{"_id":"634710420faa4f53bb216cd5","slug":"inligal-ploting-jpnagar-news-mbd444168523","type":"story","status":"publish","title_hn":"हरे-भरे आम के पेड़ों को काटकर कर दी प्लॉटिंग, तीन पर एफआईआर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हरे-भरे आम के पेड़ों को काटकर कर दी प्लॉटिंग, तीन पर एफआईआर
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हरे-भरे आम के पेड़ों को काटकर कर दी प्लॉटिंग, तीन पर एफआईआर
अमरोहा। नगर क्षेत्र में आम के हरे भरे पेड़ों को काटकर प्लॉटिंग कर दी गई। मामले की जानकारी हुई तो वन अधिकारियों में खलबली मच गई। आनन फानन तीन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।
सीओ सिटी विजय कुमार राणा ने बताया कि अमरोहा नगर के मोहल्ला शफातपोता में सैय्यद मुख्तार क परिवार रहता है। उन्होंने कुछ दिन पहले जिला वन अधिकारी से शिकायत की थी, जिसकी जांच वन सेक्शन प्रभारी बिलाल इब्राहिम ने की। राजस्व विभाग के अभिलेखों में भी आम का बाग दर्ज पाया गया, लेकिन लोगों ने मौके पर आम के हरे भरे पेड़ों को काटकर प्लॉटिंग शुरू कर दी। इस मामले में सेक्शन प्रभारी की तरफ से तहरीर दी गई। जिसके आधार पर नसीम खान निवासी रज्जाक, मनीष कुमार निवासी काला खेड़ा थाना डिडौली और अफजल बैग निवासी बटवाल कोतवाली अमरोहा नगर के खिलाफ उत्तर प्रदेश ग्रामीण एवं पर्वतीय क्षेत्रों में वृक्षों का संरक्षण अधिनियम और भारतीय वन अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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अमरोहा। नगर क्षेत्र में आम के हरे भरे पेड़ों को काटकर प्लॉटिंग कर दी गई। मामले की जानकारी हुई तो वन अधिकारियों में खलबली मच गई। आनन फानन तीन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।
सीओ सिटी विजय कुमार राणा ने बताया कि अमरोहा नगर के मोहल्ला शफातपोता में सैय्यद मुख्तार क परिवार रहता है। उन्होंने कुछ दिन पहले जिला वन अधिकारी से शिकायत की थी, जिसकी जांच वन सेक्शन प्रभारी बिलाल इब्राहिम ने की। राजस्व विभाग के अभिलेखों में भी आम का बाग दर्ज पाया गया, लेकिन लोगों ने मौके पर आम के हरे भरे पेड़ों को काटकर प्लॉटिंग शुरू कर दी। इस मामले में सेक्शन प्रभारी की तरफ से तहरीर दी गई। जिसके आधार पर नसीम खान निवासी रज्जाक, मनीष कुमार निवासी काला खेड़ा थाना डिडौली और अफजल बैग निवासी बटवाल कोतवाली अमरोहा नगर के खिलाफ उत्तर प्रदेश ग्रामीण एवं पर्वतीय क्षेत्रों में वृक्षों का संरक्षण अधिनियम और भारतीय वन अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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