फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Gadkari's "blessings" taken by accused MLA for attack on Nandy

नंदी पर हमले के आरोपी विधायक ने लिया गडकरी का ‘आशीर्वाद’

Fri, 09 Feb 2018 01:36 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Fri, 09 Feb 2018 01:36 AM IST
विज्ञापन
Gadkari's "blessings" taken by accused MLA for attack on Nandy
इलाहाबाद - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
प्रदेश के उड्डयन मंत्री नंद गोपाल नंदी पर जानलेवा हमले के आरोप में करीब दो साल जेल में बंद रहे भदोही के विधायक विजय मिश्रा ने गडकरी का आशीर्वाद ले लिया है। बुधवार को परेड ग्राउंड में विकास परियोजनाओं के शिलान्यास समारोह में भाजपा के तमाम दिग्गज नेताओं के साथ विजय मिश्रा के मंच साझा करने से पार्टी में बेचैनी है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में यह ‘आशीर्वाद’ कोई नया सियासी गुल खिला सकता है। हालांकि इस मुद्दे पर पार्टी के नेताओं ने चुप्पी साध रखी है। भाजपा नगर अध्यक्ष अवधेश चंद्र गुप्ता ने जरूर सफाई दी कि यह कार्यक्रम पार्टी का नहीं एनएचएआई का था। वहीं विजय मिश्रा ने संघ से अपने पुराने रिश्ते गिनाते हुए कहा कि मैं तो संघ का पुराना स्वयंसेवक हूं, गडकरी से पारिवारिक रिश्ते हैं।   
विज्ञापन


वर्ष 2010 में नंदी पर जानलेवा हमला हुआ था तब वह बसपा सरकार में मंत्री थे। इस मामले में ज्ञानपुर के निर्दलीय विधायक विजय मिश्र मुख्य आरोपी हैं। बुधवार को परेड ग्राउंड पर आयोजित समारोह के लिए एनएचएआई ने सभी दलों के विधायकों को आमंत्रित किया था इसमें विजय मिश्रा भी शामिल थे। पूरी तरह से भाजपाई इस कार्यक्रम में विजय मिश्रा को छोड़कर अन्य दलों से दूसरा कोई विधायक नहीं पहुंचा। मंच पर मिश्रा ने गडकरी के पैर छुए और रुद्राक्ष का शिवलिंग भेंट किया। कुछ कुछ देर में गडकरी के कान में कुछ कहते भी नजर आए। पार्टी के दिग्गज नेताओं से उनकी इस नजदीकी से सियासी हलचल तेज है। अंदरखाने चर्चा है कि भविष्य में विजय मिश्रा भाजपा के साथ हो सकते हैं। हालांकि प्रदेश सरकार के प्रवक्ता सिद्धार्थ नाथ सिंह ने इस मुद्दे पर कुछ भी कहने से इंकार कर दिया।
विज्ञापन


भाजपा के दिग्गज नेता भले ही चुप हों लेकिन विजय मिश्रा से जब इस संबंध में पूछा गया तो उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि, मैं संघ का स्वयं सेवक हूं। योगी के साथ आरएसएस गुरुदक्षिणा कार्यक्रम में हर साल भाग लेता हूं। संघ के प्रांत प्रचारक तक मेरे घर पर प्रवास करते रहे हैं। जब भी नागपुर जाता हूं तो संघ के बड़े संरक्षकों से भी आशीर्वाद लेना नहीं भूलता। विधायक विजय मिश्र ने अमर उजाला से फोन पर बातचीत में कहा कि भाजपा में शामिल होना न होना अलग बात है लेकिन उनकी कोशिश है कि भाजपा के साथ निषाद पार्टी का गठबंधन हो जाए। 2019 के चुनाव में भाजपा को जिताकर फिर से केंद्र में सरकार बनाई जाए।  विधायक ने बताया कि निजी तौर पर गडकरी से उनके पुराने रिश्ते रहे हैं, इसीलिए उनको रुद्राक्ष का शिवलिंग भेंट किया। अलग से दो मिनट बात भी की।
विज्ञापन
विज्ञापन


12 जुलाई 2010 को कैबिनेट मंत्री नंदी पर बसपा शासन काल में मंत्री रहते प्राणघातक हमला हुआ था। 12 जुलाई 2010 को वारदात तब हुई थी जब वह अपने घर के पास ही स्थित मंदिर जा रहे थे। इसी दौरान नंदी पर आरडीएक्स विस्फोट कर हमला किया गया था। जिसमें एक पत्रकार समेत दो लोगों की मौत हो गई थी। साथ ही नंदी गंभीर रूप से घायल हुए थे। कई महीनों तक इलाज केबाद नंदी स्वस्थ हुए थे। इसी मामले में विवेचना के दौरान भदोही के तत्कालीन सपा विधायक विजय मिश्रा और उनके रिश्तेदार दिलीप मिश्रा का नाम सामने आया था। करीब दो साल तक विजय मिश्रा जेल में रहे। और अब जमानत पर रिहा हैं। मुख्य आरोपी राजेश पायलट अब भी जेल में बंद है।

मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी पर हमले के मामले में पहली एफआईआर तो अज्ञात में दर्ज हुई थी लेकिन विवेचना में तत्कालीन सपा विधायक विजय मिश्रा और उनके रिश्तेदार दिलीप मिश्रा का नाम सामने आया था। दोनों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल है लेकिन इस मामले में दोनों को जमानत मिली है। नंदी पर 12 जुलाई 2010 को उनके बहादुरगंज स्थित घर के बाहर रिमोट बम से हमला हुआ था। कमल कुमार ने इस मामले में कोतवाली थाने में अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। क्राइम ब्रांच और पुलिस की विवेचना में कुछ दिन में ही अज्ञात एफआईआर में नामजदगी कर दी गई थी।

इसमें सपा के तत्कालीन विधायक विजय मिश्रा और उनके रिश्तेदार दिलीप मिश्रा को 120 बी का आरोपी बनाया गया था। मुख्य आरोपी राजेश पायलट था। मामले में फरार विजय मिश्रा को दिल्ली से और राजेश पायलट को मुंबई से गिरफ्तार किया गया था। लंबे समय जेल में रहने के बाद विजय और दिलीप को जमानत मिल गई थी। वर्तमान में दोनों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल है। मामला अभी न्यायालय में चल रहा है। मुख्य अभियुक्त राजेश पायलट अभी भी जेल में है। पुलिस ने विवेचना में मुख्य आरोपी राजेश पायलट और विजय मिश्रा के बीच बातचीत के कई सुबूत भी अदालत में सौंपे थे।


मेयर अभिलाषा गुप्ता नंदी ने विजय मिश्रा के मंच पर आने को गलत बताया है। उनका कहना है कि वह व्यक्ति वर्तमान सरकार में केबिनेट मंत्री नंदी पर हमले का आरोपी तो है ही, उस पर दर्जनों आपराधिक मुकदमे चल रहे हैं। वह केंद्रीय मंत्री तक पहुंच गया। उसने मंच पर आने का फायदा उठाया। वह कैसे मंच तक पहुंचा, इसकी जांच होनी चाहिए। उसे बुलाने वालों से भी दरियाफ्त किया जाना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed