एएमयू छात्र का शव : देर रात मिला सुसाइड नोट, परिजन बोले...मेरा भाई इतना कमजोर नहीं जो आत्महत्या कर ले
एएमयू छात्र के हॉस्टल में फंदे पर लटके मामले में पुलिस और विवि आत्महत्या मान रही है, जबकि मृतक के परिजन इसे हत्या करार दे रहे हैं। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
विस्तार
एएमयू के मुमताज हॉस्टल में छात्र का शव मिलने की खबर पर देर रात यहां पहुंचे परिजनों ने इसे आत्महत्या मानने से इंकार कर दिया। बड़े भाई आसिब ने तो साफ कहा कि उनका भाई इतना कमजोर न था कि वह आत्महत्या कर ले। उसे मारा गया है। अब पुलिस सच का पता लगाए। देर रात परिजन यहां पोस्टमार्टम कराने को राजी हो गए। पुलिस ने प्रक्रिया शुरू कर दी है।
देर रात मेडिकल कॉलेज पहुंचे बड़े भाई आसिब ने बताया कि शाकिर छह भाइयों में सबसे छोटा था। उसे बीए की पढ़ाई भी एएमयू से की। वह बेहद जुझारू, संर्घषशील व बेबाक था। वह कभी आत्महत्या नहीं कर सकता। इस पर वे यहां पोस्टमार्टम नहीं कराना चाहते। मगर किसी तरह उन्हें समझाया गया कि बिना पोस्टमार्टम के आप शव नहीं ले जा सकते। इस पर वे देर रात पोस्टमार्टम को राजी हुए।
देर रात कमरे में मिला सुसाइड नोट
एएमयू छात्र की मौत के मामले में सुबह कोई ऐसा कागज नहीं मिला, जिसे सुसाइड नोट कहा जा सके। मगर परिवार के आरोपों के बाद एएमयू प्राॅक्टोरियल टीम ने फिर से कमरे में तलाशी शुरू की। देर रात टीम ने एक सुसाइड नोट खोज निकाला। जिसे पुलिस के पास भी भेज दिया है। हालांकि अभी प्राक्टर प्रो.वसीम अली ये नहीं कह रहे कि सुसाइड नोट उसी के द्वारा लिखा गया है। ये पुलिस जांच का विषय है। मगर कागज के टुकड़े पर छात्र के हस्ताक्षर से पहले लिखा है कि.. मैं अपनी मौत का जिम्मेदार खुद हूं। इसमें किसी का कोई कसूर नहीं है। मैं इस समय बहुत परेशान हूं। हम जो करना चाह रहे थे, वह नहीं कर पाए। और हम अपनी जिंदगी से परेशान हो गए हैं। इसलिए हम आत्महत्या कर रहे हैं। और हमें सब लोग माफ कर देना..।
दो माह पहले गया था गांव
बड़े भाई के अनुसार शाकिर दो माह पहले गांव गया था। दस दिन रहकर आया था। सब कुछ सामान्य था। हर रोज परिवार के सदस्यों से बात होती थी। बृहस्पतिवार को चूंकि खुद उनका मोबाइल खराब हो गया था। इसलिए उनकी बात नहीं हो सकी। मगर परिवार के अन्य सदस्यों से बात हुई।
भाई-भतीजा गए लाइब्रेरी, शाकिर तीन दिन से नहीं गया
एएमयू व पुलिस स्तर से हुई जांच में साफ हुआ है कि उसका रिश्ते का भाई कमरे में साथ रह रहा भतीजा व खुद शाकिर हर दिन रात में पढ़ाई के लिए लाइब्रेरी जाते थे। मगर पिछले तीन दिन से शाकिर लाइब्रेरी नहीं जा रहा था। बृहस्पतिवार रात को भी खाना खाने के बाद रिश्ते का भाई व भतीजा लाइब्रेरी चले गए थे। वे सुबह के समय ही आए। उस समय भी शाकिर कमरे पर नहीं था। वह किस बात से परेशान था, किस कारण लाइब्रेरी नहीं गया। ये शव मिलने के बाद चर्चा रही।
2019 के बाद फिर दी छात्र ने जान
एएमयू के मुमताज हॉल में छात्र द्वारा आत्महत्या की 2019 के बाद ये दूसरी घटना है। इसी हॉस्टल में अनस नाम के छात्र ने आत्महत्या की थी। इसके अलावा सुलेमान हॉल में भी एक छात्र की संदिग्ध हालत में मृत्यु हुई थी। उसे भी आत्महत्या माना गया। बाद में उस पर सवाल भी खड़े हुए थे।