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पैर पर ओएमआर शीट रखकर हल कर रहे थे परीक्षार्थी
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आगरा। बोहरे नारायण सिंह आर्य महाविद्यालय बलदेव मथुरा में उड़न दस्ते की कार में रखे गए रुपये। संव
- फोटो : Agra City
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अमर उजाला ब्यूरो
आगरा। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय की मुख्य परीक्षा के लिए ऐसे कॉलेजों को परीक्षा केंद्र बना दिया गया है। जिसमें फर्नीचर तक नहीं है। बोहरे नारायण सिंह आर्य महाविद्यालय, बल्देव मथुरा में 150 परीक्षार्थियों की बैठने की क्षमता है जबकि 2170 का केंद्र बनाया गया है। बुधवार को तीसरी पाली में 560 परीक्षार्थी इस केंद्र पर परीक्षा दे रहे थे। उड़नदस्ते के सदस्य केंद्र में परीक्षार्थियों की दशा देख दंग रह गए। एक बेंच पर तीन-तीन परीक्षार्थी बैैठे थे। तमाम परीक्षार्थियों को लिखने के लिए डेस्क तक नसीब नहीं हुई। पैर पर ओएमआर शीट रखकर परीक्षा दे रहे थे।
विश्वविद्यालय के इंजीनियरिंग संस्थान के शिक्षक डॉ. आलोक कुमार के नेतृत्व में उड़नदस्ता केंद्र पर निरीक्षण करने के लिए पहुंचा था। कक्षों में अंधेरा था, परीक्षार्थियों को प्रश्नों को पढ़ने में भी परेशानी हो रही रही थी। कॉलेज के पास पर्याप्त फर्नीचर नहीं है। केंद्र पर अव्यवस्था फैली हुई थी। बोहरे नारायण सिंह आर्य महाविद्यालय, बल्देव में चार कॉलेजों का सेंटर है। इसमें गुलकंदी लालाराम महाविद्यालय, पतलोनी के 573, एसएमडी कॉलेज के 733, एसआर कॉलेज के 789 और श्री फतेह सिंह डिग्री कॉलेज के 75 परीक्षार्थियों का सेंटर है।
डॉ. आलोक कुमार का उड़नदस्ता दूसरी पाली की परीक्षा के दौरान केंद्र पर पहुंचा। बाहरी लोग घुसे हुए थे। उन्होंने बताया कि बोलकर नकल कराई जा रही थी। उड़नदस्ता देखते ही भगदड़ मंच गई। केंद्र व्यवस्थापक संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। उड़नदस्ते की गाड़ी में 500-500 रुपये के नोटों की गड्डी डाल दी। उड़नदस्ता प्रभारी की नाराजगी के बाद नोट गाड़ी से उठाए गए। इसकी जानकारी उड़नदस्ता प्रभारी प्रो. मनोज कुमार श्रीवास्तव को दी गई। उन्होंने मथुरा की जिला प्रशासन व पुलिस से बात की। तीसरी पाली की परीक्षा उड़नदस्ते ने वहीं बैठकर कराई। प्रशासन की टीम भी मौजूद रही।
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विश्वविद्यालय के प्रभारी कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय का कहना है कि क्षमता और संसाधन न होने के बाद भी कॉलेज परीक्षा केंद्र कैसे बना, इसकी जांच कराई जाएगी। उड़नदस्ते की रिपोर्ट के आधार पर कॉलेज के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। तत्काल परीक्षा केंद्र बदलने से परीक्षार्थियों को समस्या होगी, इसलिए ऐसे केंद्रों पर उड़नदस्ते बैठकर परीक्षा कराएंगे। उन्होंने सचल सदस्य के सभी सदस्यों से ईमानदारी व कड़ी मेहनत के लिए बधाई दी है।
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आगरा। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय की मुख्य परीक्षा के लिए ऐसे कॉलेजों को परीक्षा केंद्र बना दिया गया है। जिसमें फर्नीचर तक नहीं है। बोहरे नारायण सिंह आर्य महाविद्यालय, बल्देव मथुरा में 150 परीक्षार्थियों की बैठने की क्षमता है जबकि 2170 का केंद्र बनाया गया है। बुधवार को तीसरी पाली में 560 परीक्षार्थी इस केंद्र पर परीक्षा दे रहे थे। उड़नदस्ते के सदस्य केंद्र में परीक्षार्थियों की दशा देख दंग रह गए। एक बेंच पर तीन-तीन परीक्षार्थी बैैठे थे। तमाम परीक्षार्थियों को लिखने के लिए डेस्क तक नसीब नहीं हुई। पैर पर ओएमआर शीट रखकर परीक्षा दे रहे थे।
विश्वविद्यालय के इंजीनियरिंग संस्थान के शिक्षक डॉ. आलोक कुमार के नेतृत्व में उड़नदस्ता केंद्र पर निरीक्षण करने के लिए पहुंचा था। कक्षों में अंधेरा था, परीक्षार्थियों को प्रश्नों को पढ़ने में भी परेशानी हो रही रही थी। कॉलेज के पास पर्याप्त फर्नीचर नहीं है। केंद्र पर अव्यवस्था फैली हुई थी। बोहरे नारायण सिंह आर्य महाविद्यालय, बल्देव में चार कॉलेजों का सेंटर है। इसमें गुलकंदी लालाराम महाविद्यालय, पतलोनी के 573, एसएमडी कॉलेज के 733, एसआर कॉलेज के 789 और श्री फतेह सिंह डिग्री कॉलेज के 75 परीक्षार्थियों का सेंटर है।
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डॉ. आलोक कुमार का उड़नदस्ता दूसरी पाली की परीक्षा के दौरान केंद्र पर पहुंचा। बाहरी लोग घुसे हुए थे। उन्होंने बताया कि बोलकर नकल कराई जा रही थी। उड़नदस्ता देखते ही भगदड़ मंच गई। केंद्र व्यवस्थापक संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। उड़नदस्ते की गाड़ी में 500-500 रुपये के नोटों की गड्डी डाल दी। उड़नदस्ता प्रभारी की नाराजगी के बाद नोट गाड़ी से उठाए गए। इसकी जानकारी उड़नदस्ता प्रभारी प्रो. मनोज कुमार श्रीवास्तव को दी गई। उन्होंने मथुरा की जिला प्रशासन व पुलिस से बात की। तीसरी पाली की परीक्षा उड़नदस्ते ने वहीं बैठकर कराई। प्रशासन की टीम भी मौजूद रही।
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विश्वविद्यालय के प्रभारी कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय का कहना है कि क्षमता और संसाधन न होने के बाद भी कॉलेज परीक्षा केंद्र कैसे बना, इसकी जांच कराई जाएगी। उड़नदस्ते की रिपोर्ट के आधार पर कॉलेज के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। तत्काल परीक्षा केंद्र बदलने से परीक्षार्थियों को समस्या होगी, इसलिए ऐसे केंद्रों पर उड़नदस्ते बैठकर परीक्षा कराएंगे। उन्होंने सचल सदस्य के सभी सदस्यों से ईमानदारी व कड़ी मेहनत के लिए बधाई दी है।