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प्रतापगढ़: लाव-लश्कर संग पहुंचे सपा-बसपा व रालोद गठबंधन प्रत्याशी अशोक, भरा पर्चा
Tue, 16 Apr 2019 11:44 PM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रतापगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रतापगढ़
Published by: विनोद सिंह
Updated Tue, 16 Apr 2019 11:44 PM IST
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रूपापुर से मंगलवार को समर्थकों और पदाधिकारियों के साथ नामांकन को जाते महागठबंधन प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी।
- फोटो : प्रतापगढ़
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लोकसभा चुनाव के छठवें चरण के नामांकन के पहले दिन मंगलवार को सपा-बसपा व रालोद गठबंधन के प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी ने लाव-लश्कर के साथ एक सेट में अपना नामांकन पत्र दाखिल किया।
नामांकन स्थल पर भारी सुरक्षा व्यवस्था होने के कारण समर्थक प्रत्याशी के साथ भीतर घुसने के लिए धक्कामुक्की करते रहे लेकिन कामयाब नहीं हो सके। नामांकन स्थल के बाहर पुरोहित शंखनाथ कर रहे थे। सुरक्षा के लिए भारी फोर्स लगाई गई थी। बैरीकेडिंग के भीतर व बाहर महिला पुलिसकर्मी लगाई गईं थीं ताकि कोई बाहर से भीतर प्रवेश न कर सके।
जिलाधिकारी कार्यालय में मंगलवार को नामांकन के पहले दिन सपा-बसपा व रालोद गठबंधन के प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी अपने समर्थकों के साथ नामांकन करने कचहरी पहुंचे। उन्होंने एक सेट में नामांकन पत्र जिला निर्वाचन अधिकारी मार्कण्डेय शाही को सौंपा। बसपा प्रत्याशी के साथ सपा नेता व पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रोफेसर शिवाकांत ओझा, युवा सपा नेता संजय पांडेय, बसपा जिलाध्यक्ष डा. राम समाज गौतम, जोनल क्वार्डीनेटर अशोक गौतम नामांकन कक्ष में मौजूद थे। प्रस्तावक राम समाज गौतम रहे।
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इसके पूर्व गठबंधन प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी अपने रुपापुर स्थित आवास से सपा व बसपा कार्यकर्ताओं के साथ जुलूस लेकर निकले। उनके साथ सपा व बसपा के दिग्गज नेता भी मौजूद रहे। नामांकन करने जाते समय प्रत्याशी के साथ पार्टी के नेता व समर्थक भी घुसने की कोशिश करने लगे। जिन्हें पुलिसकर्मियों ने एनआईसी गेट पर ही रोक दिया। गेट पर ही पूर्व सांसद सीएन सिंह, पूर्व विधायक नागेंद्र सिंह यादव मुन्ना, शक्ति सिंह, इरशाद सिद्दीकी, हरीश शुक्ला, वासिक खान, रमेश यादव, अभिषेक तिवारी, राष्ट्रीय लोकदल के दल जिलाध्यक्ष आजाद अली पप्पी, बसपा नेता विजय मिश्र बाबी, उमेश पासी, विजय यादव समेत अन्य लोग डटे रहे।
नामांकन स्थल पर डीएम मार्कण्डेय शाही व्यवस्था की कमान संभाल रखी थी। एसडीएम सदर विनीत उपाध्याय कार्यालय में डटे रहे। नामांकन के पहले दिन केवल गठबंधन प्रत्याशी ने अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। नामांकन स्थल पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे। नामांकन प्रारंभ होने के पूर्व एसपी एस आनंद ने पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। प्रवेश द्वार पर बड़ी संख्या में फोर्स के साथ ही एएसपी पूर्वी अवनीश मिश्र और सीओ लालगंज रमेशचंद्र डटे रहे।
जब बसपा प्रत्याशी की जीप हुई कंट्रोल से बाहर
बसपा प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी खुली जीप में सवार होकर लोगों का अभिवादन स्वीकार करते हुए आगे बढ़ रहे थे। बसपा प्रत्याशी का जुलूस जैसे ही ट्रेजरी चौराहा पहुंचा, अचानक जीप में खराबी आ गई। जीप चालक के कंट्रोल से बाहर हो गई। यह देख अफरा-तफरी मच गई। समर्थक जीप को रोकने में जुट गए। यह तो गनीमत रही कि जीप की रफ्तार बहुत कम थी। अन्यथा अनहोनी से इंकार नहीं किया जा सकता था। इसके बाद समर्थकों के साथ अशोक पैदल ही कचहरी की ओर निकल पड़ेे।
डीएम के हस्तक्षेप के बाद अशोक को मिला था नामांकन पत्र
