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भूख हड़ताल पर बैठा परिवार
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पट्टे की भूमि पर कब्जा दिलाने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
दोघट। बामनौली गांव में पट्टे की भूमि पर कब्जा नहीं मिलने पर बुधवार को एक परिवार के तीन सदस्य धरना देकर भूख हड़ताल पर बैठ गए। उन्होंने समस्या का समाधान नही होने तक भूख हड़ताल जारी रखने की चेतावनी दी।
महेशपाल ने बताया की उनके पिता रामपाल सिंह को वर्ष 1976 में नसबंदी कराने पर पांच बीघा भूमि का पट्टा मिला था। कुछ समय बाद ही उस पर दूसरे किसानों ने कब्जा कर लिया। बाद में तत्कालीन प्रधान निरंजन सिंह ने उसे तीन बीघा जमीन का पट्टा दिलावा, लेकिन उस पर भी कुछ लोगों ने कब्जा कर लिया। इसका मुकदमा न्यायालय में चल रहा है। आरोप है कि गांव में चकबंदी के दौरान उसे डेढ़ बीघा भूमि मिली है। उसने समस्या का समाधान न होने तक भूख हड़ताल की चेतावनी दी। भूख हड़ताल करने वालों में महेशपाल के अलावा उसकी पत्नी रामबीरी, बेटा शुभम रहे।
कुएं में गिरी नीलगाय
दोघट। बेगमाबाद गढ़ी गांव के जंगल में करीब 50 फिट गहरे कुएं में बुधवार को एक नीलगाय गिर गई। ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और करीब आठ घंटे बाद नीलगाय को कुएं से बाहर निकाला गया। डीएफओ डाक्टर हेमंत कुमार सेठ ने बताया कि मौके पर टीम भेजकर नीलगाय को निकलवाया गया है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
दोघट। बामनौली गांव में पट्टे की भूमि पर कब्जा नहीं मिलने पर बुधवार को एक परिवार के तीन सदस्य धरना देकर भूख हड़ताल पर बैठ गए। उन्होंने समस्या का समाधान नही होने तक भूख हड़ताल जारी रखने की चेतावनी दी।
महेशपाल ने बताया की उनके पिता रामपाल सिंह को वर्ष 1976 में नसबंदी कराने पर पांच बीघा भूमि का पट्टा मिला था। कुछ समय बाद ही उस पर दूसरे किसानों ने कब्जा कर लिया। बाद में तत्कालीन प्रधान निरंजन सिंह ने उसे तीन बीघा जमीन का पट्टा दिलावा, लेकिन उस पर भी कुछ लोगों ने कब्जा कर लिया। इसका मुकदमा न्यायालय में चल रहा है। आरोप है कि गांव में चकबंदी के दौरान उसे डेढ़ बीघा भूमि मिली है। उसने समस्या का समाधान न होने तक भूख हड़ताल की चेतावनी दी। भूख हड़ताल करने वालों में महेशपाल के अलावा उसकी पत्नी रामबीरी, बेटा शुभम रहे।
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कुएं में गिरी नीलगाय
दोघट। बेगमाबाद गढ़ी गांव के जंगल में करीब 50 फिट गहरे कुएं में बुधवार को एक नीलगाय गिर गई। ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और करीब आठ घंटे बाद नीलगाय को कुएं से बाहर निकाला गया। डीएफओ डाक्टर हेमंत कुमार सेठ ने बताया कि मौके पर टीम भेजकर नीलगाय को निकलवाया गया है।
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