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तीन सरकारी अस्पतालों को किया गया अलर्ट
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अंबेडकरनगर। जिले में लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने तीन सरकारी अस्पतालोें को अलर्ट मोड पर कर दिया है। जिला अस्पताल, राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर व मातृ शिशु विंग जलालपुर को सीएमओ डॉ. अशोक कुमार ने पत्र भेजकर सभी जरूरी तैयारियां पूर्ण कर लिए जाने का निर्देश दिया है। इस बीच टांडा स्थित मातृ शिशु विंग के 100 बेड का कोरोना अस्पताल के रूप में संचालन जारी है। इस बीच कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए जिले में न सिर्फ टीकाकरण अभियान तेज कर दिया गया है, बल्कि कोरोना प्रोटोकाल का पालन कराने के लिए सख्ती भी बढ़ गई है। मास्क लगाने की अनिवार्यता सुनिश्चित कराने व सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराने के लिए जिम्मेदारों की ओर से लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
जिले में कोरोना संक्रमितों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। आलम यह है कि 2 अप्रैल तक जिले में कोरोना संक्रमितों की संख्या तेजी से बढ़कर 28 तक पहुंच गई थी। लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन ने न सिर्फ सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराने, बल्कि मास्क की अनिवार्यता सुनिश्चित कराने का सख्त निर्देश जिम्मेदारों को दिया है। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरते जाने का निर्देश है। डीएम के सख्त निर्देश व जिले में लगातार सामने आ रहे कोरोना मरीज को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय हो गया है।
सीएमओ डॉ. अशोक कुमार ने जिला अस्पताल, राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर व मातृ शिशु विंग जलालपुर को पत्र भेजकर अलर्ट मोड पर रहने का निर्देश दिया है। पत्र में कहा गया है कि कोरोना संक्रमण को देखते हुए सभी जरूरी तैयारियां पूर्ण कर ली जाएं। आवश्यकता पड़ने पर पांच दिन के अंदर अस्पताल को कोविड-19 सेंटर के रूप में क्रियाशील करना होगा। सीएमओ ने बताया कि फिलहाल मातृ शिशु विंग टांडा के 100 बेड को कोविड अस्पताल के रूप में संचालित किया जा रहा है। संबंधित अस्पताल में सभी जरूरी तैयारियां पूर्ण हैं। किसी भी प्रकार की मुश्किल वहां भर्ती होने वाले मरीजों को नहीं होगी।
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मास्क को लेकर बढ़ी सख्ती
जिले में कोरोना संक्रमण के लगातार बढ़ते प्रकोप को देखते हुए जिलाधिकारी के सख्त निर्देश के बाद पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से अभियान चलाकर मास्क लगाने की अनिवार्यता सुनिश्चित कराने को लेकर सख्ती बरती जा रही है। गत दिवस इसे लेकर जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन व एसपी आलोक प्रियदर्शी ने स्वयं जिला मुख्यालय की सड़कों पर उतरकर आमजन को मास्क लगाने के प्रति जागरूक किया था। इसके अलावा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराने को लेकर भी सख्ती बरती जा रही है। सरकारी व निजी कार्यालयों में थर्मल स्क्रीनिंग भी शुरू कर दी गई है।
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जिले में कोरोना संक्रमितों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। आलम यह है कि 2 अप्रैल तक जिले में कोरोना संक्रमितों की संख्या तेजी से बढ़कर 28 तक पहुंच गई थी। लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन ने न सिर्फ सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराने, बल्कि मास्क की अनिवार्यता सुनिश्चित कराने का सख्त निर्देश जिम्मेदारों को दिया है। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरते जाने का निर्देश है। डीएम के सख्त निर्देश व जिले में लगातार सामने आ रहे कोरोना मरीज को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय हो गया है।
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सीएमओ डॉ. अशोक कुमार ने जिला अस्पताल, राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर व मातृ शिशु विंग जलालपुर को पत्र भेजकर अलर्ट मोड पर रहने का निर्देश दिया है। पत्र में कहा गया है कि कोरोना संक्रमण को देखते हुए सभी जरूरी तैयारियां पूर्ण कर ली जाएं। आवश्यकता पड़ने पर पांच दिन के अंदर अस्पताल को कोविड-19 सेंटर के रूप में क्रियाशील करना होगा। सीएमओ ने बताया कि फिलहाल मातृ शिशु विंग टांडा के 100 बेड को कोविड अस्पताल के रूप में संचालित किया जा रहा है। संबंधित अस्पताल में सभी जरूरी तैयारियां पूर्ण हैं। किसी भी प्रकार की मुश्किल वहां भर्ती होने वाले मरीजों को नहीं होगी।
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मास्क को लेकर बढ़ी सख्ती
जिले में कोरोना संक्रमण के लगातार बढ़ते प्रकोप को देखते हुए जिलाधिकारी के सख्त निर्देश के बाद पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से अभियान चलाकर मास्क लगाने की अनिवार्यता सुनिश्चित कराने को लेकर सख्ती बरती जा रही है। गत दिवस इसे लेकर जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन व एसपी आलोक प्रियदर्शी ने स्वयं जिला मुख्यालय की सड़कों पर उतरकर आमजन को मास्क लगाने के प्रति जागरूक किया था। इसके अलावा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराने को लेकर भी सख्ती बरती जा रही है। सरकारी व निजी कार्यालयों में थर्मल स्क्रीनिंग भी शुरू कर दी गई है।