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तीसरी नजर की निगरानी में होगी ईवीएम की एफएलसी
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बाराबंकी। अगले वर्ष होने वाले विधानसभा चुनाव में प्रयोग होने वाली इलेक्ट्रिॉनिक वोटिंग मशीनों की फर्स्ट लेवल चेकिंग (एफएलसी) पहली बार सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में की जाएगी।
निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित तिथि पर संबंधित कंपनी के इंजीनियर एक-एक ईवीएम की सघनता के साथ कई दिनों तक तकनीकी जांच करेंगे। चुनाव के लिए इस बार आयोग द्वारा जिले को पूर्वी चंपारन से इलेक्ट्रिॉनिक वोटिंग मशीनें आवंटित की गईं हैं।
जिले की छह विधानसभा सीटों पर अगले साल चुनाव होने हैं। इसे लेकर निर्वाचन आयोग के निर्देश पर जिला प्रशासन द्वारा धीरे-धीरे तैयारियां शुरू कर दी गईं हैं।
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पूर्वी चंपारन बिहार से आवंटित होकर जिले में आ रहीं इन ईवीएम की फर्स्ट लेवल चेकिंग (एफएलसी) पहली बार सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में कराने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए शहर के निर्वाचन ईवीएम गोदाम में विधानसभा क्षेत्रवार बने ईवीएम कक्षों में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।
इसके बाद निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित की जाने वाली तिथि पर संबंधित कंपनी के इंजीनियरों द्वारा बैलेट व कंट्रोल यूनिट के साथ वीवी पैट की तकनीकी जांच की जाएगी। जांच के दौरान खराब मिलने वाली ईवीएम को चुनाव में प्रयोग से बाहर करने को लेकर इसकी सूचना और ईवीएम का नंबर आयोग को भेजा जाएगा। ईवीएम की जांच कई दिनों तक चलेगी।
आयोग द्वारा जिले को आवंटित ईवीएम में से पहले चरण में 3110 वीवी पैट की उपलब्धता जिला प्रशासन को हो गई है जिन्हें निर्वाचन गोदाम में रखवाया गया है। वहीं 4970 बैलेट यूनिट और 3970 कंट्रोल यूनिट की उपलब्धता सोमवार से होना शुरू हो जाएगी। इस संबंध में जिला प्रशासन को आवश्यक निर्देेश आयोग से मिले हैं।
सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीधर यादव ने बताया कि इलेक्ट्रिॉनिक वोटिंग मशीनें आने के बाद सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में पहली बार इनकी फर्स्ट लेवल चेकिंग इंजीनियरों की देखरेख में की जाएगी। आयोग द्वारा निर्धारित की जाने वाली तिथि का इंतजार किया जा रहा है।
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निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित तिथि पर संबंधित कंपनी के इंजीनियर एक-एक ईवीएम की सघनता के साथ कई दिनों तक तकनीकी जांच करेंगे। चुनाव के लिए इस बार आयोग द्वारा जिले को पूर्वी चंपारन से इलेक्ट्रिॉनिक वोटिंग मशीनें आवंटित की गईं हैं।
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जिले की छह विधानसभा सीटों पर अगले साल चुनाव होने हैं। इसे लेकर निर्वाचन आयोग के निर्देश पर जिला प्रशासन द्वारा धीरे-धीरे तैयारियां शुरू कर दी गईं हैं।
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पूर्वी चंपारन बिहार से आवंटित होकर जिले में आ रहीं इन ईवीएम की फर्स्ट लेवल चेकिंग (एफएलसी) पहली बार सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में कराने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए शहर के निर्वाचन ईवीएम गोदाम में विधानसभा क्षेत्रवार बने ईवीएम कक्षों में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।
इसके बाद निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित की जाने वाली तिथि पर संबंधित कंपनी के इंजीनियरों द्वारा बैलेट व कंट्रोल यूनिट के साथ वीवी पैट की तकनीकी जांच की जाएगी। जांच के दौरान खराब मिलने वाली ईवीएम को चुनाव में प्रयोग से बाहर करने को लेकर इसकी सूचना और ईवीएम का नंबर आयोग को भेजा जाएगा। ईवीएम की जांच कई दिनों तक चलेगी।
आयोग द्वारा जिले को आवंटित ईवीएम में से पहले चरण में 3110 वीवी पैट की उपलब्धता जिला प्रशासन को हो गई है जिन्हें निर्वाचन गोदाम में रखवाया गया है। वहीं 4970 बैलेट यूनिट और 3970 कंट्रोल यूनिट की उपलब्धता सोमवार से होना शुरू हो जाएगी। इस संबंध में जिला प्रशासन को आवश्यक निर्देेश आयोग से मिले हैं।
सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीधर यादव ने बताया कि इलेक्ट्रिॉनिक वोटिंग मशीनें आने के बाद सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में पहली बार इनकी फर्स्ट लेवल चेकिंग इंजीनियरों की देखरेख में की जाएगी। आयोग द्वारा निर्धारित की जाने वाली तिथि का इंतजार किया जा रहा है।