प्रयागराज में हादसा : मूर्ति विसर्जन के दौरान तालाब में डूबने से तीन किशोरों की मौत, मचा कोहराम
थरवई थाना क्षेत्र के मीरापुर गांव के मजरा शेख अहमदपुर में चैत्र नवरात्र के मौके पर दुर्गा प्रतिमा स्थापित की गई थी। नवरात्र की समाप्ति पर सोमवार की दोपहर तकरीबन डेढ़ बजे दो से तीन वाहनों में गांव के तकरीबन दो दर्जन से ज्यादा ग्रामीण देवी की प्रतिमा का विसर्जित करने के लिए झूंसी के अंदावा गांव स्थित तालाब पहुंचे थे।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सरायइनायत थाना क्षेत्र के अंदावा गांव स्थित तालाब में सोमवार की दोपहर दुर्गा प्रतिमा का विसर्जन करने आए तीन किशोर अनिल, अंकित और प्रमोद की गहरने पानी में डूबने से मौत हो गई। देवी की प्रतिमा का विसर्जन करने के दौरान छह युवक और तीन किशोर पैर फिसलने के कारण तालाब के गहरे पानी में चले गए थे।
छह को तो बचा लिया गया, लेकिन तीन किशोरों की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। किशोरों की मौत से मौके से लेकर उनके घर तक कोहराम मचा रहा। परिजनों में रोना-पीटना मचा रहा। मौके पर 108 एंबुुलेंस के साथ ही इलाकाई पुलिस भी पहुंच गई थी। मौके पर ग्रामीण भी जुटे रहे।
थरवई थाना क्षेत्र के मीरापुर गांव के मजरा शेख अहमदपुर में चैत्र नवरात्र के मौके पर दुर्गा प्रतिमा स्थापित की गई थी। नवरात्र की समाप्ति पर सोमवार की दोपहर तकरीबन डेढ़ बजे दो से तीन वाहनों में गांव के तकरीबन दो दर्जन से ज्यादा ग्रामीण देवी की प्रतिमा का विसर्जित करने के लिए झूंसी के अंदावा गांव स्थित तालाब पहुंचे थे।
विसर्जन के दौरान चले गए थे गहरे पानी में
गांव के तकरीबन एक दर्जन ग्रामीण मूर्ति विसर्जित करने के लिए आगे बढ़े ही थे कि पैर फिसलने के कारण नौ लोग गहरे पानी में चले गए। इस दौरान 15 वर्षीय प्रमोद पुत्र धर्मराज निवासी सहसों, 17 वर्षीय अंकित पुत्र शिवपूजन तथा 16 वर्षीय अनिल पुत्र शिवबाबू दोनों निवासी शेख अमदपुर मीरापुर थाना थरवई समेत नौ लोग गहरे पानी में चले गए। इनमें से करन पिता जंगीलाल, राज पिता राकेश और गोरे पुत्र बजरंगी लाल समेत छह लोगों को तो बचा लिया गया, लेकिन अनिल, अंकित और प्रमोद की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई।
रास्ते में हो गई दो लोगों की मौत
आनन-फानन में प्रमोद और अंकित को तो गहरे पानी से निकाला गया तथा 108 एंबुलेंस से अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही दोनों की मौत हो गई थी। मौके पर पहुंचे गोताखोरों ने अनिल के शव को तालाब के गहरे पानी से बाहर निकाला। उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। अन्य छह लोगों को भी एंबुलेंस से अस्पताल ले जाया गया था। उनका उपचार अस्पताल में चल रहा है। घटना की सूचना मिलने पर इलाकाई पुलिस भी मौके पर पहुंच गई थी। युवकों की मौत से परिजनों में कोहराम मचा रहा। मौके पर ग्रामीण भी भारी संख्या में जुट गए थे।
घर का चिराग था प्रमोद
सहसों का रहने वाला 15 वर्षीय प्रमोद घर का चिराग था। पिता धर्मराज के तीन भाइयों में अकेला प्रमोद ही पुत्र था। वह कक्षा आठ का छात्र था। उसकी मौत से मां सोना देेवी बेसुध पड़ी रही। पिता धर्मराज मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता है। बेटे की मौत से परिजनों पर गम का पहाड़ टूट पड़ा था।
इसी प्रकार थरवई के शेख अहमदपुर मीरापुर गांव निवासी अंकित पुत्र शिव पूजन कक्षा ग्यारह का छात्र था। पिता की साइकिल की दुकान है। बेटे की मौत से मां श्यामकली का रो-रो कर बुरा हाल था। 16 वर्षीय अनिल पुत्र शिवबाबू भी कक्षा ग्यारह का छात्र था। वह दो भाइयों में बड़ा था। उसके पिता शिवबाबू सहसों के एक इंटर कॉलेज में चपरासी हैं। बेटे की मौत से मां सीमा देवी बेसुध पड़ी रही।
पुलिस को भी नहीं थी प्रतिमा विसर्जन और स्थापना की सूचना
थरवई के मीरापुर गांव के शेख अहमदपुर गांव में बगैर पुलिस को सूचना दिए चैत्र नवरात्र पर दुर्गा प्रतिमा की स्थापना की गई थी। पुलिस और प्रशासन को यह भी नहीं पता था कि नवरात्र समाप्त होने के बाद देवी मां की प्रतिमा को अंदावा के तालाब में विसर्जित किया जाएगा। बगैर किसी सूचना के गांव के सैकड़ों ग्रामीण दुर्गा प्रतिमा लेकर अंदावा तालाब पहुंचे और गहरे पानी में चले गए। इस दौरान असमय तीन किशोरों को अपनी जान गंवानी पड़ी।