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Ayodhya News: रुदौली सीएचसी में गर्भवती की जांच रिपोर्ट पर विवाद, सीएमओ ने दिए जांच के आदेश
Sun, 28 Jun 2026 10:26 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Sun, 28 Jun 2026 10:26 PM IST
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रुदौली। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रुदौली में एक गर्भवती महिला की जांच रिपोर्ट को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। अस्पताल और निजी पैथोलॉजी की रिपोर्ट में हीमोग्लोबिन तथा ब्लड शुगर के परिणामों में बड़ा अंतर मिला है। सीएमओ ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के आदेश दिए हैं।
बेतौली गांव के प्रदीप 24 जून को अपनी 29 वर्षीय गर्भवती पत्नी सिंकी को जांच के लिए सीएचसी रुदौली लाए थे। आरोप है कि फातिमा हसन ने पहले सीएचसी की पैथोलॉजी में जांच कराई। सीएचसी की रिपोर्ट में हीमोग्लोबिन 10.4 ग्राम और ब्लड शुगर 96 दर्ज था। इसके बाद उन्होंने निजी पैथोलॉजी से जांच कराने का पर्चा लिख दिया। सिंकी ने डॉक्टर के कहने पर बाहर से जांच कराई। निजी पैथोलॉजी की रिपोर्ट में हीमोग्लोबिन 7.4 ग्राम और ब्लड शुगर 85 दर्ज किया गया। दोनों रिपोर्टों में अंतर आने से परिजनों ने जांच की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए। रवींद्र शुक्ला ने सीएमओ को पूरे मामले की रिपोर्ट भेजी है।
सीएमओ ने दिए जांच के आदेश
सीएमओ डॉ. देवेंद्र भिटौरिया ने कहा कि सीएचसी में जांच सुविधा होने पर मरीजों की जांच वहीं होनी चाहिए। बिना उचित कारण निजी पैथोलॉजी से जांच कराना गंभीर मामला है। उन्होंने पूरे प्रकरण की जांच के लिए टीम गठित करने की बात कही। जांच रिपोर्ट मिलने पर दोषी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई होगी। अस्पताल में उपलब्ध सुविधा के बावजूद बाहर की जांच क्यों लिखी गई, यह सवाल भी उठ रहा है।
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बेतौली गांव के प्रदीप 24 जून को अपनी 29 वर्षीय गर्भवती पत्नी सिंकी को जांच के लिए सीएचसी रुदौली लाए थे। आरोप है कि फातिमा हसन ने पहले सीएचसी की पैथोलॉजी में जांच कराई। सीएचसी की रिपोर्ट में हीमोग्लोबिन 10.4 ग्राम और ब्लड शुगर 96 दर्ज था। इसके बाद उन्होंने निजी पैथोलॉजी से जांच कराने का पर्चा लिख दिया। सिंकी ने डॉक्टर के कहने पर बाहर से जांच कराई। निजी पैथोलॉजी की रिपोर्ट में हीमोग्लोबिन 7.4 ग्राम और ब्लड शुगर 85 दर्ज किया गया। दोनों रिपोर्टों में अंतर आने से परिजनों ने जांच की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए। रवींद्र शुक्ला ने सीएमओ को पूरे मामले की रिपोर्ट भेजी है।
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सीएमओ ने दिए जांच के आदेश
सीएमओ डॉ. देवेंद्र भिटौरिया ने कहा कि सीएचसी में जांच सुविधा होने पर मरीजों की जांच वहीं होनी चाहिए। बिना उचित कारण निजी पैथोलॉजी से जांच कराना गंभीर मामला है। उन्होंने पूरे प्रकरण की जांच के लिए टीम गठित करने की बात कही। जांच रिपोर्ट मिलने पर दोषी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई होगी। अस्पताल में उपलब्ध सुविधा के बावजूद बाहर की जांच क्यों लिखी गई, यह सवाल भी उठ रहा है।
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