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समुचित मुआवजे की मांग को लेकर भड़के किसान, मार्ग जाम
अमर उजाला ब्यूरो/अंबेडकरनगर
Updated Tue, 15 Nov 2016 11:20 PM IST
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अंबेडकरनगर के भोजपुरी गांव के पास मुआवजे की मांग को लेकर सड़क जाम करते राष्ट्रीय राजमार्ग निर्माण से प्रभावित किसान।
- फोटो : अमर उजाला
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समुचित मुआवजे की मांग को लेकर किसान मोर्चा संघर्ष समिति व भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक ने संयुक्त रूप से बसखारी, आजमगढ़, वाराणसी प्रस्तावित एनएच मार्ग पर आलापुर तहसील अंतर्गत भोजपुरी गांव के पास मंगलवार को जमकर हंगामा किया।
कहा गया कि एनएच निर्माण में ली जा रही किसानों की भूमि के बदले आजमगढ़ जनपद की तरह मुआवजा दिया जाए और मुआवजा देने के बाद ही उनकी भूमि ली जाए। चेतावनी दी गई कि जब तक उनकी मांगों का निस्तारण नहीं होता, तब तक धरना समाप्त नहीं होगा। उन्होंने कुछ देर के लिए अकबरपुर आजमगढ़ मार्ग भी जाम कर दिया।
इस बीच सूचना मिलने पर पहुंचे एसडीएम व सीओ आलापुर ने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन देकर आंदोलन समाप्त कराया। किसान मोर्चा संघर्ष समिति अध्यक्ष श्रीराम पटेल ने कहा कि एनएच निर्माण में किसान की ली जा रही भूमि के बदले जो रेट तय किया गया है, वह काफी कम है, जबकि आजमगढ़ में प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जा रहा है।
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उन्होंने आजमगढ़ जनपद के किसानों को दिए जाने वाले मुआवजे के बराबर दिए जाने की मांग की। कहा कि यदि प्रशासन ने उनकी मांग नहीं मानी, तो किसान कतई अपनी भूमि नहीं देंगे। इसके लिए यदि उन्हें अपनी जान भी देनी पड़े, तो देंगे। भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक जिलाध्यक्ष रणजीत उर्फ लल्लू वर्मा ने कहा कि किसानों की भूमि को औने पौने दाम पर नहीं जाने दिया जाएगा।
किसानों के हित को लेकर भाकियू अराजनैतिक पूरी मजबूती के साथ किसान मोर्चा संघर्ष समिति के साथ खड़ा है। कहा कि जब तक कि किसानों को उचित मुआवजा न मिल जाए, तब तक उनकी भूमि का अधिग्रहण न किया जाए। चेतावनी दी कि यदि जबरदस्ती किसानों की भूमि का अधिग्रहण किया गया, तो संगठन पूरी मजबूती के साथ संघर्ष करेगा।
इस बीच मांग को लेकर कार्यकर्ताओं ने अकबरपुर आजमगढ़ मार्ग कुछ देर के लिए जाम कर दिया। सूचना मिलने पर एसडीएम आलापुर विनय गुप्ता व सीओ राजेंद्र दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन देकर ग्रामीणों का आंदोलन समाप्त कराया। अधिकारियों ने कहा कि ग्रामीणों के हक की अनदेखी नहीं होगी। इस मौके पर कई गांव से जुड़े तमाम किसान मौजूद रहे।
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कहा गया कि एनएच निर्माण में ली जा रही किसानों की भूमि के बदले आजमगढ़ जनपद की तरह मुआवजा दिया जाए और मुआवजा देने के बाद ही उनकी भूमि ली जाए। चेतावनी दी गई कि जब तक उनकी मांगों का निस्तारण नहीं होता, तब तक धरना समाप्त नहीं होगा। उन्होंने कुछ देर के लिए अकबरपुर आजमगढ़ मार्ग भी जाम कर दिया।
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इस बीच सूचना मिलने पर पहुंचे एसडीएम व सीओ आलापुर ने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन देकर आंदोलन समाप्त कराया। किसान मोर्चा संघर्ष समिति अध्यक्ष श्रीराम पटेल ने कहा कि एनएच निर्माण में किसान की ली जा रही भूमि के बदले जो रेट तय किया गया है, वह काफी कम है, जबकि आजमगढ़ में प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जा रहा है।
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उन्होंने आजमगढ़ जनपद के किसानों को दिए जाने वाले मुआवजे के बराबर दिए जाने की मांग की। कहा कि यदि प्रशासन ने उनकी मांग नहीं मानी, तो किसान कतई अपनी भूमि नहीं देंगे। इसके लिए यदि उन्हें अपनी जान भी देनी पड़े, तो देंगे। भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक जिलाध्यक्ष रणजीत उर्फ लल्लू वर्मा ने कहा कि किसानों की भूमि को औने पौने दाम पर नहीं जाने दिया जाएगा।
किसानों के हित को लेकर भाकियू अराजनैतिक पूरी मजबूती के साथ किसान मोर्चा संघर्ष समिति के साथ खड़ा है। कहा कि जब तक कि किसानों को उचित मुआवजा न मिल जाए, तब तक उनकी भूमि का अधिग्रहण न किया जाए। चेतावनी दी कि यदि जबरदस्ती किसानों की भूमि का अधिग्रहण किया गया, तो संगठन पूरी मजबूती के साथ संघर्ष करेगा।
इस बीच मांग को लेकर कार्यकर्ताओं ने अकबरपुर आजमगढ़ मार्ग कुछ देर के लिए जाम कर दिया। सूचना मिलने पर एसडीएम आलापुर विनय गुप्ता व सीओ राजेंद्र दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन देकर ग्रामीणों का आंदोलन समाप्त कराया। अधिकारियों ने कहा कि ग्रामीणों के हक की अनदेखी नहीं होगी। इस मौके पर कई गांव से जुड़े तमाम किसान मौजूद रहे।