{"_id":"bf6f8f6099e347af7e06a4d09f57eee6","slug":"back-paper-examinations-starts-with-mismanagemant-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अव्यवस्थाओं के बीच बैक पेपर परीक्षाएं शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अव्यवस्थाओं के बीच बैक पेपर परीक्षाएं शुरू
अंबेडकरनगर/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 16 Dec 2015 10:34 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले के पांच परीक्षा केंद्रों पर बुधवार को महाविद्यालयीय बैक पेपर की परीक्षाएं शुरू हुईं। रमाबाई महिला महाविद्यालय में तो एकदम आमने-सामने बैठकर छात्र-छात्राओं ने परीक्षा दी।
अवध विश्वविद्यालय की बैक पेपर परीक्षा बुधवार से प्रारंभ हुई। इसके लिए जिले में पांच परीक्षा केंद्र बनाए गए। इसमें बीएनकेबी पीजी कॉलेज अकबरपुर, रमाबाई राजकीय महिला महाविद्यालय अकबरपुर, टीएनपीजी कॉलेज टांडा सहित परुइया आश्रम स्थित महाविद्यालय व राजकीय पीजी कॉलेज आलापुर शामिल हैं। परीक्षा में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं के शामिल होने के चलते पहले दिन अव्यवस्था का बोलबाला रहा। दरअसल नकल विहीन परीक्षा कराने के लिए विवि प्रशासन प्रयास कर रहा है।
इसी कड़ी में पांच विद्यालयों को इस बार बैक पेपर परीक्षा के लिए केंद्र बनाया गया। ये बात अलग है कि संबंधित विद्यालयों व उसमें छात्र-छात्राओं के परीक्षा देने की संख्या का निर्धारण करते समय इस बात का ध्यान नहीं रखा गया कि वहां पर व्यवस्था कैसी व कितनी है।
विज्ञापन
इसी का खामियाजा बुधवार को सामने आया। रमाबाई राजकीय महिला महाविद्यालय में बेंच पर छात्र-छात्राएं एकदम सटकर व आमने-सामने बैठे थे। उन्हें देखकर ऐसा लग ही नहीं रहा था कि यहां परीक्षा चल रही है। कुछ ऐसा ही हाल अन्य परीक्षा केंद्रों पर भी रहा। रमाबाई महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर वशिष्ठ नारायन मिश्र ने बताया कि परीक्षार्थियों की संख्या अधिक होने से ये स्थिति उत्पन्न हुई, मगर अलग-अलग विषय व विद्यालय के छात्र-छात्राओं को बैठाया गया था।
विज्ञापन
अवध विश्वविद्यालय की बैक पेपर परीक्षा बुधवार से प्रारंभ हुई। इसके लिए जिले में पांच परीक्षा केंद्र बनाए गए। इसमें बीएनकेबी पीजी कॉलेज अकबरपुर, रमाबाई राजकीय महिला महाविद्यालय अकबरपुर, टीएनपीजी कॉलेज टांडा सहित परुइया आश्रम स्थित महाविद्यालय व राजकीय पीजी कॉलेज आलापुर शामिल हैं। परीक्षा में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं के शामिल होने के चलते पहले दिन अव्यवस्था का बोलबाला रहा। दरअसल नकल विहीन परीक्षा कराने के लिए विवि प्रशासन प्रयास कर रहा है।
विज्ञापन
इसी कड़ी में पांच विद्यालयों को इस बार बैक पेपर परीक्षा के लिए केंद्र बनाया गया। ये बात अलग है कि संबंधित विद्यालयों व उसमें छात्र-छात्राओं के परीक्षा देने की संख्या का निर्धारण करते समय इस बात का ध्यान नहीं रखा गया कि वहां पर व्यवस्था कैसी व कितनी है।
विज्ञापन
इसी का खामियाजा बुधवार को सामने आया। रमाबाई राजकीय महिला महाविद्यालय में बेंच पर छात्र-छात्राएं एकदम सटकर व आमने-सामने बैठे थे। उन्हें देखकर ऐसा लग ही नहीं रहा था कि यहां परीक्षा चल रही है। कुछ ऐसा ही हाल अन्य परीक्षा केंद्रों पर भी रहा। रमाबाई महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर वशिष्ठ नारायन मिश्र ने बताया कि परीक्षार्थियों की संख्या अधिक होने से ये स्थिति उत्पन्न हुई, मगर अलग-अलग विषय व विद्यालय के छात्र-छात्राओं को बैठाया गया था।