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High Court : धीरेंद्र शास्त्री के बयान पर टिप्पणी करने के आरोपी के खिलाफ लंबित आपराधिक कार्यवाही पर रोक
Thu, 11 Dec 2025 01:44 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 11 Dec 2025 01:44 PM IST
सार
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने महाकुंभ को लेकर पंडित धीरेंद्र शास्त्री के बयान पर सोशल मीडिया पर की गई टिप्पणी के आधार पर दर्ज मुकदमे की कार्यवाही पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने कालपी निवासी शिकायतकर्ता दीपक शर्मा और राज्य सरकार को नोटिस जारी कर दो सप्ताह में जवाब तलब किया है।
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धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने महाकुंभ को लेकर पंडित धीरेंद्र शास्त्री के बयान पर सोशल मीडिया पर की गई टिप्पणी के आधार पर दर्ज मुकदमे की कार्यवाही पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने कालपी निवासी शिकायतकर्ता दीपक शर्मा और राज्य सरकार को नोटिस जारी कर दो सप्ताह में जवाब तलब किया है। यह आदेश न्यायमूर्ति संजय कुमार पचौरी की अदालत ने जालौन निवासी डॉ.पुनीत यादव की याचिका पर दिया है।
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याची के अधिवक्ता सुनील चौधरी ने दलील दी कि महाकुंभ में शामिल न होने वालों को देशद्रोही कहने वाला बयान स्वयं धीरेंद्र शास्त्री का था। याची ने इसी बयान पर सोशल मीडिया पर टिप्पणी करते हुए कहा था कि जब सरकार ही 40 करोड़ श्रद्धालुओं के आने का अनुमान लगा रही है तो शेष 100 करोड़ लोग क्या देशद्रोही हो जाएंगे?
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इसी टिप्पणी पर धीरेंद्र शास्त्री के समर्थक ने थाना आटा, जालौन में एफआईआर दर्ज कराई थी। अधिवक्ता ने दलील दी कि केस डायरी में न तो इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य का वैधानिक प्रमाणपत्र संलग्न किया गया और न ही फेसबुक आईडी या वीडियो की विश्वसनीयता की जांच हुई। बावजूद इसके विवेचना अधिकारी ने राजनीतिक दबाव में महज एक दिन में आरोपपत्र दाखिल कर दिया और निचली अदालत ने समन भी जारी कर दिया।
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