Ateeq Ahmad News : माफिया अतीक अहमद का बयान दर्ज करने अहमदाबाद के लिए रवाना हुई पुलिस
Ateeq Ahmad News : टीम शनिवार सुबह अहमदाबाद पहुंचेगी। इसके बाद साबरमती जेल में जाकर मुकदमे के संबंध में अतीक से पूछताछ करेगी। प्रॉपर्टी डीलार चकिया निवासी जीशान ने दो अगस्त को इस मामले की रिपेार्ट दर्ज कराई थी।
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माफिया अतीक अहमद का बयान दर्ज करने पूरामुफ्ती पुलिस की एक टीम अहमदाबाद के लिए रवाना हो गई है। प्रॉपर्टी डीलर जीशान उर्फ जानू पर फायरिंग के मामले में पुलिस साबरमती जेल में जाकर उससे पूछताछ करेगी। इस मामले में चार दिन पहले पुलिस ने अतीक का रिमांड बनवाया था। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये उसकी पेशी हुई थी और पुलिस की अर्जी पर कोर्ट ने रिमांड मंजूर की थी। शुक्रवार को पूरामुफ्ती पुलिस की एक टीम अहमदाबाद के लिए रवाना हुई।
सूत्रों का कहना है कि टीम शनिवार सुबह अहमदाबाद पहुंचेगी। इसके बाद साबरमती जेल में जाकर मुकदमे के संबंध में अतीक से पूछताछ करेगी। प्रॉपर्टी डीलार चकिया निवासी जीशान ने दो अगस्त को इस मामले की रिपेार्ट दर्ज कराई थी। इसमें अतीक का बेटा अली व उसका साथी अमन जेल में हैं और उनका रिमांड बनवाया जा चुका है।
अतीक, अली समेत 10 लोग मुकदमे नामजद कराए गए हैं। जीशान ने आरोप लगाया था कि मंदरी स्थित जमीन पर जाने के दौरान उस पर पिस्टल से फायरिंग की गई। जिसमें वह बाल-बाल बच गया। मामले में अतीक अहमद, उसके बेटे अली, असाद, अमन, इमरान उर्फ गुड्डू, आरिफ उर्फ कछौली, गोलू, फैसल व उसके भाई मैसर और एक अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया था।
पांच नामजद आरोपियों का नहीं मिला सुराग
इस मामले में असाद, इमरान उर्फ गुड्डू, आरिफ उर्फ कछौली, गोलू और पिपरी निवासी दो भाई फैसल व मैसर महीने भर बाद भी गिरफ्त में नहीं आ सके हैं। खास बात यह है कि असाद, आरिफ उर्फ कछौली पिछले नौ महीनों से फरार हैं। दरअसल जीशान ने पिछले साल 31 दिसंबर को करेली थाने में भी अतीक व उसके बेटे अली समेत नौ लोगां पर पांच करोड़ की रंगदारी मांगने समेत अन्य आरोप में एफआईआर दर्ज कराई थी। इसी मामले में अली व अमन आत्मसमर्पण कर जेल गए थे।
रंगदारी मांगने समेत तीन मामलों में गुर्गों की तलाश
उधर रंगदारी मांगने व जमीन कब्जाने के मामले में फरार चल रहे अतीक के गुर्गों मो. मुस्लिम व खालिद जफर समेत अन्य की तलाश जारी है। गौरतलब है कि मो. मुस्लिम व खालिद जफर पर पांच मई को सूरजपाल ने 20 लाख व 25 अगस्त को राजू पाल हत्याकांड के गवाह उमेश पाल ने एक करोड़ की रंगदारी मांगने के आरोप में केस दर्ज कराया था। इससे पहले चार जून को करोड़ों की जमीन जबरन कब्जाने के मामले में मो. मुस्लिम पर केस दर्ज किया गया। लेकिन अब तक इन मामलों में एक भी गिरफ्तारी नहीं हुई है। मामले की विवेचना कर रही पुलिस का हर बार की तरह यही कहना है कि जांच की जा रही है।