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मां होती है करूणा और दया की मूर्ति : रेशमा चौधरी

Tue, 14 May 2019 12:03 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 14 May 2019 12:03 AM IST
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मां होती है करूणा और दया की मूर्ति : रेशमा चौधरी
बागपत। एनएस पब्लिक स्कूल, काठा में सोमवार को मदर्स डे बनाया गया। स्कूल में शिक्षक और अन्य कर्मचारियों की माताओं शॉल भेंटकर सम्मानित किया। वक्ताओं ने कहा कि मां का स्थान भगवान से ऊपर होता है।
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सम्मान समारोह में अपर जिला जज बरेली रेशमा चौधरी ने माताओं से आशीर्वाद लिया। मां पर बोलते हुए कहा कि मां में दया, करूणा, त्याग, धैर्य एवं क्षमा की भावना विद्यमान है। इसलिए ही मां सर्वोपरि है। उनके ज्ञान से बच्चा बड़ा होकर उच्च पदों पर पहुंचता है। खुद मुसीबत को सामना करके अपने बच्चों को खुश रखती है। प्रधानाचार्य श्याम रतन ने कहा कि मां ईश्वर का रूप है। उपप्रधानाचार्य रवेंद्र यादव ने गीत के माध्यम से मां की महत्व को समझाया। स्कूल के शिक्षा निदेशक रामसेवक शर्मा ने छात्रों को मां के प्रति अपने प्रेम, कर्तव्य एवं सम्मान को बनाए रखने की बात कही। अनिल कुमार, सह प्रबंधक प्रदीप कुमार ने अपने विचार रखे। श्याम शुक्ला, खुर्शीद अहमद, अरशद मलिक, सुनील कुमार, देव गौतम, अनमोल त्यागी, संजीव त्यागी, राहुल तिवारी, शिवानी शर्मा, पूजा, सीमा, प्रिया, सोनिया, ज्योति, अनुराधा, कोमल, रश्मि त्यागी मौजूद रहे।
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आत्म प्रतिष्ठा विषय पर कराया कार्यशाला का आयोजन
बागपत। इंद्रप्रस्थ पब्लिक स्कूल, काठा में सोमवार को आत्म प्रतिष्ठा विषय पर कार्यशाला का आयोजन किया। प्रधानाचार्य दिनेश जोशी ने आत्म प्रतिष्ठा को विकसित करने पर जोर दिया। क्योंकि व्यक्ति सिर्फ एवं के लिए ही नहीं बल्कि समाज के लिए भी वरदान है। उन्होंने अपने वक्तव्य में आत्म प्रतिष्ठा के लाभ भी छात्रों को बताया। जिसमें सकारात्मक दृष्टिकोण, चुनौतियां का सामना करने का साहस, जिम्मेदारी उठाने का बोझ, सहयोग व प्रेम की भावना, दूसरों के प्रति संवेदनशील होना के बारे बताया। आत्म प्रतिष्ठा की कमी होने से होने वाले नुकसानों के बारे में भी जानकारी दी। इसमें भय में रहना, जिम्मेदारी से भागना, दूसरों पर दोषारोपण करना, हीनता का शिकार होना जैसे विकारताएं आ जाती है। इसमें सभी शिक्षक और छात्र मौजूद रहे।
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