{"_id":"692c88f55c961a0591006dad","slug":"skill-development-of-youth-stopped-target-not-fixed-for-seven-months-auraiya-news-c-211-1-aur1006-135288-2025-11-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Auraiya News: युवाओं के कौशल का विकास रुका, सात माह से लक्ष्य तय नहीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Auraiya News: युवाओं के कौशल का विकास रुका, सात माह से लक्ष्य तय नहीं
विज्ञापन
औरैया। युवाओं को कौशल विकास मिशन के जरिए हर साल हुनरमंद बनाते हुए स्वरोजगार की राह दिखाई जाती है। युवाओं को काम भी मिलता है। इस बार योजना को मौजूदा सत्र में सात माह होने जा रहे हैं, लेकिन अभी तक शासन स्तर से लक्ष्य ही जारी नहीं किया गया है। इससे युवाओं को रोजगार की राह दिखाने वाली यह योजना ठंडे बस्ते में चली गई है।
युवाओं को सिलाई, कढ़ाई, कंप्यूटर समेत अन्य रोजगारपरक कामों में हर साल कौशल विकास मिशन के जरिए दक्ष बनाया जाता है। पिछले साल जिले में पांच ट्रेनिंग पार्टनर ने युवाओं को हुनरमंद बनाने की कमान संभाली थी। जिले के 561 युवाओं को निशुल्क प्रशिक्षण देकर विभिन्न ट्रेड में दक्ष बनाया था। इनमें 100 के करीब युवाओं ने स्वरोजगार चुना, जबकि 400 के करीब युवाओं ने नौकरी पाई। इस साल यह प्रयास ठंडे बस्ते में चला गया। अप्रैल में हर साल इस योजना के तहत जिले में लक्ष्य आता था। इस बार लक्ष्य नवंबर माह में भी नहीं आया है। ऐसे में इस बार युवाओं में मायूसी नजर आ रही है। वहीं, युवाओं के प्रशिक्षण को लेकर ट्रेनिंग पार्टनर मोटी रकम फंसा चुके हैं। उनके कौशल विकास केंद्रों पर सन्नाटा पसरा हुआ है। जिम्मेदार इस मामले में शासन के निर्णय का इंतजार करने की सलाह दे रहे हैं।
ज्यादातर नौकरी में कंप्यूटर का प्रशिक्षण मांगा जाता है। ऐसे में कौशल विकास केंद्रों से प्रशिक्षण लेने की तैयारी बना रहे थे, लेकिन इस बार केंद्रों पर ये प्रशिक्षण ही नहीं हो रहे हैं। ऐसे में अब प्राइवेट में ही प्रशिक्षण लेना पड़ेगा।
विज्ञापन
- उत्कर्ष गुप्ता
कौशल विकास मिशन से इस बार प्रशिक्षण का खाता नहीं खुल सका है। सिलाई की बारीकी सीखने की तैयारी बनाई थी, लेकिन कौशल विकास केंद्र बंद पड़े हुए हैं। शासन स्तर से इस योजना को रफ्तार दी जानी चाहिए। - रामजी शाक्य
पिछले साल 561 युवाओं को कौशल विकास केंद्रों पर प्रशिक्षित किया गया था। इस बार शासन स्तर से प्रशिक्षण को लेकर कोई लक्ष्य नहीं आया है। इसका इंतजार किया जा रहा है।
-अतुल सिंह, प्रबंधक, कौशल विकास मिशन
विज्ञापन
युवाओं को सिलाई, कढ़ाई, कंप्यूटर समेत अन्य रोजगारपरक कामों में हर साल कौशल विकास मिशन के जरिए दक्ष बनाया जाता है। पिछले साल जिले में पांच ट्रेनिंग पार्टनर ने युवाओं को हुनरमंद बनाने की कमान संभाली थी। जिले के 561 युवाओं को निशुल्क प्रशिक्षण देकर विभिन्न ट्रेड में दक्ष बनाया था। इनमें 100 के करीब युवाओं ने स्वरोजगार चुना, जबकि 400 के करीब युवाओं ने नौकरी पाई। इस साल यह प्रयास ठंडे बस्ते में चला गया। अप्रैल में हर साल इस योजना के तहत जिले में लक्ष्य आता था। इस बार लक्ष्य नवंबर माह में भी नहीं आया है। ऐसे में इस बार युवाओं में मायूसी नजर आ रही है। वहीं, युवाओं के प्रशिक्षण को लेकर ट्रेनिंग पार्टनर मोटी रकम फंसा चुके हैं। उनके कौशल विकास केंद्रों पर सन्नाटा पसरा हुआ है। जिम्मेदार इस मामले में शासन के निर्णय का इंतजार करने की सलाह दे रहे हैं।
विज्ञापन
ज्यादातर नौकरी में कंप्यूटर का प्रशिक्षण मांगा जाता है। ऐसे में कौशल विकास केंद्रों से प्रशिक्षण लेने की तैयारी बना रहे थे, लेकिन इस बार केंद्रों पर ये प्रशिक्षण ही नहीं हो रहे हैं। ऐसे में अब प्राइवेट में ही प्रशिक्षण लेना पड़ेगा।
विज्ञापन
- उत्कर्ष गुप्ता
कौशल विकास मिशन से इस बार प्रशिक्षण का खाता नहीं खुल सका है। सिलाई की बारीकी सीखने की तैयारी बनाई थी, लेकिन कौशल विकास केंद्र बंद पड़े हुए हैं। शासन स्तर से इस योजना को रफ्तार दी जानी चाहिए। - रामजी शाक्य
पिछले साल 561 युवाओं को कौशल विकास केंद्रों पर प्रशिक्षित किया गया था। इस बार शासन स्तर से प्रशिक्षण को लेकर कोई लक्ष्य नहीं आया है। इसका इंतजार किया जा रहा है।
-अतुल सिंह, प्रबंधक, कौशल विकास मिशन