UP News: देशी शराब ठेके के पास ऑटो में खून से लथपथ मिला चालक का शव, नाक और मुंह से बह रहा था खून
अंबेडकरनगर में देशी शराब ठेके के पास ऑटो में खून से लथपथ चालक का शव मिला। उसके नाक और मुंह से खून बह रहा था। पुलिस मामले की जांच कर रही है। आगे पढ़ें पूरा अपडेट...
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यूपी के अंबेडकरनगर में बृहस्पतिवार सुबह देशी शराब के ठेके के पास ऑटो में चालक संजय कुमार का शव ऑटो में मिलने से सनसनी फैल गई। युवक के नाक व मुंह से खून निकल रहा था। इससे पूरे कपड़े सन गए थे। पुलिस ने मामले की जांच शुरू की है।
घटना बसखारी थाना इलाके के शुकुल बाजार से मरौचा जाने वाले लिंक मार्ग की है। पड़रिया फौलादपुर के सेवानिवृत्त राजस्व कर्मी राम दुलार के मुताबिक, उनका बेटा संजय कुमार उर्फ गप्पू (48) ऑटो चालक था। वह बसखारी-न्योरी मार्ग पर ऑटो चलाता था।
बुधवार की सुबह हर दिन की भांति घर से ऑटो लेकर निकला था। रात 9 बजे तक वापस नहीं लौटा। मां कमलावती देवी ने खाना और पानी गर्म करके उनके कमरे में रख दिया था, ताकि वापस लौटने पर खाना खा सके।
मुंह व नाक से खून बहता देख चीख पड़े पिता
बृहस्पतिवार की भोर जब संजय को कमरे में नहीं देखा, तो परिजन जान-पहचान वालों से पूछताछ करने लगे। तभी सुबह 9 बजे संजय का शव शुकुल बाजार स्थित शराब के ठेके के पास खड़े ऑटो में ड्राइविंग सीट पर मिला। पिता रामदुलार घटनास्थल पर पहुंचे। वहां संजय के मुंह व नाक से खून बहता देख चीख पड़े।
सीओ सिटी नीतीश कुमार तिवारी ने बताया कि प्रथम दृष्ट्या अत्यधिक शराब सेवन की वजह से खून की उल्टियां होने से मौत होने की बात सामने आई है। मृतक के पिता ने भी शराब का सेवन अधिक करने की बात कही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मामले में अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
मई माह में होनी है बेटी की शादी, मायके में रह रही पत्नी
संजय की तीन संतान हैं। बड़ी बेटी ब्यूटी (23) बीएड और बेटा आकाश बीए का छात्र है। छोटी बेटी अनन्या कक्षा आठ में व पुत्र भी पढ़ाई करता है। मृतक की मां कमलावती ने बताया कि बेटे संजय ने अपनी बेटी ब्यूटी की शादी तय है। विवाह की तारीख मई में रखी गई है।
संजय शराब का अधिक सेवन करता था। इस बात को लेकर अक्सर संजय का अपनी पत्नी श्रीमती से मनमुटाव रहता था। शराब पीने की लत से परेशान होकर श्रीमती अपनी छोटी बेटी अनन्या को लेकर परवरडीह स्थित अपने मायके चले गई थी। इस बात से संजय क्षुब्ध रहते थे। अचानक संजय की मौत से खुशियां मातम में बदल गईं।