फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ballia News ›   2,000 fruit and vegetable shops closed; business worth 4 crore stalled.

Ballia News: फल और सब्जी की 2000 दुकानें बंद, चार करोड़ का कारोबार ठप

Sat, 19 Sep 2026 01:28 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 19 Sep 2026 01:28 AM IST
विज्ञापन
2,000 fruit and vegetable shops closed; business worth 4 crore stalled.
पीडीडीयू नगर सब्जी मंडी में बंद पड़ी दुकानें। संवाद
पीडीडीयू नगर। स्थायी सब्जी मंडी और वेंडिंग जोन बनाने समेत तीन सूत्री की मांग के समर्थन में फल एवं सब्जी व्ययसायी एसोसिएशन के आह्वान पर शुक्रवार को व्यवसायियों ने बेमियादी हड़ताल शुरू कर दी। इससे पीडीडीयू नगर में नई सट्टी, एलबीएस क्रय-विक्रय केंद्र, पचफेड़वा, रेमा मोड़, दुलहीपुर और करवत में फल-सब्जी की 2000 दुकानें बंद रहीं। हड़ताल से करीब चार करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित हुआ। वहीं, दुकानें बंद होने से सब्जी और फल के लिए लोग परेशान रहे।
विज्ञापन

पीडीडीयू नगर में स्थायी फल और सब्जी की मंडी नहीं है। यहां नई सट्टी, एलबीएस क्रय विक्रय केंद्र के साथ ही पचफेड़वा, रेमा मोड़, दुलहीपुर और करवत में सड़क के किनारे फल और सब्जी की दुकानें लगती है। नई सट्टी में लगभग 80 आढ़तियां है। वहीं, ठेले-खोमचे और पटरियों पर भी फल-सब्जी की दुकानें लगती हैं।
विज्ञापन

फल एवं सब्जी व्यवसायी एसोसिएशन के अध्यक्ष चौधरी नरायन सोनकर ने बताया कि पिछले 20 वर्षों से स्थायी फल-सब्जी मंडी और वेंडिंग जोन बनाने की मांग कर रहे हैं। मांगों के समर्थन में प्रत्येक महीने की पहली तारीख को दुकानें बंद रखते हैं। इस संबंध में कई बार अधिकारियों से गुहार लगाई गई, लेकिन हर बार आश्वासन ही मिला। उन्होंने बताया कि पहले ही दिन हड़ताल से करीब चार करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन

वहीं, हड़ताल के कारण नगर और आसपास के बाजारों में दुकानें बंद रहने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। लोगों को फल और सब्जी नहीं मिल पाई, जिस कारण निराश होकर लौट गए। हड़ताल लंबी चली तो फल-सब्जी की किल्लत से लोगों की परेशानी बढ़ेगी।

इनसेट-
ढाई प्रतिशत देते हैं मंडी शुल्क, फिर भी नहीं मिलतीं सुविधाएं
पीडीडीयू नगर। तीन सूत्री मांगों के समर्थन में फल एवं सब्जी व्यवसायियों ने बेमियादी हड़ताल के साथ ही धरना प्रदर्शन किया। मंडी में धरने के दौरान व्यवसायियों ने कहा कि वे ढाई प्रतिशत मंडी शुल्क देते हैं, फिर भी उन्हें कोई सुविधाएं नहीं मिल रहीं। एसोसिएशन के अध्यक्ष चौधरी नारायण सोनकर ने बताया कि रोज करीब चार करोड़ रुपये का कारोबार होता है। वेंडिंग जोन नहीं होने के कारण छोटे कारोबारियाों को सड़कों, फुटपाथ और नालों के किनारे दुकानें लगानी पड़ती हैं। इससे उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ता है। बताया कि हमारी तीन प्रमुख मांगे हैं। इसमें उपमंडी का निर्माण, वेंडिंग जोन बनाने और फल-सब्जी लाने वाली गाड़ियों को नो-इंट्री से मुक्त करने की मांग शामिल है। कहा कि मांगें पूरी होने तक हड़ताल जारी रहेगी। इस मौके पर अशोक कुमार तिलक, महेंद्र प्रसाद सोनकर, बृजमोहन प्रसाद सोनकर, विसुन सोनकर, अजय सोनकर, मनोज जायसवाल, त्रिलोकी सोनकर, असगर अली आदि व्यवसायी मौजूद रहे।
इनसेट-
बाजार पहुंचे तो पता चला कि दुकानें बंद हैं
पं. दीनदयाल उपाध्याय नगर और आसपास के बाजारों में सब्जियों की दुकानें बंद होने के कारण लोग भटकते रहे। हैं। लोगों का कहना है कि प्रशासन को व्यवसायियों की बात सुननी चाहिए। स्थायी मंडी बनने से जाम की समस्या का समाधान हो सकेगा। जायसवाल स्कूल रोड निवासी संतोष तिवारी ने कहा कि हड़ताल लंबे समय तक चली तो आमजन की परेशानी बढ़ेगी। अलीनगर निवासी अजीत कुमार ने बताया कि बाजार पहुंचने पर पता चला कि दुकानें बंद है। सब्जी के बिना घर लौटना पड़ा। चतुर्भुजपुर निवासी पूनम मिश्रा ने कहा कि शासन को सब्जी व्यवसायियों की बात माननी चाहिए। जब तक हड़ताल चल रही है, तब तक प्रशासन को मोहल्लों में ठेले पर सब्जी उपलब्ध कराने की व्यवस्था करनी चाहिए। भोगवारे निवासी निशा शर्मा ने बताया कि प्रशासन को देखना चाहिए कि हड़ताल से आम लोगों को दिक्कत न हो।



कोट-
स्थायी सब्जी मंडी के लिए जमीन की तलाश की जा रही है। कोशिश है जल्द से जल्द इस मांग को पूरा किया जाए। फल और सब्जी व्यवसायियों से भी वार्ता की जा रही है। - राजेश कुमार वर्मा, एसडीएम, पीडीडीयू नगर

पीडीडीयू नगर सब्जी मंडी में बंद पड़ी दुकानें। संवाद

पीडीडीयू नगर सब्जी मंडी में बंद पड़ी दुकानें। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed