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करंद माइनर कटी, 300 बीघा फसल जलमग्न
अमर उजाला ब्यूरो/बाराबंकी
Updated Mon, 16 Jan 2017 11:44 PM IST
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फसल जलमग्न
- फोटो : अमर उजाला
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सिंचाई विभाग की लापरवाही के चलते देर रात करंद माइनर कट गई। सिल्ट सफाई न होने से पानी छोड़ते ही माइनर उफना गई और दबाव बढ़ने से करंद गांव के पास करीब पांच मीटर पटरी कट गई। जिस स्थान पर कटान हुआ आस-पास के खेत सिल्ट से पट गए।
किसानों का कहना है कि कटान से करीब 300 बीघे फसल जलमग्न हो गई। ग्रामीणों की शिकायत के बाद भी कोई अधिकारी व कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा। फसलों को बर्बाद होता देख किसानों ने कटान की पटाई करनी शुरू की। लेकिन उसे ठीक से पाट नहीं सके। सूचना के बाद सिंचाई विभाग का कोई कर्मी मौके तक नहीं पहुंचा।
विकास खंड मसौली में करंद गांव निवासी किसान प्रमोद कुमार के खेत के निकट रविवार देर रात करंद माइनर करीब पांच मीटर कट गई। सुबह जानकारी होने पर माइनर कटने की शिकायत ग्रामीणों ने सींचपाल को दी। 12 घंटे बीत जाने के बाद भी कोई कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा। तेज बहाव होने के कारण पानी भरने से करीब 300 बीघा फसल जलमग्न होने से चौपट हो गई।
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माइनर कटने से आस-पास किसानों के खेत सिल्ट से पट गए। सिंचाई विभाग के अधिकारियों के न आने पर सोमवार को किसानों ने श्रमदान कर माइनर की पटाई की। किसान प्रमोद, दिनेश, धर्मेंद्र, कमलेश कुमार, राजेश आदि की गेंहू, सरसों, आलू की फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई।
किसानों ने बताया कि खेती पूरी तरह से चौपट हो गई। जो लागत थी वह तो गई साथ में पूरा सीजन भी चला गया। किसानों ने सोमवार को एसडीएम डीपी पाल से शिकायत कर बर्बाद फसल का मुआवजा दिलाए जाने की मांग की। सिंचाई विभाग के अधिकारी व कर्मचारियों की इस उदासीनता के चलते किसानों में काफी आक्रोश है।
रजबहा कटने से खेतों में भरा पानी
दरियाबाद के रहिमापुरराय साहब के पास मालिनपुर रजबहा शनिवार को कटने से करीब 80 बीघा फसल जलमगभन हो गई। क्षेत्र के लालता प्रसाद, चंद्र प्रकाश, छेदी, अमर सिंह, रमेश कुमार, तेज बहादुर, भीखाराम आदि किसानों की आलू, सरसों व गेंहू की फसलें चौपट हो गई। किसानों ने कटान होने की सूचना क्षेत्रीय अधिकारियों को दी लेकिन कोई भी मौके पर बांधने नहीं पहुंचा। बाद में किसानों ने रेगुलेटर से पानी बंद कर दिया।
किसान अपने खेत की सिंचाई करने के लिए पटरी काटकर सिंचाई तो कर लेते हैं। लेकिन बाद में उसकी ठीक से पटाई नहीं करते हैं। जिससे पानी छोड़े जाने पर पटरियां कमजोर होने से कट जाती हैं। करंद माइनर व मालिनपुर रजबहा कटने की जानकारी मिली है। सिंचाई कर्मियों को भेजकर पटान कराई जाएगी। -राजनाथ यादव, अधिशासी अभियंता सिंचाई विभाग।
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किसानों का कहना है कि कटान से करीब 300 बीघे फसल जलमग्न हो गई। ग्रामीणों की शिकायत के बाद भी कोई अधिकारी व कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा। फसलों को बर्बाद होता देख किसानों ने कटान की पटाई करनी शुरू की। लेकिन उसे ठीक से पाट नहीं सके। सूचना के बाद सिंचाई विभाग का कोई कर्मी मौके तक नहीं पहुंचा।
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विकास खंड मसौली में करंद गांव निवासी किसान प्रमोद कुमार के खेत के निकट रविवार देर रात करंद माइनर करीब पांच मीटर कट गई। सुबह जानकारी होने पर माइनर कटने की शिकायत ग्रामीणों ने सींचपाल को दी। 12 घंटे बीत जाने के बाद भी कोई कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा। तेज बहाव होने के कारण पानी भरने से करीब 300 बीघा फसल जलमग्न होने से चौपट हो गई।
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माइनर कटने से आस-पास किसानों के खेत सिल्ट से पट गए। सिंचाई विभाग के अधिकारियों के न आने पर सोमवार को किसानों ने श्रमदान कर माइनर की पटाई की। किसान प्रमोद, दिनेश, धर्मेंद्र, कमलेश कुमार, राजेश आदि की गेंहू, सरसों, आलू की फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई।
किसानों ने बताया कि खेती पूरी तरह से चौपट हो गई। जो लागत थी वह तो गई साथ में पूरा सीजन भी चला गया। किसानों ने सोमवार को एसडीएम डीपी पाल से शिकायत कर बर्बाद फसल का मुआवजा दिलाए जाने की मांग की। सिंचाई विभाग के अधिकारी व कर्मचारियों की इस उदासीनता के चलते किसानों में काफी आक्रोश है।
रजबहा कटने से खेतों में भरा पानी
दरियाबाद के रहिमापुरराय साहब के पास मालिनपुर रजबहा शनिवार को कटने से करीब 80 बीघा फसल जलमगभन हो गई। क्षेत्र के लालता प्रसाद, चंद्र प्रकाश, छेदी, अमर सिंह, रमेश कुमार, तेज बहादुर, भीखाराम आदि किसानों की आलू, सरसों व गेंहू की फसलें चौपट हो गई। किसानों ने कटान होने की सूचना क्षेत्रीय अधिकारियों को दी लेकिन कोई भी मौके पर बांधने नहीं पहुंचा। बाद में किसानों ने रेगुलेटर से पानी बंद कर दिया।
किसान अपने खेत की सिंचाई करने के लिए पटरी काटकर सिंचाई तो कर लेते हैं। लेकिन बाद में उसकी ठीक से पटाई नहीं करते हैं। जिससे पानी छोड़े जाने पर पटरियां कमजोर होने से कट जाती हैं। करंद माइनर व मालिनपुर रजबहा कटने की जानकारी मिली है। सिंचाई कर्मियों को भेजकर पटान कराई जाएगी। -राजनाथ यादव, अधिशासी अभियंता सिंचाई विभाग।