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मुर्गे तले गए तेल में पूड़ी छानने का विरोध
Updated Mon, 03 Dec 2018 02:15 AM IST
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
मुर्गे तले तेल से पूड़ी तलने का मामला सुर्खियों में हैं। इस मामले में अब सांसद प्रवक्ता से लेकर एएमयू कोर्ट सदस्य तक कूद गए हैं। हालांकि डायनिंग हॉल के कर्मचारियों ने आरोप को बेबुनियाद करार दिया है।
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के एसएस नार्थ हॉल में गैर मुस्लिम छात्रों को मुर्गा तलने वाले तेल में खाना बनाकर खिलाने का मामला सामने आया है। सांसद प्रवक्ता संदीप चाणक्य ने इस पर गहरी नाराजगी व्यक्त की है।
उनका कहना है कि अगर यह सही है तो यह बेहद गंभीर मामला है। समझ में नहीं आता कि आखिर एएमयू में चल क्या रहा है? यहां पूरी तरह से जंगल राज कायम है। इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाएगी।
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सारे सबूतों को एकत्रित कर पूरे मसले से सांसद सतीश कुमार गौतम को वापस आने पर अवगत कराया जाएगा।
एएमयू कोर्ट सदस्य अतिफ राशीद ने भी कुलपति से मांग की है कि इस मामले की उच्चस्तरीय जांच हो। उन्होंने कहा कि तत्काल प्रभाव से शाकाहारी एवं मांसाहारी रसोई अलग किया जाए और सीसीटीवी की निगरानी में भोजन बने। किसी भी कीमत पर शक पैदा होने की नौबत नहीं आए।
एएमयू पीआरओ आफिस के एमआईसी प्रो. शाफे किदवई ने बताया कि हॉल के प्रवोस्ट ने कूक मनोज, नासिर, सद्दाम हुसैन आदि के लिखित बयान लिए हैं। उन सबका कहना है कि मुंशी से नया तेल लेकर पूड़ी तली गई। पुराने तेल की बात गलत है।
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मुर्गे तले तेल से पूड़ी तलने का मामला सुर्खियों में हैं। इस मामले में अब सांसद प्रवक्ता से लेकर एएमयू कोर्ट सदस्य तक कूद गए हैं। हालांकि डायनिंग हॉल के कर्मचारियों ने आरोप को बेबुनियाद करार दिया है।
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के एसएस नार्थ हॉल में गैर मुस्लिम छात्रों को मुर्गा तलने वाले तेल में खाना बनाकर खिलाने का मामला सामने आया है। सांसद प्रवक्ता संदीप चाणक्य ने इस पर गहरी नाराजगी व्यक्त की है।
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उनका कहना है कि अगर यह सही है तो यह बेहद गंभीर मामला है। समझ में नहीं आता कि आखिर एएमयू में चल क्या रहा है? यहां पूरी तरह से जंगल राज कायम है। इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाएगी।
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सारे सबूतों को एकत्रित कर पूरे मसले से सांसद सतीश कुमार गौतम को वापस आने पर अवगत कराया जाएगा।
एएमयू कोर्ट सदस्य अतिफ राशीद ने भी कुलपति से मांग की है कि इस मामले की उच्चस्तरीय जांच हो। उन्होंने कहा कि तत्काल प्रभाव से शाकाहारी एवं मांसाहारी रसोई अलग किया जाए और सीसीटीवी की निगरानी में भोजन बने। किसी भी कीमत पर शक पैदा होने की नौबत नहीं आए।
एएमयू पीआरओ आफिस के एमआईसी प्रो. शाफे किदवई ने बताया कि हॉल के प्रवोस्ट ने कूक मनोज, नासिर, सद्दाम हुसैन आदि के लिखित बयान लिए हैं। उन सबका कहना है कि मुंशी से नया तेल लेकर पूड़ी तली गई। पुराने तेल की बात गलत है।