{"_id":"5e9c8e338ebc3e76864865c9","slug":"cultural-auraiya-news-knp5560572147","type":"story","status":"publish","title_hn":"लॉकडाउन में कविता व गीत लिखकर दे रहे धार और कर रहे जागरूक 15-18-20","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लॉकडाउन में कविता व गीत लिखकर दे रहे धार और कर रहे जागरूक 15-18-20
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औरैया। लॉकडाउन के दौरान कवि, साहित्यकार व गीतकार समय का सदुपयोग कर नई रचनाओं का सृजन करने में जुटे हैं। साथ ही सोशल मीडिया पर कविताओं के माध्यम से लोगों को जागरूक कर रहे हैं।
चौ. विशंभर सिंह भारतीय विद्यालय की प्रधानाचार्य व जानी मानी कवयित्री गीता चतुर्वेदी ने बताया कि वह इन दिनों नामचीन लेखकों की पुस्तकों का अध्ययन करने के साथ ही छात्रों को वीडियो कॉलिंग से सोशल डिस्टेंस का पालन करने के लिए जागरूक कर रहीं हैं।
साथ ही कविता के माध्यम से भी लोगों को सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को कोरोना वायरस के प्रति जागरूक कर रहीं हैं। उनकी रचना ‘खुद बचें औरों का जीवन भी बचाएंगे, घर में रहकर ही कोरोना को भगाएंगे’ और ‘जग में कोरोना का कहर है, लगता मौत का यह मंजर है’ लोग खूब पसंद कर रहे हैं।
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कवि डॉ.गोविंद द्विवेदी ‘कोरोना का कहर रोकना सबकी जिम्मेदारी है, जीना है तो घर पर रहना ही सबकी लाचारी है, धोते रहना हाथ लगाना मास्क कठिन बीमारी है’ कविता के माध्यम से जागरूक कर रहे हैं। कवि प्रशांत अवस्थी ने ‘सुन लो भैया सुन लो बहना कोरोना से बचकर रहना’ रचना लिखी है। इसी तरह कई अन्य रचनाकार भी लोगों को कोरोना वायरस के प्रति कविताओं के माध्यम से जागरूक करने में लगे हैं।
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चौ. विशंभर सिंह भारतीय विद्यालय की प्रधानाचार्य व जानी मानी कवयित्री गीता चतुर्वेदी ने बताया कि वह इन दिनों नामचीन लेखकों की पुस्तकों का अध्ययन करने के साथ ही छात्रों को वीडियो कॉलिंग से सोशल डिस्टेंस का पालन करने के लिए जागरूक कर रहीं हैं।
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साथ ही कविता के माध्यम से भी लोगों को सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को कोरोना वायरस के प्रति जागरूक कर रहीं हैं। उनकी रचना ‘खुद बचें औरों का जीवन भी बचाएंगे, घर में रहकर ही कोरोना को भगाएंगे’ और ‘जग में कोरोना का कहर है, लगता मौत का यह मंजर है’ लोग खूब पसंद कर रहे हैं।
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कवि डॉ.गोविंद द्विवेदी ‘कोरोना का कहर रोकना सबकी जिम्मेदारी है, जीना है तो घर पर रहना ही सबकी लाचारी है, धोते रहना हाथ लगाना मास्क कठिन बीमारी है’ कविता के माध्यम से जागरूक कर रहे हैं। कवि प्रशांत अवस्थी ने ‘सुन लो भैया सुन लो बहना कोरोना से बचकर रहना’ रचना लिखी है। इसी तरह कई अन्य रचनाकार भी लोगों को कोरोना वायरस के प्रति कविताओं के माध्यम से जागरूक करने में लगे हैं।