{"_id":"583356cb4f1c1b9c28b3a6f2","slug":"notbandi-open-government-in-parliament-on-pole","type":"story","status":"publish","title_hn":"‘नोटबंदी पर संसद में खोलूंगा सरकार की पोल’","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
‘नोटबंदी पर संसद में खोलूंगा सरकार की पोल’
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Tue, 22 Nov 2016 01:53 AM IST
विज्ञापन
इलाहाबाद
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंदिरा गांधी के जन्मशती समारोह पर स्वराज भवन में आयोजित चित्र प्रदर्शनी के उद्घाटन अवसर पर शामिल होने आए कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी अपनी दादी की तरह ही आक्रामक दिखे। बातचीत के दौरान वह मोदी पर जमकर बरसे। कहा, ‘मोदी ने जो किया, वह उन्हीं को भारी पड़ेगा। नोटबंदी पर पार्लियामेंट में सरकार की पोल खोलूंगा।’ मेहमानों से मुलाकात के दौरान घर आने की बधाई मिलने पर कहा,‘बधाई अभी नहीं लूंगा, मोदी के जाने के बाद दीजिएगा।’
समारोह में शामिल कांग्रेसियों के साथ ही बुद्धिजीवियों से भी उन्होंने नोटबंदी के मसले पर फीडबैक लिया। फिर कहा कि कालेधन के सभी विरोधी हैं। कांग्रेस भी इसका विरोध करती है लेकिन मोदी ने जो किया, वह जल्दबाजी में लिया गया निर्णय है। जनता चौतरफा मुसीबतों से घिरी हुई है। लोग परेशान हैं। दिहाड़ी मजदूर एक-एक रोटी को तरस रहे हैं। मोदी ने परेशानी की बाढ़ लगा दी है। सरकार अब कह रही है कि इसकी तैयारी दस माह पूर्व से थी लेकिन ऐसा नहीं लगता। सरकार ने बिना सोचे-समझे नोटबंदी का निर्णय लागू कर दिया। अब निर्दोष जनता को इसका खामियाजा उठाना पड़ रहा है।
विज्ञापन
समारोह में शामिल कांग्रेसियों के साथ ही बुद्धिजीवियों से भी उन्होंने नोटबंदी के मसले पर फीडबैक लिया। फिर कहा कि कालेधन के सभी विरोधी हैं। कांग्रेस भी इसका विरोध करती है लेकिन मोदी ने जो किया, वह जल्दबाजी में लिया गया निर्णय है। जनता चौतरफा मुसीबतों से घिरी हुई है। लोग परेशान हैं। दिहाड़ी मजदूर एक-एक रोटी को तरस रहे हैं। मोदी ने परेशानी की बाढ़ लगा दी है। सरकार अब कह रही है कि इसकी तैयारी दस माह पूर्व से थी लेकिन ऐसा नहीं लगता। सरकार ने बिना सोचे-समझे नोटबंदी का निर्णय लागू कर दिया। अब निर्दोष जनता को इसका खामियाजा उठाना पड़ रहा है।
विज्ञापन