प्रयागराज : जेल जाने से बचने के लिए बना लिया मृतक प्रमाणपत्र, हत्या के प्रयास के एक मामले में जा चुका है जेल
क्षेत्र के ढ़ोकरी गांव निवासी रामधारी पुत्र शिवमूरत पर 2007 में मनोज भारतीया ने हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज कराया गया था। इसी मामले में पुलिस ने उसे जेल भेजा था। जमानत पर जेल से बाहर आने के बाद आरोपी ने अपनी मौत का षड़यंत्र रच दिया।
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जेल जाने से बचने के लिए एक आरोपी ने अपनी मौत का प्रमाणपत्र बनवाकर कोर्ट में जमा में दे दिया। इसके बाद दूसरे नाम से गांव में ही रहने लगा। जानकारी के बाद वादी ने पुलिस को जानकारी दी। जांच में मामला सही मिलने पर जार्जटाउन के दरोगा ने आरोपी के खिलाफ हंडिया थाने में मुकदमा दर्ज कराया है।
क्षेत्र के ढ़ोकरी गांव निवासी रामधारी पुत्र शिवमूरत पर 2007 में मनोज भारतीया ने हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज कराया गया था। इसी मामले में पुलिस ने उसे जेल भेजा था। जमानत पर जेल से बाहर आने के बाद आरोपी ने अपनी मौत का षड़यंत्र रच दिया। उसने अपनी मौत का प्रमाणपत्र बनवा लिया और श्यामधारी बन गया। ढ़ोकरी के ग्राम प्रधान विकास यादव ने उसकी मौत की लेटर पैड पर पुष्टि की थी।
ग्राम प्रधान पर भी मुकदमा दर्ज
कोर्ट ने मामले का संज्ञान लेते हुए इसकी आख्या तलब की। जांच में पता चला की रामधारी ही श्यामधारी बनकर जेल जाने से बचने के लिए कोर्ट को गुमराह कर रहा है। आरोपी की पहचान मुकदमे के वादी मनोज भारतीया ने भी की। जार्जटाउन थाने के दरोगा अवधेश सोनी की तहरीर पर हंडिया पुलिस ने आरोपी रामधारी और ग्राम प्रधान विकास यादव पर धारा 197 एवं 420 के तहत मुकदमा पंजीकृत किया है।
मुकदमे के अनुसार कोर्ट व अन्य लोगों को रामधारी ही गुमराह कर रहा है। पंजीकृत मुकदमे में वहीं जेल भी जा चुका है। इसकी पुष्टि गांव के अन्य लोगों से बात करने पर हुई है। न्यायालय को धोखा देने व उसमें सहयोग करने के आरोप में पुलिस दोनों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर जांच में जुट गई है।