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बारिश से जनजीवन अस्तव्यस्त
अमर उजाला ब्यूरो/ अंबेडकरनगर
Updated Mon, 29 Jun 2015 11:18 PM IST
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नाले व नाली का गंदा पानी सड़क पर बहने से आवागमन में दिक्कत में हो रही है। बाजारों में सन्नाटे का माहौल है। इससे व्यवसाय पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। उधर बारिश ने धान किसानों के चेहरे खिल गए हैं। एक तरफ जहां बेरन लगाने के कार्य में तेजी आई है, वहीं धान की रोपाई के कार्य भी शुरू हो गया है।
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शनिवार दोपहर बाद से शुरू हुआ बरसात का सिलसिला सोमवार शाम तक जारी रहा। लगातार रुक रुककर हो रही बारिश से गर्मी से जूझ रहे लोगों को राहत तो मिली लेकिन आम जनजीवन पूरी तरह अस्त व्यस्त हो गया। शहरी क्षेत्र के लोगों ने अपने को घरों तक ही सीमित रखा।
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जिला मुख्यालय सहित ग्रामीण क्षेत्र की छोटी बड़ी बाजारों में सन्नाटे का माहौल रहा। इससे व्यवसाय पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ा। ग्राहकों के कम आने पर दुकानदार खाली बैठे रहे। शहजादपुर के रेडीमेड व्यवसाई मोहम्मद नईम व दीपकुमार ने बताया कि बदले मौसम ने गर्मी से तो राहत अवश्य पहुंचाई, लेकिन व्यवसाय पर प्रतिकूल प्रभाव डाला है।
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लगातार हो रही बारिश से धान किसानों के चेहरे पर चमक उठे। न सिर्फ धान की बेड़न लगाने का कार्य तेज हो गया, वरन धान की रोपाई ने भी जोर पकड़ लिया। अकबरपुर के किसान रामअवध वर्मा व शोभराज तिवारी ने कहा कि वर्षा की एक एक बूंद धान की फसल के लिए अमृगत बन गिर रही है।
भीटी के रामबख्श सिंह व जगदंबा ने कहा कि यदि दो चार दिन और इसी प्रकार से बारिश हो जाए, तो धान की रोपाई में व्यापक लाभ होगा। टांडा के रामसिंगार व मोहम्मद नईम ने कहा कि बारिश से न सिर्फ गर्मी से राहत मिली है, वरन धान की फसल को भी व्यापक लाभ हुआ है।
हालांकि पिपिरमेंट की खेती करने वाले अकबरपुर के जगन्नाथ, भीटी के शीतला प्रसाद व जलालपुर के गिरिजा तिवारी ने चिंता जताते हुए कहा कि यदि बारिश का सिलसिला नहीं थमा, तो इसका प्रतिकूल प्रभाव मेंथा की फसल पर पड़ेगा।