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Ballia News: कूड़ा निस्तारण केंद्र भी फंसा, एनजीटी ने जारी किया नोटिस
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बलिया। विभाग की लापरवाही और अधिकारियों की अदूरदर्शिता की कमी से जनपद की एक के बाद एक विकास योजनाएं विवादों में फंसती जा रही है। पहले जयप्रकाश नारायण पक्षी अभ्यरण (सुरहा ताल) के ईको सेंसेटिव जोन में बन रही जननायक चंद्रशेखर यूनिवर्सिटी के निर्माण पर एनजीटी ने रोक लगाई, अब ताल क्षेत्र में नगर पालिका बलिया की ओर से कूड़ा निस्तारण प्लांट बनाने की शिकायत पर सुनवाई करते हुए अधिशासी अधिकारी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। साथ ही मामले की जांच के लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में मॉनिटरिंग सेल से इस पर रिपोर्ट तलब की है। इससे हाल ही में तीन करोड़ की ज्यादा की लागत से तैयार हुए कूड़ा निस्तारण केंद्र पर भी खतरा मंडराने लगा है। सुरहाताल के इको सेंसेटिव जोन (एक किमी) के दायरे में निर्माण को लेकर सुनवाई करते हुए राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण (एनजीटी) ने मार्च में जननायक चंद्रशेखर विवि के निर्माण पर अग्रिम आदेश तक रोक लगा दी थी। इसके साथ ही जिलाधिकारी और काशी वन्य जीव प्रभाग रामनगर को निर्देशित किया था कि ईको सेंसेटिव जोन का चिह्नांकन कर इसके दायरे में किए गए अवैध निर्माण को हटाया जाएगा। एक माह के भीतर इसकी रिपोर्ट तलब की थी। एनजीटी के निर्देश पर जिला प्रशासन और काशी वन्य जीव प्रभाग की टीम की ओर से ईको सेंसेटिव जोन का चिह्नांकन किया था। अभी ये मामला चल ही रहा है। इस बीच जनपद के सरनी निवासी एवं हाईकोर्ट के अधिवक्ता धमेंद्र सिंह ने वन विभाग से नगर पालिका बलिया के कूड़ा निरस्तारण केंद्र के बारे में सूचना मांगी। वन विभाग की ओर से दी गई सूचना के अनुसार कूड़ा घर सुरहा ताल क्षेत्र में है। इसी को लेकर धमेंद्र सिंह ने एनजीटी में याचिका दाखिल की। इस पर सुनवाई करते हुए 30 मई को न्यायाधीश सुधीर अग्रवाल ने मानीटरिंग कमेटी के अध्यक्ष जिलाधिकारी को मामले की जांच कर रिपोर्ट सौंपने के लिए निर्देशित किया। इसके साथ ही ईओ नगर पालिका को नोटिस जारी कर दो माह के भीतर जवाब दाखिल करने को कहा।
हाल ही में पूरा हुआ था केंद्र
बलिया। जनपद में करोड़ों की लागत से कूड़ा निस्तारण केंद्र का निर्माण कई वर्ष पहले शुरू हुआ था। आधा-अधूरा कार्य छोड़ कंपनी बीच में ही भाग गई थी। इसके बाद निर्माण ठप पड़ा था। कुछ माह पहले पालिका के अवस्थापना निधि की तीन करोड़ से ज्यादा की धनराशि से इसे पूरा करने के लिए काम शुरू किया गया। हाल ही में इसका निर्माण पूरा हुआ था। पालिका की ओर से इसे शुरू कराने के लिए प्रदूषण नियंत्रण विभाग के अनुमति मांगी गई थी, जो अभी नहीं मिली है।
अभी नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है। प्लांट में मशीनें तैयार हो चुकी हैं। कूड़ा भी वहीं भेजा जा रहा है। चालू करने के लिए अनुमति लेने की प्रक्रिया चल रही है।
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- सत्यप्रकाश सिंह, ईओ, नगर पालिका बलिया
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हाल ही में पूरा हुआ था केंद्र
बलिया। जनपद में करोड़ों की लागत से कूड़ा निस्तारण केंद्र का निर्माण कई वर्ष पहले शुरू हुआ था। आधा-अधूरा कार्य छोड़ कंपनी बीच में ही भाग गई थी। इसके बाद निर्माण ठप पड़ा था। कुछ माह पहले पालिका के अवस्थापना निधि की तीन करोड़ से ज्यादा की धनराशि से इसे पूरा करने के लिए काम शुरू किया गया। हाल ही में इसका निर्माण पूरा हुआ था। पालिका की ओर से इसे शुरू कराने के लिए प्रदूषण नियंत्रण विभाग के अनुमति मांगी गई थी, जो अभी नहीं मिली है।
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अभी नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है। प्लांट में मशीनें तैयार हो चुकी हैं। कूड़ा भी वहीं भेजा जा रहा है। चालू करने के लिए अनुमति लेने की प्रक्रिया चल रही है।
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- सत्यप्रकाश सिंह, ईओ, नगर पालिका बलिया