{"_id":"59b6e4004f1c1bed7f8b6089","slug":"8-meter-track-track-of-canal-submerged-crops","type":"story","status":"publish","title_hn":"नहर की 8 मीटर पटरी बही, फसलें जलमग्न","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नहर की 8 मीटर पटरी बही, फसलें जलमग्न
अमर उजाला ब्यूरो/बांदा
Updated Tue, 12 Sep 2017 12:59 AM IST
विज्ञापन
अतर्रा (ब्यूरो)। नहर की करीब 8 मीटर पटरी बह गई। लगभग 20 हेक्टेयर धान की फसल जलमग्न है। दूसरी तरफ ऊपरी हिस्से वाले किसान पानी के लिए परेशान हैं। अधिकारी चुप्पी साधे हैं। केन कैनाल प्रखंड की लापरवाही से पिछले हफ्ते महुटा रजबहा में दशरथ पुरवा की ढाल में दाईं पटरी करीब 8 मीटर कटकर बह गई।
किसान राजकिशोर शुक्ला, हरीबाबू शुक्ला, सुखलाल, बद्री प्रसाद, रमेश आदि ने बताया कि एक सप्ताह से धान की फसल डूबकर सड़ रही है। दूसरी तरफ किसान नंद किशोर गर्ग, चुनबद्दा, बोड़ा, रन्नू दुबे ने कहा कि धूप में फसल सूख रही है। उनके खेतों तक नहर में पानी नहीं आ रहा।
विज्ञापन
किसान राजकिशोर शुक्ला, हरीबाबू शुक्ला, सुखलाल, बद्री प्रसाद, रमेश आदि ने बताया कि एक सप्ताह से धान की फसल डूबकर सड़ रही है। दूसरी तरफ किसान नंद किशोर गर्ग, चुनबद्दा, बोड़ा, रन्नू दुबे ने कहा कि धूप में फसल सूख रही है। उनके खेतों तक नहर में पानी नहीं आ रहा।
विज्ञापन
केन कैनाल के अभियंता नरैनी और अतर्रा क्षेत्रों का मामला बताकर एक-दूसरे पर टाल रहे हैं। किसानों ने उप जिलाधिकारी से कटान रोकने की गुहार लगाई।