{"_id":"6aa3028aec62a32d2300a966","slug":"water-that-entered-homes-has-not-receded-for-15-days-amethi-news-c-96-1-ame1019-175335-2026-09-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amethi News: 15 दिनों से नहीं निकला घरों में घुसा पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amethi News: 15 दिनों से नहीं निकला घरों में घुसा पानी
Fri, 11 Sep 2026 12:48 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Fri, 11 Sep 2026 12:48 AM IST
विज्ञापन
मुसाफिरखाना के पलिया पूरब गांव के जोगी बीरान कालोनी में जलभराव के बीच गुजरती महिलाएं। स्रोत- ग्
मुसाफिरखाना। पलिया पूरब गांव के जोगी बीरान स्थित कॉलोनी में 15 दिन से जलभराव की समस्या बनी हुई है। जलनिकासी की व्यवस्था नहीं होने से 16 घरों में पानी घुसा है और करीब 200 ग्रामीण पानी व कीचड़ के बीच रहने और आवागमन को मजबूर हैं। नहर और बारिश का पानी जमा होने से गंदगी और मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। ग्रामीणों ने एसडीएम को शिकायती पत्र देकर जलनिकासी की व्यवस्था कराने की मांग की है।
ग्रामीणों के अनुसार गांव के पास से गुजर रही नहर की नाली सिंचाई के दौरान खोली जाती है। सिंचाई पूरी होने के बाद नाली बंद नहीं किए जाने से नहर का पानी गांव की ओर आने लगता है। वहीं, राजीव गांधी पॉलीटेक्निक के पास बना नाला अवरुद्ध होने से बारिश और नाली का पानी बाहर नहीं निकल पा रहा है। इससे कॉलोनी में लगातार पानी जमा है।
ग्रामीणों ने बताया कि 26 अगस्त से जलभराव की स्थिति बनी हुई है। घरों में पानी घुसने से रोजमर्रा के काम प्रभावित हैं। लोगों को घरों से निकलने के लिए पानी और कीचड़ से होकर गुजरना पड़ रहा है। लंबे समय से जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से बीमारी फैलने की आशंका भी बनी हुई है।
विज्ञापन
ग्रामीणों का कहना है कि जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था नहीं होने से हर साल करीब 200 लोगों को समस्या झेलनी पड़ती है। ग्राम प्रधान फैजान खान ने बताया कि बजट के अभाव में नाली का निर्माण नहीं हो सका है। इसके लिए प्रयास किया जा रहा है। तहसीलदार राहुल सिंह ने बताया कि संबंधित विभाग से समन्वय कर जल्द जलनिकासी की व्यवस्था कराई जाएगी।
विज्ञापन
ग्रामीणों के अनुसार गांव के पास से गुजर रही नहर की नाली सिंचाई के दौरान खोली जाती है। सिंचाई पूरी होने के बाद नाली बंद नहीं किए जाने से नहर का पानी गांव की ओर आने लगता है। वहीं, राजीव गांधी पॉलीटेक्निक के पास बना नाला अवरुद्ध होने से बारिश और नाली का पानी बाहर नहीं निकल पा रहा है। इससे कॉलोनी में लगातार पानी जमा है।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने बताया कि 26 अगस्त से जलभराव की स्थिति बनी हुई है। घरों में पानी घुसने से रोजमर्रा के काम प्रभावित हैं। लोगों को घरों से निकलने के लिए पानी और कीचड़ से होकर गुजरना पड़ रहा है। लंबे समय से जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से बीमारी फैलने की आशंका भी बनी हुई है।
विज्ञापन
ग्रामीणों का कहना है कि जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था नहीं होने से हर साल करीब 200 लोगों को समस्या झेलनी पड़ती है। ग्राम प्रधान फैजान खान ने बताया कि बजट के अभाव में नाली का निर्माण नहीं हो सका है। इसके लिए प्रयास किया जा रहा है। तहसीलदार राहुल सिंह ने बताया कि संबंधित विभाग से समन्वय कर जल्द जलनिकासी की व्यवस्था कराई जाएगी।