{"_id":"759ccaf9e952903184bb6eddf97a00fa","slug":"petrol-putting-the-fire-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूसरे डिब्बे में पेट्रोल डालते समय लगी आग ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दूसरे डिब्बे में पेट्रोल डालते समय लगी आग
बहराइच/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 12 Dec 2015 10:26 PM IST
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सुजौली से तेल की तस्करी कर नेपाल ले जाकर दूसरे जरीकेन में पलटते समय आग लग गई जिससे घर का सारा सामान जलकर राख हो गया। वहीं निशक्त को आसपास के लोगों की मदद से बाहर निकाला गया। लगभग एक लाख का नुकसान हुआ है।
नेपाल में इस समय मधेसी आंदोलन के चलते पेट्रोल, डीजल व अन्य पदार्थों की काफी किल्लत है। इसके चलते आलोक ट्रेडिंग कंपनी गिरिजापुरी पेट्रोल टंकी से प्रतिदिन 10 हजार लीटर डीजल व पेट्रोल नेपाल को तस्करी की जा रही है। इसी तरह गैस सिलेंडर प्रतिदिन तीन हजार से पांच हजार रुपये में तस्करों द्वारा नेपाल को तस्करी की जा रही है। एसएसबी चौकी धनौरा के निकट गांव निवासी नि:शक्त रामप्रसाद गिरिजापुरी से 200 लीटर पेट्रोल चार जरीकेन में लेकर गए। यहां पर तस्करों के हाथ बेच दिया। तस्कर उसे अपने जरीकेन में भर रहे थे। इसी दौरान पेट्रोल में चिंगारी पड़ने से आग लग गई। जिससे निशक्त का पूरा मकान जलकर राख हो गया।
वहीं निशक्त मकान में ही फंसा रहा। अग्निकांड देखकर निशक्त का पुत्र 12 वर्षीय रमेश ने किसी तरह पिता को बाहर निकाला। आसपास के लोगों ने एक घंटे बाद आग पर काबू पाया। लगभग एक लाख का नुकसान हुआ है। वहीं पेट्रोल व जरीकेन पूरी तरह जलकर राख हो गया है। मालूम हो कि नेपाल सीमा क्षेत्र में बसे गांव फकीरपुरी, बर्दिया, आंबा, बलई गांव से नेपाल के लाली बाजार, राजापुरी मंडी, धनौरा, कोठियाघाट को काफी मात्रा में पेट्रो पदार्थ सप्लाई की जा रही है। यह तस्कर पिकप वाहन, ट्रैक्टर ट्रॉली, डनलप और बाइक से सप्लाई करते हैं।
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नेपाल में इस समय मधेसी आंदोलन के चलते पेट्रोल, डीजल व अन्य पदार्थों की काफी किल्लत है। इसके चलते आलोक ट्रेडिंग कंपनी गिरिजापुरी पेट्रोल टंकी से प्रतिदिन 10 हजार लीटर डीजल व पेट्रोल नेपाल को तस्करी की जा रही है। इसी तरह गैस सिलेंडर प्रतिदिन तीन हजार से पांच हजार रुपये में तस्करों द्वारा नेपाल को तस्करी की जा रही है। एसएसबी चौकी धनौरा के निकट गांव निवासी नि:शक्त रामप्रसाद गिरिजापुरी से 200 लीटर पेट्रोल चार जरीकेन में लेकर गए। यहां पर तस्करों के हाथ बेच दिया। तस्कर उसे अपने जरीकेन में भर रहे थे। इसी दौरान पेट्रोल में चिंगारी पड़ने से आग लग गई। जिससे निशक्त का पूरा मकान जलकर राख हो गया।
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वहीं निशक्त मकान में ही फंसा रहा। अग्निकांड देखकर निशक्त का पुत्र 12 वर्षीय रमेश ने किसी तरह पिता को बाहर निकाला। आसपास के लोगों ने एक घंटे बाद आग पर काबू पाया। लगभग एक लाख का नुकसान हुआ है। वहीं पेट्रोल व जरीकेन पूरी तरह जलकर राख हो गया है। मालूम हो कि नेपाल सीमा क्षेत्र में बसे गांव फकीरपुरी, बर्दिया, आंबा, बलई गांव से नेपाल के लाली बाजार, राजापुरी मंडी, धनौरा, कोठियाघाट को काफी मात्रा में पेट्रो पदार्थ सप्लाई की जा रही है। यह तस्कर पिकप वाहन, ट्रैक्टर ट्रॉली, डनलप और बाइक से सप्लाई करते हैं।
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