प्रयागराज : एसआरएन अस्पताल में अधिवक्ता के साथ बदसलूकी पर भड़के वकील, किया चक्काजाम
एसआरएन अस्पताल में अधिवक्ता सर्वेश शुक्ला के साथ दो दिन पूर्व हुए बदसलूकी के खिलाफ अधिवक्ताओं ने सोमवार को सड़क जाम करके विरोध प्रदर्शन किया। कहा कि आए दिन वकीलों के साथ अपमान जनक व्यवहार किया जा रहा है।
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एसआरएन अस्पताल में अधिवक्ता सर्वेश शुक्ला के साथ दो दिन पूर्व हुए बदसलूकी के खिलाफ अधिवक्ताओं ने सोमवार को सड़क जाम करके विरोध प्रदर्शन किया। कहा कि आए दिन वकीलों के साथ अपमान जनक व्यवहार किया जा रहा है। इसके पहले भी कई बार इस तरीके की घटनाएं हो चुकी हैं बावजूद इसके यह कृत्य रुक नहीं रहा है। इसके खिलाफ अधिवक्ता आरपार की लड़ाई लड़ने के लिए बाध्य हो गए हैं।
अधिवक्ता सर्वेश शुक्ला से मारपीट के मामले में स्वरूप रानी अस्पताल परिसर में अधिवक्ताओं का विरोध प्रदर्शन किया। मामले में कड़ी कार्रवाई को मांग करते हुए अनिश्चितकालीन प्रदर्शन के लिए सड़क पर उतर गए हैं। स्वरूप रानी परिसर अस्पताल में एसीपी विवेक यादव और एसीपी निकिता श्रीवास्तव कई थानों के प्रभारी और पुलिसकर्मियों के साथ मौजूद हैं।
फायर ब्रिगेड चौराहे से किया गया रूट डायवर्जन
पुलिस छावनी में तब्दील हुआ एसआरएन अस्पताल परिसर
हंगामा और चक्काजाम को देखते हुए एसआरएन अस्पताल परिसर पुलिस छावनी में तब्दील हो गया है। कोई अप्रिय घटना को न हो इसके लिए तमाम पुलिस अधिकारी और कई थानों की फोर्स को मौके पर बुला लिया गया है।
एसआरएन में डॉक्टरों ने ठप किया कामकाज, लौटाए गए मरीज
एसआरएन अस्पताल के डॉक्टरों ने कामकाज ठप कर दिया है। उपचार के लिए आए मरीजों कौ लौटा दिया गया है। जिले और दूसरे जनपदों से आए मरीजों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। आईसीयू में भर्ती एक मरीज की मौत का भी मामला सामने आया है। इसी तरह सांप काटने से घायल एक महिला तीन घंटे से भटक रही है, लेकिन कोई डॉक्टर उपचार करने के लिए तैयार नहीं है। इससे परिजन काफी परेशान हैं और अस्पताल प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं।
एसआरएन के जूनियर डॉक्टरों ने मेडिकल कॉलेज चौराहे पर किया जाम
एसआरएन में डॉक्टरों के खिलाफ बदसलूकी का आरोप लगाते हुए अस्पताल के जूनियर डॉक्टरों ने मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज चौराहे पर सड़क जाम कर दिया है। वह नारेबाजी कर रहे हैं और डॉक्टरों की सुरक्षा की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि इस तरह से उनके ऊपर हमले होते रहेंगे तो चिकित्सक कैसे मरीजों का इलाज कर सकेंगे।