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चित्रकूटधाम मंडल में बदले मौसम से सहमे किसान
Tue, 16 Apr 2019 11:11 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
banda
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Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Tue, 16 Apr 2019 11:11 PM IST
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खलिहानों में फसल सहेजते सहमे किसान।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
अबकी गर्मियों में चित्रकूटधाम मंडल में मौसम ने जिस प्रकार से तेवर दिखाने शुरू किए हैं, उससे मौसम विज्ञानियों के साथ-साथ किसान भी सकते में हैं। किसानों को अपने खेतों में पकी खड़ी फसल और खलिहानों में कटकर आई फसल के बर्बाद होने की चिंता सताने लगी है। सोमवार को भीषण गर्मी के चलते मंडल का अधिकतम तापमान जहां 44 डिग्री के आसपास रहा, वहीं मंगलवार को फिर मौसम ने पलटा मारा। मौसम के बदलने से सोमवार का पारा मंगलवार को एकदम से 10 डिग्री गिरकर 34 डिग्री पर आ टिका। उधर, पूर्वानुमान के मुताबिक, बुधवार को भी बादल और बूंदाबांदी के आसार हैं।
44 डिग्री तापमान से तप उठे चित्रकूटधाम मंडल में सोेमवार की देर रात से आंधीनुमा तेज हवा और कहीं-कहीं बूंदाबांदी के बीच ठंडी हवाओं से मौसम खुशगवार बन गया। सामान्य तौर पर अप्रैल के मध्य में अधिकतम पारा 40 डिग्री तक रहना चाहिए, लेकिन अबकी 15 अप्रैल को पारे के तेवर 44 डिग्री पर थे। जबरदस्त गर्मी, तपिश और लू के थपेड़ों से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ।
दिनभर लोग मौसम की मार सहते रहे, लेकिन देर रात मौसम ने अचानक करवट ली। रात्रि 10 बजे के बाद हवा के तेज झोंके शुरू हो गए और बादल भी छा गए। इसके साथ ही हवा में ठंडक थी। तापमान काफी नीचे आ जाने से मौसम खुशगवार हो गया। रातभर ठंडी हवाएं चलती रहीं। मौसम में आए बदलाव का असर मंगलवार को भी बरकरार रहा। अधिकतम पारा 34 डिग्री दर्ज किया गया। न्यूनतम 24 डिग्री रहा।
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दोपहर को तेज बूंदाबांदी हुई। इससे खेत और खलिहानों में फसल कटाई और मड़ाई में जुटे किसानों की धड़कने बढ़ गईं। घिरे बादल देखकर आनन-फानन खलिहानों में फसलों को बचाने की जुगत की जाती रही। खेतों में पड़े कटी फसल को ढेर के रूप में बनाकर सुरक्षित किया गया। लगभग पूरे दिन बादल छाए रहे। मौसम खुशनुमा होने से सड़कों पर भी भीड़भाड़ ज्यादा दिखी। उधर, चित्रकूटधाम मंडल में अचानक मौसम में हुए बदलाव पर बांदा कृषि विवि के मौसम वैज्ञानिक डा. दिनेश साहा ने बताया कि यह पश्चिमी विक्षोभ की वजह से हुआ। उन्होंने बताया कि मौसम में यह बदलाव बुधवार (17 अप्रैल) को भी रहेगा। मौसम वैज्ञानिक ने बूंदाबांदी के साथ कहीं-कहीं ओले गिरने की भी संभावना जताई।
चित्रकूट। सोमवार को जिले का अधिकतम तापमान जहां 42 डिग्री था और लोग भीषण गर्मी से बिलबिला रहे थे, वहीं मंगलवार को मौसम ने फिर करवट ली। सुबह से ठंडी हवाएं चलने और बूंदाबांदी के बीच पारा सात डिग्री नीचे आकर 35 पर टिक गया। दिनभर ठंडी हवाएं चलने से आम जनमानस ने राहत की सांस ली। उधर, जिले के किसान बदले मौसम से सहम उठे। उन्हें चिंता सता रही कि यदि तेज बारिश हो गई तो खेतों खड़ी फसल को भारी नुकसान होगा। इसके साथ खलिहान में पड़ी फसल भी बरबाद हो जाएगी।
