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बुद्ध पूर्णिमा: संगम तट पर श्रद्धालुओं ने लगाई आस्था की डुबकी
Wed, 26 May 2021 08:59 AM IST
पूजा त्रिपाठी
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Wed, 26 May 2021 08:59 AM IST
सार
प्रयागराज के संगम तट पर आज स्नान का विशेष महत्व है जिसके चलते सुबह से ही श्रद्धालु यहां स्नान के लिए पहुंचे हैं। कोरोना की दूसरी लहर के बीच भी लोग मां गंगा में आस्था के चलते यहां स्नान-दान करने पहुंचे।
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बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर लोगों ने लगाई संगम तट पर डुबकी
- फोटो : एएनआई
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विस्तार
सनातन धर्म में वैशाख पूर्णिमा के पर्व का विशेष महत्व है। आज पूरे देश में वैशाख पूर्णिमा मनाई जा रही है। इसको बुद्ध पूर्णिमा, सिद्धिविनायक पूर्णिमा एवं सत्य विनायक पूर्णिमा भी कहा जाता है। आज के दिन गंगा नदी में स्नान का विशेष महत्व है। इसी उपलक्ष्य में आज प्रयागराज समेत तमाम शहरों में लोग गंगा नदी में स्नान कर रहे हैं।
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प्रयागराज के संगम तट पर आज स्नान का विशेष महत्व है जिसके चलते सुबह से ही श्रद्धालु यहां स्नान के लिए पहुंचे हैं। कोरोना की दूसरी लहर के बीच भी लोग मां गंगा में आस्था के चलते यहां स्नान-दान करने पहुंचे। लोगों ने मां गंगा से कोरोना की इस आपदा को खत्म करने की प्रार्थना भी की।
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हालांकि बुद्ध पूर्णिमा पर कोरोना का साया तस्वीरों में आसानी से देखा जा सकता है। जिस संगम तट पर लाखों की संख्या में श्रद्धालु आज के दिन स्नान करते थे वहीं आज बहुत कम लोग दिखाई दिए।
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सारनाथ में इस साल भी बुद्ध पूर्णिमा पर ऑनलाइन ही होंगे सभी आयोजन
बुद्ध पूर्णिमा पर भगवान बुद्ध की उपदेश स्थली पर कोरोना महामारी के लिए अनुष्ठान किए जाएंगे। कोरोना संक्रमण के कारण बुद्ध पूर्णिमा पर होने वाले आयोजनों को स्थगित करके सभी आयोजन ऑनलाइन ही होंगे। वाराणसी के सारनाथ स्थित मूलगंध कुटी विहार मंदिर के वरिष्ठ भिक्षु भंते सुमितान्नद नंद ने कहा कि कोरोना वायरस के कारण पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी बड़े आयोजन नहीं किए जाएंगे। रोज की भांति सुबह मुख्य मंदिर में स्थापित भगवान बुद्ध के धर्मचक्र प्रवर्तन मुद्रा के समक्ष धम्मसूत कपाट होगा। शाम छह बजे मंदिर परिसर को दीपक से प्रकाशित किया जाएगा।