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वाडिया इंस्टीट्यूट पहुंचा अलीगढ़ का बिजली मॉडल
आशीष निगम
Updated Sun, 01 May 2016 01:38 AM IST
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बिजली मॉडल
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सिंघानिया यूनिवर्सिटी के पूर्व कुलपति और प्रसिद्ध भौतिक विज्ञानी प्रो.आर स्वरूप के भूकंप प्रतिरोधक विद्युत उत्पादक मॉडल से बिजली पैदा करने का फार्मूला एक साथ दुनिया भर के कई प्रतिष्ठित संस्थानों को भेजा गया है। जिसमें राष्ट्रपति सचिवालय, प्रधानमंत्री कार्यालय, रक्षा मंत्रालय, यूएनओ, यूनेस्को, यूनाइटेड स्टेट आफ अमेरिका, डब्ल्यूएचओ और पूरे देश में प्रतिष्ठित वाडिया इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालयन जिओलॉजी देहरादून सहित कुछ वैज्ञानिकों के संगठन शामिल हैं।
इधर, इस मॉडल का पेटेंट होने में हो रही देरी पर भी सवाल उठने लगे हैं। डिपार्टमेंट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी नई दिल्ली की विंग टेक्नोलॉजी इंफारमेशन एंड फारकास्टिंग कौंसिल के पास इस मॉडल का पेटेंट लटका है। इब्ने सीना अकादमी में इस संबंध जल्द ही एक सेमिनार होगा।
प्रो.आर स्वरूप ने बताया कि वाडिया इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालयन जिओलॉजी देहरादून के चेयरमैन सुनील कुमार रोहेला ने इस संबंध में सकारात्मक जवाब दिया है। वहां इन दिनों विदेशी वैज्ञानिकों के बीच भूकंप को रोकने और इसके प्रभाव को कम करने को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर का विचार-विमर्श जारी है।जिसमें कई देशों के प्रतिष्ठित वैज्ञानिक शामिल हो रहे हैं।
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प्रो. स्वरूप ने बताया कि उनके मॉडल को विद्युत उत्पादन के लिए प्रयोग करने वाले लगातार संपर्क कर रहे हैं।
अलीगढ़ के कुछ प्रतिष्ठित बिल्डर्स अपने प्रोजेक्ट में इसे विशेष तौर पर एक आदर्श के रूप में पेश करना चाहते हैं जिससे बिल्डिंग में भूकंपरोधी तकनीकी का और सकारात्मक स्तर पर प्रयोग हो सके।
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इधर, इस मॉडल का पेटेंट होने में हो रही देरी पर भी सवाल उठने लगे हैं। डिपार्टमेंट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी नई दिल्ली की विंग टेक्नोलॉजी इंफारमेशन एंड फारकास्टिंग कौंसिल के पास इस मॉडल का पेटेंट लटका है। इब्ने सीना अकादमी में इस संबंध जल्द ही एक सेमिनार होगा।
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प्रो.आर स्वरूप ने बताया कि वाडिया इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालयन जिओलॉजी देहरादून के चेयरमैन सुनील कुमार रोहेला ने इस संबंध में सकारात्मक जवाब दिया है। वहां इन दिनों विदेशी वैज्ञानिकों के बीच भूकंप को रोकने और इसके प्रभाव को कम करने को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर का विचार-विमर्श जारी है।जिसमें कई देशों के प्रतिष्ठित वैज्ञानिक शामिल हो रहे हैं।
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प्रो. स्वरूप ने बताया कि उनके मॉडल को विद्युत उत्पादन के लिए प्रयोग करने वाले लगातार संपर्क कर रहे हैं।
अलीगढ़ के कुछ प्रतिष्ठित बिल्डर्स अपने प्रोजेक्ट में इसे विशेष तौर पर एक आदर्श के रूप में पेश करना चाहते हैं जिससे बिल्डिंग में भूकंपरोधी तकनीकी का और सकारात्मक स्तर पर प्रयोग हो सके।