हमीरपुर। मौसम में मंगलवार को आए बदलाव से सोमवार के 42 डिग्री के अधिकतम तापमान ने मंगलवार को नौ डिग्री नीचे आकर 33 पर टिक गया। तेज और ठंडी हवाओं के साथ बूंदाबांदी से लोगों को जहां गर्मी से राहत मिली, वहीं दिनभर रुक-रुक कर बूंदाबांदी होने से किसान परेशान हो गए। इस समय दिन-रात किसान खेतों से फसल काटकर खलिहानों में जमा कर रहे हैं। मौसम के रुख को देखकर किसानों के माथे पर बल पड़ने लगे हैं। राठ क्षेत्र में तेज हवाओं से खेतों में पड़ा काफी भूसा उड़ गया, जबकि बूंदाबांदी से गेहूं में नमी आने से कटाई प्रभावित हुई है।
महोबा। सोमवार की देररात से अचानक मौसम बदल गया और रात 10 बजे अचानक तेजी आंधी आने से जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया। आंधी के साथ बूंदाबांदी भी हुई, जिससे मौसम खुशगवार हो गया। सोमवार को 43 डिग्री तापमान से बिलबिलाए लोगों को मंगलवार को काफी राहत मिली। मंगलवार को पारा सात डिग्री गिर गया। दिनभर आसमान में बादल छाए रहने से लोगों को भीषण गर्मी से निजात मिली। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. मुकेश चंद्र का कहना है कि 24 घंटे तक मौसम इसी तरह रहेगा। आसमान में बादल छाए रहेंगे। तेज हवाएं भी चलेंगी और बूंदाबांदी भी हो सकती है।
उरई (जालौन)। सोमवार देर रात से ठंडी हवाएं चलने और बूंदाबांदी होने से मंगलवार को लोगों को जहां भीषण गर्मी से राहत मिली, वहीं किसानों के चेहराें पर फसल खराब होने का खौफ साफ देखा गया। मौसम के करवट लेने से सोमवार के अधिकतम तापमान 41 डिग्री ने मंगलवार को सात डिग्री का गोता लगाते हुए 32 डिग्री तक पहुंच गया। मंगलवार को सुबह से बादल छाए रहे और पूरे दिन ठंडी हवाएं चलती रहीं। बीच-बीच में हल्की फुहारें पड़ने से मौसम खुशगवार हो गया। मौसम विशेषज्ञ पुरुषोत्तम कुशवाह का कहना है कि अभी एक-दो दिन तापमान में ज्यादा बढ़ोतरी की संभावना नहीं है।
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44 डिग्री तापमान से तप उठे चित्रकूटधाम मंडल में सोेमवार की देर रात से आंधीनुमा तेज हवा और कहीं-कहीं बूंदाबांदी के बीच ठंडी हवाओं से मौसम खुशगवार बन गया। सामान्य तौर पर अप्रैल के मध्य में अधिकतम पारा 40 डिग्री तक रहना चाहिए, लेकिन अबकी 15 अप्रैल को पारे के तेवर 44 डिग्री पर थे। जबरदस्त गर्मी, तपिश और लू के थपेड़ों से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ।
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दिनभर लोग मौसम की मार सहते रहे, लेकिन देर रात मौसम ने अचानक करवट ली। रात्रि 10 बजे के बाद हवा के तेज झोंके शुरू हो गए और बादल भी छा गए। इसके साथ ही हवा में ठंडक थी। तापमान काफी नीचे आ जाने से मौसम खुशगवार हो गया। रातभर ठंडी हवाएं चलती रहीं। मौसम में आए बदलाव का असर मंगलवार को भी बरकरार रहा। अधिकतम पारा 34 डिग्री दर्ज किया गया। न्यूनतम 24 डिग्री रहा।
