{"_id":"614ba4c68ebc3e00be176bf3","slug":"how-the-fan-kept-running-another-video-went-viral-in-narendra-giri-case","type":"story","status":"publish","title_hn":"हत्या या आत्महत्या?: नरेंद्र गिरि की मौत से जुड़ा एक और वीडियो आया सामने, शव फंदे पर तो कैसे चलता रहा पंखा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हत्या या आत्महत्या?: नरेंद्र गिरि की मौत से जुड़ा एक और वीडियो आया सामने, शव फंदे पर तो कैसे चलता रहा पंखा
Thu, 23 Sep 2021 03:18 AM IST
दुष्यंत शर्मा
आलोक श्रीवास्तव, प्रयागराज
आलोक श्रीवास्तव, प्रयागराज
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Thu, 23 Sep 2021 03:18 AM IST
सार
महंत की मौत के बाद का है वीडियो, पुलिस के साथ बलबीर गिरि भी दिखे कमरे में।
विज्ञापन
वायरल वीडियो में पंखा चलता दिखाई दिया, उस वक्त महंत नरेंद्र गिरि का शव कमरे में ही था
- फोटो : वीडियो ग्रैब
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अखाड़ा परिषद अध्यक्ष की संदिग्ध हाल में मौत के मामले में एक चौंकाने वाली बात सामने आई है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ है जो घटना के ठीक बाद पुलिस के पहुंचने के दौरान का है। सबसे खास बात यह है कि इसमें फर्श पर महंत का शव पड़ा दिखाई दे रहा है और कमरे का पंखा चल रहा है। वीडियो में आईजी केपी सिंह इस बाबत मठ में रहने वाले शिष्यों से पूछताछ करते भी दिख रहे हैं।
विज्ञापन
1.45 मिनट का यह वीडियो उस कमरे का है, जिसमें महंत का शव फंदे पर लटका मिला। वीडियो शुरू होते ही महंत नरेंद्र गिरि का शव फर्श पर पड़ा नजर आता है और बगल में ही महंत के कथित सुसाइड नोट में उत्तराधिकारी बताए गए बलबीर गिरि खड़े नजर आते हैं। वीडियो के अगले फ्रेम में एक फोटोग्राफर और एक दरोगा नजर आते हैं। इसके बाद कैमरा कमरे में पड़े बिस्तर और वहां सजाई गईं तस्वीरों व सर्टिफिकेट की ओर घूमता है।
विज्ञापन
अगले फ्रेम में कैमरा कमरे में लगे पंखे की तरफ किया जाता है, जिसमें पंखा चलता हुआ दिखाई देता है। पंखे की रॉड जिस चुल्ले में फंसी होती है, इसी चुल्ले में पीले रंग की नॉयलॉन की उस रस्सी का एक हिस्सा भी फंसा नजर आता है, जिससे बनाए गए फंदे पर महंत का शव लटका मिला। वीडियो में फर्श पर मृत पड़े महंत के गले में रस्सी का एक टुकड़ा भी फंसा दिखाई देता है।
विज्ञापन
कुछ ही देर बाद आईजी केपी सिंह कमरे के दरवाजे पर खड़े महंत के शिष्यों से यह पूछताछ करते नजर आते हैं कि पंखा चल रहा था या इसे किसी ने चलाया। इस पर सुमित नाम का शिष्य पहले यह कहता है कि पंखा उसने चलाया। लेकिन जब आईजी उससे इस बारे में पूछते हैं तो वह इसका जवाब न देकर अन्य बातें बताने लगता है।
बड़ा सवाल: रस्सी के तीन हिस्से कैसे हुए
वीडियो देखने के बाद सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि महंत ने जिस रस्सी से फांसी लगाई, उसके तीन हिस्से कैसे हुए। अगर माना जाए कि रस्सी काटकर शव को फंदे से नीचे उतारा गया तो भी यह सवाल अनुत्तरित ही रहता है। क्योंकि इसमें भी रस्सी के दो ही भाग होंगे। जबकि कमरे में रस्सी तीन हिस्सों में बंटी मिली।
सबसे पहला हिस्सा चुल्ले में फंसा मिला। दूसरा हिस्सा महंत के गले में फंसा था। जबकि रस्सी का तीसरा हिस्सा कमरे में पड़ी शीशे की मेज पर रखा मिला। यह भी कहा जा रहा है कि शव को फंदे से उतारने के बाद अगर महंत के गले से रस्सी निकालनी थी तो इसे गांठ खोलकर अलग किया जाता। न कि रस्सी को काटकर दो हिस्से किए जाते जिसमें कि एक हिस्सा उनके गले में ही रह जाता।