UPPSC : आरओ-एआरओ परीक्षा निरस्त करने पर अड़े अभ्यर्थी, आयोग के गेट पर जमकर नारेबाजी और चक्काजाम
आरओ-एआरओ परीक्षा में पेपर लीक को लेकर छात्र आंदोलनरत हैं। आयोग ने जांच के लिए कमेटी गठित कर दिया है। अभ्यर्थियों का आरोप है कि आयोग परीक्षा निरस्त करने में हीलाहवाली कर रहा है। मामले में लीपापोती का प्रयास किया जा रहा है। आक्रोशित अभ्यर्थियों ने आयोग के सामने सड़क पर जाम लगा दिया।
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समीक्षा अधिकारी (आरओ)/सहायक समीक्षा अधिकारी (एआरओ) प्रारंभिक परीक्षा-2023 में पेपर लीक विवाद को लेकर तनाव बढ़ता जा रहा है। बुधवार को भी सैकड़ों प्रतियोगी छात्र उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) के सामने डटे रहे। छात्र परीक्षा निरस्त करने और पुनर्परीक्षा कराने की मांग पर अड़े हैं।
आंदोलन के समर्थन में एनएसयूआई, समाजवादी छात्रसभा, दिशा छात्र संगठन समेत कई अन्य छात्र संगठन भी उतर आए हैं। बुधवार को आयोग के गेट के बाहर सुबह 11 बजे से प्रतियोगियों की भीड़ इकट्ठा होने लगी। थोड़ी ही देर में सैकड़ों छात्र वहां पहुंच गए। हंगामे की आशंका के मद्देनजर आयोग के सभी गेट बंद कर दिए और आयोग चौराहे से सिविल लाइंस बस अड्डा जाने वाली रोड पर पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर ट्रैफिक का आवागमन रोक दिया।
इस बीच प्रतियोगी छात्र लगातार नारेबाजी करते रहे। उनका कहना था कि आयोग को ईमेल पर साक्ष्य भेजे जा रहे हैं। कई प्रतियोगियों ने शपथपत्र के साथ ईमेल किया है। प्रतियोगी छात्र शपथपत्र के साथ साक्ष्य की हार्डकॉपी देने को भी तैयार हैं। जांच के लिए आयोग के पास सभी संसाधन भी उपलब्ध है तो आयोग परीक्षा निरस्त किए जाने को लेकर निर्णय लेने में देरी क्यों कर रहा है।
प्रतियोगियों ने कहा कि जब तक इस पर कोई निर्णय नहीं होता, उनका आंदोलन जारी रहेगा। प्रतियोगी छात्र शाम चार बजे तक आयोग के सामने डटे रहे। उनके हटने के बाद माहौल शांत हुआ और ट्रैफिक का आवागमन शुरू किया जा सका। इस दौरान प्रतियोगी छात्र राघवेंद्र तिवारी, अभिषेक चौबे, आदेश तिवारी, श्रीपति मिश्रा, कीर्ति मिश्रा, अरविंद यादव, उत्तम कुमार, फरहान, सूर्य यादव, अंकित यादव आदि मौजूद रहे।
प्रतियोगियों ने की सीबीआई जांच की मांग, दिया ज्ञापन- रोजगार के सवाल पर सिविल लाइंस में पत्थर गिरजाघर के पास 72 दिनों से युवा मंच के बैनर तले धरन दे रहे प्रतियोगी छात्रों ने आरओ/ एआरओ और पुलिस भर्ती परीक्षा में पेपर लीक के मुद्दे पर बुधवार को जिला प्रशासन के माध्यम से राष्ट्रपति एवं मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन प्रेषित किया। प्रतियोगियों ने पेपर लीक मामले की सीबीआई जांच कराने, मामले में शामिल लोगों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने और दोनों परीक्षाओं को रद्द कर पुनर्परीक्षा कराने की मांग की। इस मौके पर युवा मंच संयोजक राजेश सचान, अध्यक्ष अनिल सिंह, प्रदीप चौधरी, चंद्र प्रकाश, अजय गौतम, प्रेम चंद पटेल, ब्रह्म सेन, धनजीत कुमार, हरिकिशन आदि मौजूद रहे।
छात्रों का पैदल मार्च आज
आरओ/एआरओ और पुलिस भर्ती परीक्षा में पेपर लीक के विरोध में 22 फरवरी को सुबह 10 बजे छात्रसंघ भवन से जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय तक समाजवादी छात्रसभा के बैनर तले पैदल मार्च निकाला जाएगा। साथ ही जिला मजिस्ट्रेट के माध्यम से राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन प्रेषित किया जाएगा।