अलीगढ़: एएमयू में बवाल, फायरिंग-वाहन फूंके, हिंदू छात्र को पीटने पर बिगड़े हैं हालात
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मुसलिम फ्रंट बनाने को लेकर एएमयू छात्रसंघ द्वारा आयोजित बैठक में मंगलवार को ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी का आना पहले ही टल गया था। इसी के चलते सुबह-सुबह विरोध के लिए पहुंचे एएमयू छात्र नेता व भाजपा विधायक पौत्र अजय सिंह को पुलिस ने एएमयू सर्किल से वापस कर दिया था। मगर अंदर बैठक की कवरेज के दौरान दिल्ली से आई टीवी चैनल की रिपोर्टर व अन्य मीडिया कर्मियों संग एएमयू छात्रों ने मारपीट व कैमरे तोड़कर माहौल में गरमी ला दी थी।
इसके बाद भी हालात सामान्य हो गए थे, मगर फिर सुलेमान हॉल से खाना खाकर निकल रहे अजय सिंह समर्थक एएमयू छात्र मनीष चौधरी की पिटाई ने फसाद में चिंगारी का काम कर दिया। इसके बाद जो हुआ, उसकी कई उम्मीद नहीं थी। पुलिस प्रशासनिक टीम भी इसके लिए शायद तैयार नहीं थी। सभी यह मान चुके थे कि अब जब ओवैसी का आना टल गया तो शायद कुछ न हो। मगर अप्रत्याशित घटनाक्रम ने एएमयू ही नहीं, शहर के माहौल में तनाव पैदा कर दिया है। दोनों ओर से राजनीतिक दखलंदाजी इसे और तूल देने में लगी है।
मीडिया पर हमले से शुरू हुआ विवाद
एएमयू कैंपस में मंगलवार को हुए बवाल की शुरुआत मुसलिम फ्रंट बनाने संबंधी बैठक की कवरेज करने दिल्ली से आईं टीवी चैनल की रिपोर्टर नलिनी शर्मा निवासी द्वारिका व सुमेरा खान संग मारपीट से हुई। नलिनी के अनुसार उनको कवरेज करने से एएमयू के सुरक्षा अधिकारी अजीम अख्तर द्वारा रोका गया और जब उन्होंने विरोध किया तो अजीम के साथ आए एएमयू छात्रों ने उन पर हमला बोल दिया। इस दौरान मारपीट के साथ दुर्व्यवहार किया गया और कैमरा छीनकर तोड़ते हुए उसमें आग लगा दी।
इसी बीच फोटो खींच रहे एक दैनिक अखबार के फोटोग्राफर राहुल सिंह संग मारपीट करते हुए उनका भी कैमरा तोड़ दिया और मोबाइल छीन लिया। इसी बीच कुछ अन्य मीडियाकर्मियों से भी हाथापाई, धक्का-मुक्की की गई। उस माहौल को किसी तरह एएमयू के ही अन्य सुरक्षाकर्मियों ने शांत कर दिया। इस दौरान एएमयू सर्किल पर मौजूद एसपी सिटी व अन्य पुलिस बल को खबर लगी तो वह अंदर से मीडियाकर्मियों को बाहर लेकर आए। बाद में यह लोग तहरीर देने सिविल लाइंस थाने गए और वहां मुकदमा दर्ज कराया।
सुलेमान हॉल में बीटेक के छात्र पर हमला
इससे पहले एएमयू सर्किल से हटाए गए अजय सिंह व उनके समर्थक वहां से जा चुके थे। इसी बीच विरोध में शामिल रहे अजय सिंह गुट के एएमयू के ही बीटेक छात्र मनीष चौधरी संग इमरान आदि छात्रों ने उस समय मारपीट कर दी, जब वह सुलेमान हॉल से खाना खाकर निकल रहा था। इस सूचना पर अजय सिंह मनीष को लेकर अपने समर्थकों के साथ प्रॉक्टर कार्यालय गए। अजय सिंह का आरोप है कि वहां विरोधी गुट के छात्र नेता जैद शेरवानी पहुंच गए और उन्होंने प्रॉक्टर के सामने खुलेआम यह चेतावनी दी कि कोई तहरीर नहीं दी जाएगी।
अन्यथा गोलियों से छलनी कर दिया जाएगा। खुल्लम-खुल्ला धमकी की बात सुन अजय सिंह वहां से मनीष आदि को लेकर एएमयू सर्किल आ गए और वहां मौजूद पुलिस अधिकारियों को पूरी बात बताई। यहां पुलिस ने कह दिया कि प्रॉक्टर कार्यालय से तहरीर की संस्तुति होकर आएगी तो कार्रवाई कर दी जाएगी। इसके बाद अजय सिंह व साथी छात्र मारपीट में कार्रवाई की मांग को लेकर रजिस्ट्रार दफ्तर के बाहर धरने पर बैठ गए।
धरने पर हमलावर हुए छात्र, सीओ एलआईयू से अभद्रता
