{"_id":"69c055712833e750f00da409","slug":"police-reached-gold-looters-through-yaksh-app-seven-detained-agra-news-c-25-1-agr1034-1016917-2026-03-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Agra News: सोना लूटने वालों तक यक्ष एप से पहुंची पुलिस, सात हिरासत में","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Agra News: सोना लूटने वालों तक यक्ष एप से पहुंची पुलिस, सात हिरासत में
विज्ञापन
आगरा। बिचपुरी में सराफ से 8 लाख रुपये के जेवरात की लूट में पुलिस को सुराग मिल गए हैं। इसमें पुलिस का यक्ष एप मददगार साबित हुआ है। एक सीसीटीवी फुटेज की मदद से सात संदिग्ध पकड़े गए हैं। वारदात में चार लोग शामिल थे। वह कई दिन से रेकी कर रहे थे। लूटे गए सोने की बरामदगी के प्रयास किए जा रहे हैं। पुलिस सोमवार को घटना का खुलासा कर सकती है।
बिचपुरी से रुनकता वाले मार्ग पर गांव सदरवन के पास 17 मार्च को लूट हुई थी। गांव अटूस निवासी नीरेश बिचपुरी में अपनी दुकान बंद कर रिश्तेदार युवक के साथ बाइक से घर जा रहे थे। रास्ते में पीछा करते हुए आए तीन बदमाशों ने जेवरात से भरा बैग लूट लिया था। पुलिस ने बदमाशों की पहचान के लिए रास्ते में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। इसमें एक बाइक पर तीन बदमाश जाते नजर आए।
इसमें से एक का चेहरा साफ था। उसकी फोटो को यक्ष एप में डाला गया। उसके खिलाफ कुछ प्राथमिकी दर्ज थीं। इस पर पुलिस उसके घर तक पहुंच गई। वह भागा हुआ है। पुलिस ने उसके कई सहयोगियों को शक के आधार पर थाने लाकर पूछताछ की। इसके बाद पुलिस को लूट में सुराग मिल गए। सात संदिग्ध पकड़ लिए गए। उनसे पूछताछ की जा रही है।
विज्ञापन
डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि यक्ष एप में अपराधियों का डाटा फीड किया जा रहा है। इनमें फोटो से लेकर फिंगर प्रिंट तक होते हैं। एआई की मदद से अपराधियों के चेहरों का मिलान कराया जाता है। यक्ष एप की मदद से पुलिस को इस लूटकांड में भी सुराग मिला है।
विज्ञापन
बिचपुरी से रुनकता वाले मार्ग पर गांव सदरवन के पास 17 मार्च को लूट हुई थी। गांव अटूस निवासी नीरेश बिचपुरी में अपनी दुकान बंद कर रिश्तेदार युवक के साथ बाइक से घर जा रहे थे। रास्ते में पीछा करते हुए आए तीन बदमाशों ने जेवरात से भरा बैग लूट लिया था। पुलिस ने बदमाशों की पहचान के लिए रास्ते में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। इसमें एक बाइक पर तीन बदमाश जाते नजर आए।
विज्ञापन
इसमें से एक का चेहरा साफ था। उसकी फोटो को यक्ष एप में डाला गया। उसके खिलाफ कुछ प्राथमिकी दर्ज थीं। इस पर पुलिस उसके घर तक पहुंच गई। वह भागा हुआ है। पुलिस ने उसके कई सहयोगियों को शक के आधार पर थाने लाकर पूछताछ की। इसके बाद पुलिस को लूट में सुराग मिल गए। सात संदिग्ध पकड़ लिए गए। उनसे पूछताछ की जा रही है।
विज्ञापन
डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि यक्ष एप में अपराधियों का डाटा फीड किया जा रहा है। इनमें फोटो से लेकर फिंगर प्रिंट तक होते हैं। एआई की मदद से अपराधियों के चेहरों का मिलान कराया जाता है। यक्ष एप की मदद से पुलिस को इस लूटकांड में भी सुराग मिला है।