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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Shraddha Paksha from 29th September, offerings to ancestors will be held for 16 days

Shradh Paksh: श्राद्ध पक्ष 29 सितंबर से, 16 दिन तक होगा पितरों का तर्पण, मृत्यु तिथि पता न हो तो करें यह

Thu, 28 Sep 2023 09:41 PM IST
चमन शर्मा रिंकू शर्मा, अमर उजाला, अलीगढ़
रिंकू शर्मा, अमर उजाला, अलीगढ़ Published by: चमन शर्मा Updated Thu, 28 Sep 2023 09:41 PM IST
सार

जिस मनुष्य को अपने माता- पिता की मृत्यु तिथि ज्ञात न हो तो वह पितृ पक्ष की अमावस्या के दिन विधिपूर्वक श्राद्ध कर सकता है। प्रत्येक माह में आने वाली अमावस्या तिथि को दक्षिण दिशा की तरफ मुख करके जल द्वारा तर्पण किया जा सकता है।

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Shraddha Paksha from 29th September, offerings to ancestors will be held for 16 days
श्राद्ध

विस्तार

श्राद्ध पक्ष वास्तव में पितरों को याद करके उनके प्रति श्रद्धा भाव प्रदर्शित करने का अवसर है। गुरु ज्योतिष शोध संस्थान के ज्योतिषाचार्य पंडित हृदय रंजन ने बताया कि भाद्रपद शुक्ल पक्ष पूर्णिमा यानी 29 सितंबर से अश्विन कृष्ण पक्ष अमावस्या 14 अक्तूबर (शनि अमावस्या) तक श्राद्ध पक्ष (पितृ पक्ष) रहेगा। पितरों का श्राद्ध करने से जन्म कुंडली में व्याप्त पितृदोष से भी हमेशा के लिए छुटकारा मिलता है। 

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उन्होंने बताया कि जिस मनुष्य को अपने माता- पिता की मृत्यु तिथि ज्ञात न हो तो वह पितृ पक्ष की अमावस्या के दिन विधिपूर्वक श्राद्ध कर सकता है। प्रत्येक माह में आने वाली अमावस्या तिथि को दक्षिण दिशा की तरफ मुख करके जल द्वारा तर्पण किया जा सकता है। श्राद्ध में दान आदि करना उचित है। 
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घर में निर्मित खाद्य पदार्थ को अग्निदेव को समर्पित करके जल से तर्पण करते हुए गो माता को खिलाकर भी श्राद्ध कर्म पूरा किया जा सकता है। पितृ कार्य के लिए दोपहर का समय सर्वोत्तम समय समझा जाता है, क्योंकि पितरों के लिए दोपहर ही भोजन का सर्वोत्तम समय है। 

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