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छोटा बच्चा जानके हमको ने धमकाना रे।
Updated Thu, 18 Oct 2018 11:32 PM IST
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न्यूज डेस्क अमर उजाला हाथरस
सिकंदराराऊ। ऑपरेशन मुस्कान के तहत कोतवाली पुलिस ने 10 वर्षीय लड़के को अपनी मां से मिला दिया। इस लड़के की मां पिता की मृत्यु के बाद दूसरे पति के साथ रह रही थी। दादी ही मासूम का लालन-पालन कर रही थी। इसे लेकर इस मासूम के दिमाग में हमेशा तनाव रहता था।
इसी तनाव में वह अवागढ़ (एटा) से सिकंदराराऊ आ गया था। कोतवाली में शिवा ने बताया कि उसके पिता सोनपाल की हादसे के दौरान मौत हो गई थी। उसके बाद उसकी मां ने उसका लालन-पालन करने के बजाय दूसरी शादी कर ली और दूसरे पति के साथ अलग रहने लगी। पिता की मौत के बाद उसे केवल मां का ही सहारा था, लेकिन मां उससे अलग हो गई। दादी के पास वह रह रहा था, लेकिन पिता की मौत और मां का सहारा नहीं होना उसके लिए तनाव का सबब बन गया। यह मासूम मां के साथ रहना चाहता था।
16 अक्तूबर को उसे एक साधु अपने साथ सिकंदराराऊ ले आया। यहीं छोड़कर चला गया। रात उसने रेलवे स्टेशन पर बिताई। वहां उसे रेलवे पुलिस मिल गई। जीआरपी उसे कोतवाली में छोड़ गई। कोतवाली में कोतवाल मनोज कुमार शर्मा ने शिवा की मां को फोन कर बुलाया और ऑपरेशन मुस्कान के तहत उसको मां के सुपुर्द कर दिया। अब सवाल पैदा होता है कि भविष्य में शिवा का क्या होगा। अगर मां ने दोबारा उसे अपने साथ नहीं रखा तो उसका पालन-पोषण कैसे होगा।
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सिकंदराराऊ। ऑपरेशन मुस्कान के तहत कोतवाली पुलिस ने 10 वर्षीय लड़के को अपनी मां से मिला दिया। इस लड़के की मां पिता की मृत्यु के बाद दूसरे पति के साथ रह रही थी। दादी ही मासूम का लालन-पालन कर रही थी। इसे लेकर इस मासूम के दिमाग में हमेशा तनाव रहता था।
इसी तनाव में वह अवागढ़ (एटा) से सिकंदराराऊ आ गया था। कोतवाली में शिवा ने बताया कि उसके पिता सोनपाल की हादसे के दौरान मौत हो गई थी। उसके बाद उसकी मां ने उसका लालन-पालन करने के बजाय दूसरी शादी कर ली और दूसरे पति के साथ अलग रहने लगी। पिता की मौत के बाद उसे केवल मां का ही सहारा था, लेकिन मां उससे अलग हो गई। दादी के पास वह रह रहा था, लेकिन पिता की मौत और मां का सहारा नहीं होना उसके लिए तनाव का सबब बन गया। यह मासूम मां के साथ रहना चाहता था।
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16 अक्तूबर को उसे एक साधु अपने साथ सिकंदराराऊ ले आया। यहीं छोड़कर चला गया। रात उसने रेलवे स्टेशन पर बिताई। वहां उसे रेलवे पुलिस मिल गई। जीआरपी उसे कोतवाली में छोड़ गई। कोतवाली में कोतवाल मनोज कुमार शर्मा ने शिवा की मां को फोन कर बुलाया और ऑपरेशन मुस्कान के तहत उसको मां के सुपुर्द कर दिया। अब सवाल पैदा होता है कि भविष्य में शिवा का क्या होगा। अगर मां ने दोबारा उसे अपने साथ नहीं रखा तो उसका पालन-पोषण कैसे होगा।
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