सपा-बसपा, रालोद प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी को मंगलवार को ही नामांकन करना था। जिले के अफसर मंगलवार को सुबह दस बजे के पहले नामांकन पत्र देने को तैयार नहीं थे। मगर जब यह मामला डीएम के पास पहुंचा, तो चुनाव कार्यालय के कर्मचारियों को फटकार लगाते हुए नामांकन पत्र देने को कहा। सोमवार को शाम को ही अशोक त्रिपाठी और रत्ना सिंह के नाम से नामांकन पत्र दिया गया।
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नामांकन स्थल पर भारी सुरक्षा व्यवस्था होने के कारण समर्थक प्रत्याशी के साथ भीतर घुसने के लिए धक्कामुक्की करते रहे लेकिन कामयाब नहीं हो सके। नामांकन स्थल के बाहर पुरोहित शंखनाथ कर रहे थे। सुरक्षा के लिए भारी फोर्स लगाई गई थी। बैरीकेडिंग के भीतर व बाहर महिला पुलिसकर्मी लगाई गईं थीं ताकि कोई बाहर से भीतर प्रवेश न कर सके।
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जिलाधिकारी कार्यालय में मंगलवार को नामांकन के पहले दिन सपा-बसपा व रालोद गठबंधन के प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी अपने समर्थकों के साथ नामांकन करने कचहरी पहुंचे। उन्होंने एक सेट में नामांकन पत्र जिला निर्वाचन अधिकारी मार्कण्डेय शाही को सौंपा। बसपा प्रत्याशी के साथ सपा नेता व पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रोफेसर शिवाकांत ओझा, युवा सपा नेता संजय पांडेय, बसपा जिलाध्यक्ष डा. राम समाज गौतम, जोनल क्वार्डीनेटर अशोक गौतम नामांकन कक्ष में मौजूद थे। प्रस्तावक राम समाज गौतम रहे।
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इसके पूर्व गठबंधन प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी अपने रुपापुर स्थित आवास से सपा व बसपा कार्यकर्ताओं के साथ जुलूस लेकर निकले। उनके साथ सपा व बसपा के दिग्गज नेता भी मौजूद रहे। नामांकन करने जाते समय प्रत्याशी के साथ पार्टी के नेता व समर्थक भी घुसने की कोशिश करने लगे। जिन्हें पुलिसकर्मियों ने एनआईसी गेट पर ही रोक दिया। गेट पर ही पूर्व सांसद सीएन सिंह, पूर्व विधायक नागेंद्र सिंह यादव मुन्ना, शक्ति सिंह, इरशाद सिद्दीकी, हरीश शुक्ला, वासिक खान, रमेश यादव, अभिषेक तिवारी, राष्ट्रीय लोकदल के दल जिलाध्यक्ष आजाद अली पप्पी, बसपा नेता विजय मिश्र बाबी, उमेश पासी, विजय यादव समेत अन्य लोग डटे रहे।
नामांकन स्थल पर डीएम मार्कण्डेय शाही व्यवस्था की कमान संभाल रखी थी। एसडीएम सदर विनीत उपाध्याय कार्यालय में डटे रहे। नामांकन के पहले दिन केवल गठबंधन प्रत्याशी ने अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। नामांकन स्थल पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे। नामांकन प्रारंभ होने के पूर्व एसपी एस आनंद ने पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। प्रवेश द्वार पर बड़ी संख्या में फोर्स के साथ ही एएसपी पूर्वी अवनीश मिश्र और सीओ लालगंज रमेशचंद्र डटे रहे।
जब बसपा प्रत्याशी की जीप हुई कंट्रोल से बाहर
बसपा प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी खुली जीप में सवार होकर लोगों का अभिवादन स्वीकार करते हुए आगे बढ़ रहे थे। बसपा प्रत्याशी का जुलूस जैसे ही ट्रेजरी चौराहा पहुंचा, अचानक जीप में खराबी आ गई। जीप चालक के कंट्रोल से बाहर हो गई। यह देख अफरा-तफरी मच गई। समर्थक जीप को रोकने में जुट गए। यह तो गनीमत रही कि जीप की रफ्तार बहुत कम थी। अन्यथा अनहोनी से इंकार नहीं किया जा सकता था। इसके बाद समर्थकों के साथ अशोक पैदल ही कचहरी की ओर निकल पड़ेे।
डीएम के हस्तक्षेप के बाद अशोक को मिला था नामांकन पत्र
सपा-बसपा, रालोद प्रत्याशी अशोक त्रिपाठी को मंगलवार को ही नामांकन करना था। जिले के अफसर मंगलवार को सुबह दस बजे के पहले नामांकन पत्र देने को तैयार नहीं थे। मगर जब यह मामला डीएम के पास पहुंचा, तो चुनाव कार्यालय के कर्मचारियों को फटकार लगाते हुए नामांकन पत्र देने को कहा। सोमवार को शाम को ही अशोक त्रिपाठी और रत्ना सिंह के नाम से नामांकन पत्र दिया गया।