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गोद में मरीज देख भड़के मंत्री, एसआईसी की लगाई क्लास
ब्यूरो,अमर उजाला,आजमगढ़
Updated Sun, 21 Jan 2018 12:37 AM IST
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सिद्धार्थनाथ सिंह एसआईसी को समझाते हुए
- फोटो : अमर उजाला
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जिले में पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह को मंडलीय अस्पताल में पहुंचते ही जो पहला नजारा दिखा वह स्वास्थ्य सुविधाओं की पोल खोलने के लिए काफी है। शनिवार को एक तीमारदार को अपने गोद में वृद्घ मरीज को उठाकर ले जाते देख वे भड़क उठे और एसआईसी की जमकर क्लास ली।
मंत्री का काफिला लगभग डेढ़ बजे मंडलीय अस्पताल पर पहुंचा। जहां उन्हें यह नजारा दिखा। उन्होंने निर्देश दिया कि गेट पर ही एक कर्मचारी ऐसा होना चाहिए जो मरीजों के लिए स्ट्रेचर की उपलब्धता सुनिश्चित कर सके। इसके बाद मंत्री ने कुछ डॉक्टरों के ओपीडी की जांच की।
कक्ष संख्या आठ में उन्होंने दवाओं की उपलब्धता की जानकारी ली। एसआईसी ने बकाया ज्यादा होने के चलते कंपनियों की ओर से दवा उपलब्ध न कराने की भी जानकारी दी। उन्होंने बजट की व्यवस्था कराने का आश्वासन दिया।
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इमरजेंसी के अगले हिस्से में मरीजों की मदद के लिए बने काउंटर पर किसी कर्मी की उपस्थित न होने पर भी उन्होंने नाराजगी जताई और तत्काल कर्मचारी की तैनाती का निर्देश दिया।
इमरजेंसी में भर्ती मरीजों से मिलकर अस्पताल की सुविधाओं का जायजा भी लिया। अस्पताल के निरीक्षण के दौरान कई कमियां मिलीं। उन्होंने एसआईसी को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि जल्द सुधार नहीं दिखा तो कार्रवाई सुनिश्चित है।
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मंत्री का काफिला लगभग डेढ़ बजे मंडलीय अस्पताल पर पहुंचा। जहां उन्हें यह नजारा दिखा। उन्होंने निर्देश दिया कि गेट पर ही एक कर्मचारी ऐसा होना चाहिए जो मरीजों के लिए स्ट्रेचर की उपलब्धता सुनिश्चित कर सके। इसके बाद मंत्री ने कुछ डॉक्टरों के ओपीडी की जांच की।
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कक्ष संख्या आठ में उन्होंने दवाओं की उपलब्धता की जानकारी ली। एसआईसी ने बकाया ज्यादा होने के चलते कंपनियों की ओर से दवा उपलब्ध न कराने की भी जानकारी दी। उन्होंने बजट की व्यवस्था कराने का आश्वासन दिया।
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इमरजेंसी के अगले हिस्से में मरीजों की मदद के लिए बने काउंटर पर किसी कर्मी की उपस्थित न होने पर भी उन्होंने नाराजगी जताई और तत्काल कर्मचारी की तैनाती का निर्देश दिया।
इमरजेंसी में भर्ती मरीजों से मिलकर अस्पताल की सुविधाओं का जायजा भी लिया। अस्पताल के निरीक्षण के दौरान कई कमियां मिलीं। उन्होंने एसआईसी को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि जल्द सुधार नहीं दिखा तो कार्रवाई सुनिश्चित है।