इस धरने की खबर पर दूसरे गुट के छात्र सैकड़ों की संख्या में वहां एकत्रित हो गए और उनमें तमाम आउटसाइडर भी थे। यह अजय सिंह व धरने में शामिल छात्रों को हटाने और इनके आई कार्ड चेक करने की मांग करने लगे। इस दौरान अजय व दूसरे छात्र गुट के नेताओं में तीखी नोकझोंक, अभद्रता, गालीगलौज हुई। एकबारगी वहां भी छात्र अजय पर हमलावर हो गए। इस दौरान बीचबचाव में सीओ एलआईयू तक से छात्रों ने जमकर अभद्रता व खींचतान कर दी। इस बीच किसी तरह सीओ तृतीय पंकज श्रीवास्तव व सीओ गभाना संजीव दीक्षित अजय को रजिस्ट्रार आफिस से छात्रों की भीड़ से निकालकर एएमयू सर्किल तक लेकर आए। इस दौरान अजय सिंह व उनके साथी एएमयू में हिंदू छात्रों संग इसी तरह व्यवहार होते रहने और कार्रवाई न होने की बात कहकर नाराजगी जताते रहे।
सर्किल पर भाजपाइयों को देख बोला हमला, जमकर फायरिंग
पुलिस अधिकारी एएमयू सर्किल पर अजय सिंह व साथियों को समझा रहे थे। कार्रवाई का भरोसा दिला रहे थे। इसी बीच वहां भाजपा जिला मीडिया प्रभारी डॉ. निशित शर्मा, युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष मुकेश सिंह अपनी पूरी टीम संग अजय सिंह के समर्थन में पहुंच गए। इन्हें देखकर रजिस्ट्रार दफ्तर पर भीड़ की शक्ल में खड़े एएमयू छात्र बौखला गए और अजय सिंह पक्ष पर हमलावर हो गए। इसके बाद इन्हें दौड़ा-दौड़ाकर पीटा गया। अजय, निशित व मुकेश लोधी ने किसी तरह भागकर जान बचाई। इस दौरान मुकेश लोधी की कार को निशाना बनाकर फायरिंग की गई, जबकि उनकी कार से युवा मोर्चा खैर के संयोजक मनोज शर्मा को एएमयू छात्रों ने खींच लिया और बेरहमी से जमीन पर लिटा-लिटाकर पीटा।
इसी बीच एक मीडियाकर्मी प्रमोद को बैल्टों से पीटा गया। इस दौरान आधा दर्जन राउंड हवाई फायरिंग की गई और पुलिस हमलावरों को रोकने की नाकाम कोशिश करती रह गई। इस दौरान करीब 30 मिनट तक सर्किल पर अराजकता का माहौल बना रहा। किसी तरह एएमयू इंतजामिया व पुलिस ने उपद्रवी छात्रों को वापस कैंपस की ओर रवाना किए। इसके बाद सर्किल पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। मगर कैंपस के अंदर व बाहर तनावपूर्ण हालात बन गए थे। इस दौरान अजय सिंह समर्थक छात्रों की आधा दर्जन बाइकों को हमलावर छात्र रजिस्ट्रार दफ्तर से कैंपस के अंदर ले गए, जहां उन्हें आग के हवाले कर दिया गया। वहीं भाजपा का झंडा लगी एक कार में भी तोड़फोड़ की गई।
थाने पर पुलिस विरोधी नारेबाजी, अस्पताल में भीड़
इस हमले में जख्मी अजय सिंह, निशित शर्मा व मनोज शर्मा को क्वार्सी के ट्रामा सेंटर ले जाया गया, जहां भारी संख्या में भाजपाई पहुंच गए। वहीं युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में तमाम भाजपाई थाना सिविल लाइंस पहुंच गए। जहां जमकर हंगामे के बीच पुलिस विरोधी नारेबाजी की गई। भाजपाइयों की मांग मुकदमा व तत्काल गिरफ्तारी की थी। इस पर उन्हें एसपी सिटी ने समझाबुझाकर शांत किया। कार्रवाई के भरोसे पर भाजपाई वहां से गए। इस दौरान अस्पताल पहुंचने वालों में जिलाध्यक्ष गोपाल सिंह, मानवेंद्र प्रताप सिंह, मानव महाजन, शकुंतला भारती, महानगर अध्यक्ष विवेक सारस्वत, जिला महामंत्री गौरव शर्मा, प्रतीक चौहान, लवली सिंह, शीलू ठाकुर, चैरव ठाकुर आदि तमाम लोग थे।
एएमयू कैंपस में छात्र गुटों के बीच व सर्किल पर जो कुछ हुआ है, उसे पुलिस ने नियंत्रित कर लिया है। अब तहरीर के आधार पर मुकदमे, सीसीटीवी के आधार पर चेहरे चिह्नित कर गिरफ्तारी आदि की कार्रवाई की जाएगी। एहतियातन पुलिस, पीएसी, आरएएफ तैनात कर दी गई है। अब किसी को कानून हाथ में नहीं लेने दिया जाएगा।- आशुतोष द्विवेदी, एसपी सिटी