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केन नदी मेें डूबने से दो बहनों की मौत
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
Updated Tue, 10 May 2016 12:37 AM IST
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खप्टिहाकलां (बांदा)। अक्षय तृतीया पर पूजन के लिए केन नदी से पानी लेने गईं दो सगी बहनों की डूबने से मौत हो गई। तीन अन्य बालिकाओं और एक बालक को चरवाहों ने बचा लिया। पैलानी थाना क्षेत्र के नया डेरा गांव के गोरेलाल की दो पुत्रियां 15 वर्षीय नीलम, 13 वर्षीय किरन, कुंवर बहादुर की 14 वर्षीय पुत्री मनोरमा और 10 वर्षीय पुत्र प्रदीप, श्रीकिशन की 10 वर्षीय पुत्री नीती और उमाशंकर की 8 वर्षीय बेटी पिंकी सोमवार शाम गांव के नजदीक केन नदी से पानी लेने गई थीं।
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घड़े में पानी भरते समय नीलम और किरन गहरे पानी में समा गईं। उन्हें बचाने के लिए अन्य तीनों बालिकाएं और बालक भी गहरे पानी में चले गए, पर मदद करने के बजाए खुद डूबने लगे।
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इनकी चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजदू चरवाहे नदी में कूदे और सभी बच्चों को पानी से बाहर निकाल लिया। हालत बिगड़ते देख नीलम और किरन को तत्काल जिला अस्पताल लाया गया। यहां डाक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
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ग्रामीणों ने बताया कि नदी से पोकलैंड मशीनों के जरिए बालू निकाली गई है। इससे हुए गहरे गड्ढे जानलेवा साबित हो रहे हैं। चौकी इंचार्ज राजेंद्र सिंह यादव भी मौके पर पहुंच गए। इस बाबत भाजपा नेता बलराम सिंह कछवाह ने कहा कि बालू खनन की वजह से ही बच्चियों की जान गई है। इसे लेकर आंदोलन किया जाएगा।