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दहेज हज्या में पति को 10 साल तो सास को सात साल की सजा मिली

Thu, 22 Oct 2020 10:50 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 22 Oct 2020 10:50 PM IST
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Husband sentenced to 10, mother-in-law sentenced to 7 years for dowry deaths
आजमगढ़। दहेज हत्या के मामले में अदालत ने आरोपी पति को दस वर्ष और सास को सात वर्ष की कैद की सजा सुनाई, साथ ही दोनों आरोपियों को 10-10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। यह फैसला गुरुवार को अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर-तीन शिवचंद की अदालत ने सुनाई। घटना मेंहनगर थाना क्षेत्र की है। इस संबंध में संयुक्त निदेशक अभियोजन वीपी वर्मा ने बताया कि मिशन शक्ति के तहत महिलाओं से संबंधित अपराधों में आरोपियों को सजा दिलाए जाने के लिए अभियोजन विभाग गंभीरता से पैरवी कर रहा है।
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जीयनपुर थाना क्षेत्र के हरसिंहपुर गांव निवासी वादी मुकदमा रामेश्वर सिंह की पुत्री अमृता सिंह का विवाह मेंहनगर थाना क्षेत्र के ग्राम कटात निवासी राम अवध सिंह के पुत्र सचिन के साथ 10 मई 2009 को हुआ था। दहेज के लिए ससुराल वाले अमृता को प्रताड़ित किया करते थे। 16 अगस्त 2015 को ससुराल वाले विवाहिता की हत्या कर दी। इस मामले में वादी मृतका के रामेश्वर सिंह ने विवाहिता के पति सचिन, सास विद्या सिंह के विरुद्ध मुकदमा मेहनगर थाने में दर्ज कराया। जांच के बाद पुलिस ने दोनों के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। मुकदमे के परीक्षण के दौरान अभियोजन पक्ष की तरफ से पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता दीपक मिश्रा ने कुल नौ गवाहों को पेश कर अपने तर्को को रखा। अदालत ने उभय पक्षों के तर्को को सुनने के बाद उक्त सजा का निर्धारण किया।
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