की जांच के बाद व अनुपात के हिसाब से ही काम पूरा होने पर भुगतान करने की बात कही गई है।
विज्ञापन

केंद्र सरकार द्वारा चलाई जाने वाली मनरेगा योजना में जिले में बड़े स्तर पर घपला होने का मामला सामने आ रहा है। बताया जा रहा है कि कई ब्लॉकों मेें ऐसी फर्मों से सामान की खरीद करवा ली गई जिनका जीएसटी में रजिस्ट्रेशन ही नहीं है। ऐसे करीब 900 वेंडर भी पकड़ में आए हैं जिनके खिलाफ कार्रवाई होना तय माना जा रहा है।
विज्ञापन

यह ऐसे वेंडर हैं, जिनका जीएसटी पंजीकरण तक नहीं हैं, कागज अधूरे हैं। इनको भुगताने कराने के लिए 40 फीसदी सामग्री पर पैसा खर्च करना था, लेकिन 86 फीसदी तक सामग्री पर पैसा खर्च कर दिया गया। जिले के निंदूरा, देवा, बनीकोडर, सिरौलीगौसपुर और मसौली में बड़े पैमाने पर मनरेगा में गड़बड़ी की गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसको लेकर बीते एक नवंबर को डीसी मनरेगा बीके त्रिपाठी ने मनरेगा से कराए जाने वाले पक्के कार्यों का जिलेभर का भुगतान रोक दिया था। इसके बाद अब यह मामला तूल पकड़ने लगा है।
करोड़ों का हुआ बंदरबांट
जिले में 15 ब्लॉक और 1161 ग्राम पंचायतें हैं। नियम यह है कि मनरेगा के तहत मिलने वाले धन को 60 फीसदी लेबर और 40 प्रतिशत सामग्री पर खर्च होना चाहिए था। लेकिन विभागीय कर्मचारियों की मनमानी से निंदूरा, बनीकोडर, देवा, सिरौलीगौसपुर, मसौली में लेबर पर आठ फीसदी और सामग्री पर 86 फीसदी तक करा दिया गया है।
इसके बाद पूरे जिले में भुगतान रोकने का आदेश जारी किया गया है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि ब्लॉक से लेकर गांव व जिला स्तर तक किस तरह से करोड़ों रुपये का बंदरबांट किया गया है। अब यदि सही तरीके से जांच हुई तो इनमें कई लोगों की गर्दन फंसना तय है।

मनरेगा योजना के तहत जिले के कुछ ब्लॉकों में पक्के निर्माण के काम में कमी मिली थी। इसके चलते पूरे जिले में मनरेगा योजना के तहत पक्के निर्माण के कार्यों का भुगतान रोक दिया गया है। इसके साथ ही सभी बीडीओ को आदेश जारी किया गया है कि वह 60 व 40 प्रतिशत अनुपात के हिसाब से काम करवाएं।
-बीके त्रिपाठी, डीसी मनरेगा
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed