फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   RO recruitment examination showing the impact of the earthquake on

आरओ भर्ती परीक्षा पर भी भूकंप का दिखा असर

Sun, 26 Apr 2015 11:40 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला इलाहाबाद
ब्यूरो/अमर उजाला इलाहाबाद Updated Sun, 26 Apr 2015 11:40 PM IST
विज्ञापन
नेपाल में आए भूकंप का असर समीक्षा अधिकारी-सहायक समीक्षा अधिकारी (आरओ-एआरओ) प्रारंभिक परीक्षा-2014 पर भी दिखा है। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की ओर से रविवार को आयोजित परीक्षा में मात्र 45.07 फीसदी उपस्थिति रही। आगरा में सबसे कम 31.43 फीसदी अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। रविवार को फिर तेज झटका लगने की वजह से परीक्षा देने वालों में भी काफी खौफ रहा तथा उनमें हमेशा अनहोनी की आशंका बनी रही। आयोग अध्यक्ष के खिलाफ आंदोलनरत प्रतियोगियों में से भी हजारों ने परीक्षा छोड़ दी है। इसे भी परीक्षा में कम उपस्थिति का कारण माना जा रहा है। कानपुर के आर्यभट्ट इंटर कालेज केंद्र पर परीक्षा दे रहे  दिनेश तिवारी ने दूसरी पाली की परीक्षा मेें नकल होने का आरोप लगाया है।
विज्ञापन



आयोग की सेंटर एलाटमेंट की नई व्यवस्था की वजह से अभ्यर्थियों को अब दूसरे जिलों में भेजा जाने लगा है। ऐसे में शनिवार को भूकंप के तेज झटके लगने के बाद बहुत से प्रतियोगी परीक्षा देने के लिए नहीं निकले। आगे भी भूकंप की आशंका बनी हुई है। इसकी वजह से भी बड़ी संख्या में परीक्षार्थी नहीं निकले। इसका नतीजा रहा कि कुल पंजीकृत 373644 में से मात्र 168412 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए। भूकंप से प्रभावित गोरखपुर में 48.93 प्रतिशत तथा आगरा में 31.43 फीसदी उपस्थिति रही। सबसे अधिक उपस्थिति इलाहाबाद में 66.88 प्रतिशत रही। इलाहाबाद में 24 केंद्रों पर पंजीकृत कुल 10983 में से 7345 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए।
विज्ञापन



भूकंप का खौफ परीक्षा देने वाले अभ्यर्थियों के चेहरे पर भी साफ दिखा। दिन में तकरीबन पौने एक बजे फिर भूकंप का झटका लगने के बाद दूसरी पाली की परीक्षा देने पहुंचे अभ्यर्थियाें में अधिक डर रहा। कई स्कूलों के भवन जर्जर हालत में हैं। इससे उनका डर और बढ़ गया था। हंडिया बाबा गर्ल्स इंटर कालेज केंद्र से परीक्षा देकर निकली रीता साहू, तनया का कहना था कि पेपर से अधिक  ध्यान मेज-कुर्सी पर रहा कि कहीं वह हिल तो नहीं रहा। उनका कहना था कि इसकी वजह से आते हुए भी कई सवालों के जवाब गलत हो गए। बाहर बैठे अभिभावकों में भी भूकंप की चर्चा होती रही। परीक्षा नियंत्रक प्रभुनाथ का कहना है कि  परीक्षा में कहीं से गड़बड़ी की शिकायत नहीं है। कई अभ्यर्थी एक से अधिक आवेदन कर देते हैं। कम उपस्थिति  की यह मुख्य वजह है। उन्होंने बताया कि परीक्षा 22 जिलों में कुल 804 केंद्रों पर हुई। परीक्षा शांतिपूर्वकढंग से निपट गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed