ऑनर किलिंग : वारदात दबाने और शव छिपाने में फंस गया परिवार, , पहले ही लिखी जा चुकी थी वारदात की पटकथा
यह बात हैरान करने वाली है कि वारदात रात करीब डेढ़-दो बजे की बीच हुई। सुबह दस बजे आरोपी किशोर अकेले थाने पहुंचा। इतनी देर तक क्या हुआ। फिलहाल मामले में मृतका के पिता, मां, बड़े भाई और नाबालिग छोटे भाई के खिलाफ हत्या, आपराधिक साजिश सहित कई अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
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किशोरी के कत्ल में उसके छोटे भाई के अलावा किसने क्या किया। पूरी घटना तो जांच के बाद सामने आएगी। लेकिन यह तथ्य उजागर है कि परिवार ने कई घंटों तक घटना को दबाए रखा। कोई सदस्य इस दुस्साहसिक वारदात की रिपोर्ट दर्ज कराने आगे नहीं आया तो पुलिस ने आरक्षी गोविंद सिंह राणा की तहरीर पर मुकदमा लिखा गया।
यह बात हैरान करने वाली है कि वारदात रात करीब डेढ़-दो बजे की बीच हुई। सुबह दस बजे आरोपी किशोर अकेले थाने पहुंचा। इतनी देर तक क्या हुआ। फिलहाल मामले में मृतका के पिता, मां, बड़े भाई और नाबालिग छोटे भाई के खिलाफ हत्या, आपराधिक साजिश सहित कई अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने मौके से आला कत्ल कुल्हाड़ी और अन्य साक्ष्यों को जुटा लिया है।
ग्रामीणों की मानें तो किशोरी के कत्ल की पटकथा काफी पहले ही लिखी जा चुकी थी। किशोरी का 18 वर्षीय बड़ा भाई प्रयागराज में इंटर की पढ़ाई करता है। सूत्र बताते हैं जिस किशोर ने वारदात को अंजाम दिया वह अनपढ़ है। बताया जाता है कि अमूमन किशोरी का बड़ा भाई गांव में कम ही रुकता था, लेकिन 24 जुलाई को बहन को दिल्ली से लाने के बाद वह प्रयागराज नहीं गया। किशोरी के जिस छोटे भाई ने हत्या का जुर्म पुलिस से कुबूला उससे पूछताछ में पता चला कि घटना में वह ही नहीं, बल्कि परिवार के सारे सदस्य शामिल थे।
किसी ने सिर पकड़ रखा था तो कोई पीठ पर बैठा। किशोरी ने हाथ पैर चलाया तो उसे भी पकड़ा गया। किशोर ने बताया कि उसकी बहन गैर बिरादरी के एक युवक के प्रेमजाल में फंसी थी। विरोध के बावजूद वह मान नहीं रही थी। इस पर उसे चाचा के घर दिल्ली भेजा गया। वहां पर भी बहन ने प्रेमी से बात करना नहीं बंद किया। मजबूरी में बड़ा भाई 24 जुलाई को बहन को दिल्ली से बुला लाया। शुक्रवार देर रात किशोरी को आरोपी के साथ फोन पर बात करते हुए पकड़ा तो सभी ने एकमत होकर उसे मार डाला।
मास्टर माइंड की तलाश
किशोरी के बेरहमी से कत्ल किए जाने के पीछे किसी बड़े मास्टर माइंड का हाथ होने का अंदेशा है। उसकी तलाश की जा रही है। उसे मालूम था कि किशोरी का बड़ा भाई बालिग हो चुका है। अगर उसका या परिवार के किसी सदस्य का चालान किया जाता तो उन्हें जेल जाना पडेगा। किशोर को प्लान के तहत कोतवाली भेजा गया और उसे हत्या का जुर्म अपने सिर लेने को बोला गया, लेकिन घटनास्थल के हालात ने पूरी कहानी ही पलट दी। पुलिस ने जब किशोरी के नाबालिग भाई से पूछताछ की तो उसने सच उगल दिया।
रक्षाबंधन पर रक्षक बना भक्षक
भाई-बहन के पवित्र रिश्ते का पर्व रक्षाबंधन बुधवार को है। इस पर बहन अपने भाई की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधकर अपनी सुरक्षा का संकल्प दिलाती है, लेकिन सरायअकिल इलाके की घटना में रक्षा का संकल्प लेने वाले भाई ने बहन के खून से हाथ रंग लिए।