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बाढ़ के पानी में डूबे परिषदीय विद्यालय
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बलरामपुर के प्राथमिक विद्यालय रामगढ़ मैटहवा में भरा बाढ़ का पानी।
- फोटो : BALRAMPUR
महराजगंज तराई (बलरामपुर)। वैसे भी शिक्षा के मामले में प्रदेश के निचले पायदान पर स्थित जिले की परिषदीय शिक्षा को बारिश व बाढ़ ने काफी प्रभावित कर दिया है। तमाम स्कूलों में पानी भरा होने के कारण पठन पाठन का कार्य हो पाना संभव नहीं दिख रहा है। ऐसे में अभिभावकों को अपने बच्चों की पढ़ाई की चिंता सताने लगी है। अभिभावकों ने जिला प्रशासन से जलभराव वाले स्कूलों में जलनिकासी का उचित प्रबंध कराए जाने की मांग की है।
विदित हो कि खरझार पहाड़ी नाले में आए दिन उफान आ जाने के कारण रामगढ़ मैटहवा, विजयीडीह, साहेबनगर, हरिहरनगर, लहेरी, जगरामपुरवा, लोहेपनिया, सहबीनिया, दतरंगवा, भुसैलवा, शांतिनगर व सुगानगर गांवों में बाढ़ आ जाती है। इन गांवों में बने परिषदीय स्कूल बाढ़ के पानी में डूब जाने के कारण बच्चों की पढ़ाई ठप हो जाती है।
सबसे ज्यादा परेशानी रामगढ़ मैटहवा एवं शांतिनगर गांव के परिषदीय स्कूलों में है। यहां पर बाढ़ का पानी लगातार भरा हुआ है। कुछ गांवों में बाढ़ का पानी तो चला गया है लेकिन स्कूलों में कीचड़ एवं गंदगी अभी भी जमा हुआ है। हालत यह है कि इन विद्यालयों में बैठकर बच्चे शिक्षा ग्रहण नहीं कर सकते हैं।
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रामगढ़ मैटहवा विद्यालय आधा बाढ़ के पानी में डूब गया है। अभिभावक पवन कुमार, तुलाराम, जीवनलाल, अशोक कुमार, संजय एवं तरूण तिवारी आदि ने जिलाधिकारी से विद्यालयों में जलभराव की समस्या से निजात दिलाकर बच्चों की पढ़ाई शुरू करवाए जाने की मांग की है।
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विदित हो कि खरझार पहाड़ी नाले में आए दिन उफान आ जाने के कारण रामगढ़ मैटहवा, विजयीडीह, साहेबनगर, हरिहरनगर, लहेरी, जगरामपुरवा, लोहेपनिया, सहबीनिया, दतरंगवा, भुसैलवा, शांतिनगर व सुगानगर गांवों में बाढ़ आ जाती है। इन गांवों में बने परिषदीय स्कूल बाढ़ के पानी में डूब जाने के कारण बच्चों की पढ़ाई ठप हो जाती है।
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सबसे ज्यादा परेशानी रामगढ़ मैटहवा एवं शांतिनगर गांव के परिषदीय स्कूलों में है। यहां पर बाढ़ का पानी लगातार भरा हुआ है। कुछ गांवों में बाढ़ का पानी तो चला गया है लेकिन स्कूलों में कीचड़ एवं गंदगी अभी भी जमा हुआ है। हालत यह है कि इन विद्यालयों में बैठकर बच्चे शिक्षा ग्रहण नहीं कर सकते हैं।
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रामगढ़ मैटहवा विद्यालय आधा बाढ़ के पानी में डूब गया है। अभिभावक पवन कुमार, तुलाराम, जीवनलाल, अशोक कुमार, संजय एवं तरूण तिवारी आदि ने जिलाधिकारी से विद्यालयों में जलभराव की समस्या से निजात दिलाकर बच्चों की पढ़ाई शुरू करवाए जाने की मांग की है।