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दोपहर को तेज बूंदाबांदी हुई। इससे खेत और खलिहानों में फसल कटाई और मड़ाई में जुटे किसानों की धड़कने बढ़ गईं। घिरे बादल देखकर आनन-फानन खलिहानों में फसलों को बचाने की जुगत की जाती रही। खेतों में पड़े कटी फसल को ढेर के रूप में बनाकर सुरक्षित किया गया। लगभग पूरे दिन बादल छाए रहे। मौसम खुशनुमा होने से सड़कों पर भी भीड़भाड़ ज्यादा दिखी। उधर, चित्रकूटधाम मंडल में अचानक मौसम में हुए बदलाव पर बांदा कृषि विवि के मौसम वैज्ञानिक डा. दिनेश साहा ने बताया कि यह पश्चिमी विक्षोभ की वजह से हुआ। उन्होंने बताया कि मौसम में यह बदलाव बुधवार (17 अप्रैल) को भी रहेगा। मौसम वैज्ञानिक ने बूंदाबांदी के साथ कहीं-कहीं ओले गिरने की भी संभावना जताई।
चित्रकूट। सोमवार को जिले का अधिकतम तापमान जहां 42 डिग्री था और लोग भीषण गर्मी से बिलबिला रहे थे, वहीं मंगलवार को मौसम ने फिर करवट ली। सुबह से ठंडी हवाएं चलने और बूंदाबांदी के बीच पारा सात डिग्री नीचे आकर 35 पर टिक गया। दिनभर ठंडी हवाएं चलने से आम जनमानस ने राहत की सांस ली। उधर, जिले के किसान बदले मौसम से सहम उठे। उन्हें चिंता सता रही कि यदि तेज बारिश हो गई तो खेतों खड़ी फसल को भारी नुकसान होगा। इसके साथ खलिहान में पड़ी फसल भी बरबाद हो जाएगी।
हमीरपुर। मौसम में मंगलवार को आए बदलाव से सोमवार के 42 डिग्री के अधिकतम तापमान ने मंगलवार को नौ डिग्री नीचे आकर 33 पर टिक गया। तेज और ठंडी हवाओं के साथ बूंदाबांदी से लोगों को जहां गर्मी से राहत मिली, वहीं दिनभर रुक-रुक कर बूंदाबांदी होने से किसान परेशान हो गए। इस समय दिन-रात किसान खेतों से फसल काटकर खलिहानों में जमा कर रहे हैं। मौसम के रुख को देखकर किसानों के माथे पर बल पड़ने लगे हैं। राठ क्षेत्र में तेज हवाओं से खेतों में पड़ा काफी भूसा उड़ गया, जबकि बूंदाबांदी से गेहूं में नमी आने से कटाई प्रभावित हुई है।
महोबा। सोमवार की देररात से अचानक मौसम बदल गया और रात 10 बजे अचानक तेजी आंधी आने से जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया। आंधी के साथ बूंदाबांदी भी हुई, जिससे मौसम खुशगवार हो गया। सोमवार को 43 डिग्री तापमान से बिलबिलाए लोगों को मंगलवार को काफी राहत मिली। मंगलवार को पारा सात डिग्री गिर गया। दिनभर आसमान में बादल छाए रहने से लोगों को भीषण गर्मी से निजात मिली। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. मुकेश चंद्र का कहना है कि 24 घंटे तक मौसम इसी तरह रहेगा। आसमान में बादल छाए रहेंगे। तेज हवाएं भी चलेंगी और बूंदाबांदी भी हो सकती है।
उरई (जालौन)। सोमवार देर रात से ठंडी हवाएं चलने और बूंदाबांदी होने से मंगलवार को लोगों को जहां भीषण गर्मी से राहत मिली, वहीं किसानों के चेहराें पर फसल खराब होने का खौफ साफ देखा गया। मौसम के करवट लेने से सोमवार के अधिकतम तापमान 41 डिग्री ने मंगलवार को सात डिग्री का गोता लगाते हुए 32 डिग्री तक पहुंच गया। मंगलवार को सुबह से बादल छाए रहे और पूरे दिन ठंडी हवाएं चलती रहीं। बीच-बीच में हल्की फुहारें पड़ने से मौसम खुशगवार हो गया। मौसम विशेषज्ञ पुरुषोत्तम कुशवाह का कहना है कि अभी एक-दो दिन तापमान में ज्यादा बढ़ोतरी की संभावना नहीं है।